उत्तर प्रदेश में कानून-व्यवस्था को पटरी पर लाने की कवायद के तहत आला-अधिकारियों के तबादलों का दौर जारी है। इसी कड़ी में तेजतर्रार आईपीएस अधिकारी विपिन कुमार मिश्र का भी ट्रांसफर बहराइच कर दिया गया।

जानिए पूरा मामला

ये 2008 बैच के आईपीएस अफसर हैं जिन्होंने सन 2014 में पदोन्नति भी प्राप्त किया है। श्री मिश्र जी ने 1990 में सरकारी सेवा जॉइन की थी।

जिनकी शिक्षा से संबंधित जानकारी बताते चले तो इन्होंने स्नातक की शिक्षा राजनीति शास्त्र और इतिहास के साथ पूर्ण करने के बाद कानून की शिक्षा ग्रहण करते हुए स्नातक (एलएलबी) एवं परास्नातक (एलएलएम) की डिग्री प्राप्त किया।

सरकारी से में उत्कृष्ट कार्य करने के कारण इन्हें सिल्वर मेडल भी प्राप्त हो चुका है। इनका जन्म 1965 में उत्तर प्रदेश के कुशीनगर जिले के ब्राह्मण परिवार में हुआ था।

परेशानियों को जल्द से जल्द निपटाने के देते हैं निर्देश

आईपीएस विपिन कुमार मिश्र अपने साथ-साथ अपने महकमें में भी पुलिसकर्मियों की कार्यशैली को दुरुस्त रखने में किसी प्रकार की कोई कसर नहीं छोड़ते हैं। आम लोगों की किसी भी तरह की समस्याओं पर अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई का निर्देश देते हैं। अधिकारी का कहना है कि यह सिलसिला उनके बहराइच में पदस्थापन के बाद से बदस्तूर जारी है।

आम लोगों में पुलिस के प्रति विश्वास को बढ़ाने में मिली कामयाबी

आईपीएस विपिन कुमार मिश्र यूपी पुलिस में नियुक्त एक ऐसे अधिकारी के तौर पर जाने जाते हैं, जिन्होनें कॉम्यूनिटी पुलिसिंग की मदद से जिले के कई इलाकों में आम लोगों में पुलिस के प्रति खोए हुए विश्वास को बढ़ावा देने में कामयाबी हांसिल की है।

महिलाओं की सुरक्षा और उन्हे न्याय दिलाना है प्राथमिकता

उन्होंने बताया कि उनकी प्राथमिकता महिलाओं की सुरक्षा और उन्हें न्याय दिलाना है। वहीं उन्होने कहा कि उनका उद्देश्य अपराधियों में पुलिस का खौफ पैदा करना और जनपद में क्राइम के ग्राफ में कमी लाना होगा। साथ ही उन्होंने कहा वे महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में भी सार्थक प्रयास करेंगीं।


रिपोर्ट - चंदू शर्मा