जब भी कभी मुसीबत आती है तो लोग सबसे पहले पुलिस को याद करते हैं और यूपी पुलिस सदैव लोगों की सेवा में तत्पर रहती है। यही वजह है कि एक बार फिर यूपी 112 ने नया कीर्तिमान कायम किया है। दरअसल, एक साल के सफर में यूपी 112 ने बच्चों, महिलाओं व बुजुर्गों सहित समाज के हर आयु और वर्ग के लोगों के लिए योजनाएं शुरू करते हुए 56.36 लाख लोगों तक सहायता पहुंचाई। 

हर वर्ग का रखा गया ध्यान

जानकारी के मुताबिक, कुछ समय पहले ही यूपी 112 का 1090, 181 व उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम के साथ एकीकरण हुआ। जिसके बाद इन सभी सरकारी एजेंसियों का 112 के माध्यम से मदद का दायरा भी बढ़ गया। अब इस एक नंबर (112) पर कॉल कर के प्रदेश के 24 करोड़ लोग विभिन्न तरह की योजनाओं व सेवाओं का लाभ ले रहे हैं। समाज के हर वर्ग के लोगों को ध्यान में रखते हुए 112 की ओर से कई तरह की सेवाएं शुरू की गईं।

महिलाओं और बुजुर्गों का जीता विश्वास

बता दें कि महिलाओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए प्रदेश भर में 300 महिला पीआरवी संचालित की जा रही है। रात्रि 10 बजे से सुबह 6 बजे तक अकेली महिला को सुरक्षित आवागमन के लिए महिला एस्कॉर्ट की सुविधा शुरू की गई है। इस अभियान से महिलाओं को काफी सुरक्षा मिली है और देर रात काम करने वाली महिलाओं का आत्मविश्वास बढ़ा है।

इसके साथ ही यूपी 112 की सवेरा योजना के तहत प्रदेश भर में 7 लाख बुजुर्गों का पंजीकरण किया गया है। पंजीकृत बुजुर्ग 112 को कॉल कर के कई तरह की सहायता ले रहे हैं। इसी तरह यूपी 112 ने लॉक डाउन के समय 6.57 लाख लोगों तक मानवीय राहत पहुंचाई। इस कार्य में प्रशासन ने 112 का पूरा सहयोग किया। इस सुविधा से बुजुर्गों को काफी लाभ मिल रहा है।