नई दिल्ली । भारत सहित पूरी दुनिया में कोरोना वैक्सीन को लेकर तेजी से काम चल रहा है। उम्मीद है कि अगले साल यानी 2021 तक कोरोना का टीका लोगों को मिल जाएगा। कोरोना वैक्सीन को लेकर केंद्र सरकार ने भी अपनी तैयारी और प्लानिंग मजबूत कर ली है। इन सबके बीच कोविड-19 वैक्सीन और कोरोना की स्थिति को लेकर योग गुरु बाबा रामदेव का एक बड़ा बयान सामने आया है। बाबा ने योग को अपनी लाइफ स्टाइल में शामिल करने की सलाह भी दी है। 
बाबा रामदेव ने कहा कि 135 करोड़ की आबादी वाले इस देश में 2021 में आम लोगों को वैक्सीन मिल पाएगी, इसकी कोई गारंटी नहीं है। ऐसे लोगों के लिए योग बहुत बड़ा सहारा साबित होने वाला है। ऐसे में लोगों की जान योग, आयुर्वेद और जीवन शैली में बदलाव से बचेगी।  दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र भारत में जिस तरह से चुनाव के दौरान पोलिंग बूथ बनते हैं, उसी तरह से वैक्सीन के लिए बूथ बनाने का प्लान है। 
केंद्र सरकार शुरुआत में वैक्सीन पर 18,000 करोड़ रुपए खर्च कर सकती है, कोरोना वैक्सीन के 1 डोज पर 210 रुपए खर्च आने की संभावना है। माना जा रहा है कि पोलिंग बूथ की तरह टीमों का गठन होगा। ब्लॉक लेवल पर रणनीति तैयार की जाएगी। सरकारी और निजी डॉक्टरों को इस अभियान की विशेष जिम्मेदारी दी जाएगी। साथ ही जनभागीदारी के प्रयास के साथ-साथ उन्हें जरूरी प्रशिक्षण दिया जाएगा।
भारत में बड़े स्तर पर टीकाकरण अभियान चलाए जाते हैं यहां दुनिया भर की 60 प्रतिशत वैक्सीन बनती हैं और यहां आधे दर्जन वैक्सीन निर्माता मौजूद हैं, जिनमें दुनिया की सबसे बड़ी वैक्सीन बनाने वाली कंपनी सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया प्राइवेट लिमिटेड शामिल है। इसमें हैरानी की बात नहीं कि भारत सरकार अरबों लोगों तक कोविड-19 की वैक्सीन पहुंचाने की इच्छा रखती है। 
भारत की अगले साल जुलाई तक वैक्सीन की 50 करोड़ डोज़ बनाने और 25 करोड़ लोगों का टीकाकरण करने की योजना है। सूत्रों ने बताया कि सरकार के मिशन वैक्सीन के अनुसार शुरुआत में 30 करोड़ वैक्सीन भारत में लगाने का प्लान है। प्राथमिकता के आधार पर हेल्थ वर्कर्स, फ्रंटलाइन वर्कर्स और सीनियर सिटिजंस को वैक्सीन देने की तैयारी है। पहले चरण में वैक्सीन जिन्हें लगेगी उन्हें एसएमएस के जरिए टीकाकरण की तारीख, समय और जगह बताई जाएगी। मैसेज में टीका देने वाले संस्थान और हेल्थर वर्कर का नाम भी होगा।