उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में थानों में रिएलटी चेक करने की खातिर आधी रात एक गुमनाम फरियादी के साथ मोबाइल चोरी की एफआईआर लिखवाने के लिए एडीजी जोन प्रेम प्रकाश सिविल लाइंस थाने पहुंच गए। लेकिन इस दौरान थाने के पुलिसकर्मी एडीजी को नहीं पहचान पाए और एडीजी को भी इस दौरान पुलिसिया रौब का सामना करना पड़ा। जानकारी के मुताबिक देर रात जब एडीजी एक राहगीर के साथ सिविल लाइन्स थाने पहुंचे तो वहां मौजूद पुलिसकर्मियों ने हेकड़ी दिखानी शुरू कर दी। इस दौरान सबसे ज्यादा हैरान कर देने वाली बात ये थी कि थाने के पुलिसकर्मी अपने ही विभाग के अधिकारी को पहचान नहीं पाए। लेकिन जब थाने के पुलिसकर्मियों का हकीकत से सामना हुआ तो उनकी सांस हलक में अटक गई। इस दौरान सभी पुलिसकर्मी माफी के लिए गिड़गिड़ाते नजर आए । हालांकि एडीजी द्वारा सभी को बाद में वार्निंग देकर माफ कर दिया गया। 

रिपोर्ट लिखाने फरियादी के साथ पहुंचे थे एडीजी

गौरतलब है कि एडीजी प्रेम प्रकाश प्रयागराज में पुलिसंग व्यवस्था को चुस्त-दुरूस्त करने की कवायद में जुटे हुए हैं। इसी के तहत वे लगातार थानों और पुलिस कार्यालयों का औचक निरीक्षण कर रिएलटी चेक कर रहे हैं। बता दें कि पिछले दिनों वह रात11.30 बजे के करीब एक राहगीर को लेकर सिविल लाइंस थाने पहुंचे थे। इस दौरान ड्यूटी पर सिविल लाइंस चौकी प्रभारी राजेश कुमार व मुंशी लल्लन के अलावा संतरी ड्यूटी पर तैनात सिपाही व कुछ होमगार्ड थाने पर मौजूद थे। लेकिन इस दौरान कोई भी अपने अफसर को नहीं पहचान सका। और आम फरियादी की तरह एडीजी को भी पुलिसिया रौब झेलना पड़ा। थाने आने की वजह पूछने पर एडीजी के साथ गए राहगीर ने बताया कि उसे मोबाइल चोरी की रिपोर्ट दर्ज करानी है जिसके बाद उससे कहा गया कि प्रार्थनपत्र दे दो।

मोबाइल पर वीडियो बनाने के दौरान पुलिसकर्मियों ने गांठा रौब

बता दें कि जब आम फरियादी प्रार्थनापत्र लिख रहा था उसी दौरान मोबाइल से वीडियो बनाते समय एक सिपाही खाकी का रौब दिखाते हुए बोला कि मोबाइल से वीडियो बनाना बंद कर दो। वहीं जब इस पर एडीजी ने कारण जानना चाहा तो सिपाही ऐंठते हुए बोला कि दरोगा जी से बात करो। बस फिर क्या था न केवल दरोगा बल्कि ड्यूटी पर तैनात मुंशी भी एडीजी पर रौब गांठने लगे और मोबाइल बंद करने के आदेश देने लगे। हद तो तब हो गई जब थाने के पुलिसकर्मियों ने कानूनी कार्रवाई की धमकी तक दे डाली। हालांकि जैसे ही एडीजी ने अपना परिचय दिया तो सभी पुलिसकर्मियों के होश फाख्ता हो गए। और गिड़गिड़ाते नजर आए। लेकिन एडीजी ने भी सभी पुलिसकर्मियों की जमकर क्लास दे डाली। 

एसएसपी ने भी पुलिसकर्मियों की लगाई क्लास

इधर एडीजी के थाने पहुंचने की सूचना मिलते ही एसएसपी सत्यार्थ अनिरुद्ध पंकज और डीएम भानुचंद गोस्वामी भी दौड़े-दौड़े थाने पहुंचे। इस दौरान जब एसएसपी को थाने के पुलिसकर्मियों की करतूत के बारे में पता चला तो उन्होने भी पुलिसकर्मियों को जमकर खरी-खोटी सुनाई। साथ ही चेतावनी भी दी।

फरियादियों से उचित व्यवहार करने की दी हिदायत

वहीं इस मामले पर एडीजी ने बताया कि सिविल लाइंस थाने में आकस्मिक निरीक्षण को पहुंचा था फरियादी के प्रति व्यवहार ठीक होना चाहिए, यही हिदायत ड्यूटी पर तैनात रहे पुलिसकर्मियों को दी गई.


रिपोर्ट- चंदू शर्मा