उत्तर प्रदेश के गाजीपुर (Ghazipur) में बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के कार्यकर्ता और बर्तन व्यवसायी मुन्नू प्रसाद (Businessman Munnu Prasad) ने खुदकुशी कर ली है और अपने पीछे एक सुसाइड नोट छोड़ा, जिसमें उन्होंने लिखा कि 2022 विधानसभा चुनावों के लिए बसपा द्वारा टिकट नहीं दिए जाने के कारण वह यह कदम उठा रहा है।

कथित तौर पर सुसाइड नोट में व्यापारी मुन्नू प्रसाद ने आरोप लगाया कि बसपा अध्यक्ष मायावती उन्हें चुनाव लड़ने का टिकट देने के लिए दो करोड़ रुपये की मांग कर रही थीं। चूंकि वह इतनी बड़ी रकम देने की स्थिति में नहीं हैं, इसलिए अपनी जिंदगी खत्म कर रहे हैं।

अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक गोपीनाथ सोनी ने कहा कि वे सुसाइट नोट की सच्चाई पता कर रहे हैं और जांच पूरी होने तक कुछ भी नहीं कहा जा सकता है। इस बीच बसपा के जिला समन्वयक गुड्डू राम ने कहा कि व्यापारी का पार्टी से कोई लेना-देना नहीं है और कथित सुसाइड नोट का उद्देश्य पार्टी को बदनाम करना है।

हालांकि, व्यापारी के पड़ोसियों ने पुलिस को बताया कि वह पार्टी के कार्यक्रमों में शामिल होते थे और उन्होंने दावा किया था कि बसपा अध्यक्ष उन्हें ‘चुनाव में टिकट देंगी’।

रिपोर्ट - संतोष मिश्र