डिजिटल डेस्क, पणजी। गोवा के रिबंदर स्थित क्राइम ब्रांच कार्यालय में 16 वर्षीय एक किशोरी के साथ कई मौकों पर यौन उत्पीड़न किए जाने का गंभीर मामला सामने आया है। अधिकारियों के अनुसार, इस घिनौने कृत्य में एक महिला ने आरोपी पुलिस इंस्पेक्टर की मदद की थी।
पुलिस ने आरोपी इंस्पेक्टर विकास डेकर और वारदात में साथ देने वाली रंजिनी पाल्येकर के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) तथा पॉक्सो कानून के तहत मामला दर्ज कर लिया है।
चाइल्ड हेल्पलाइन पर शिकायत के बाद वारदात
पुलिस के मुताबिक, पीड़िता ने शुरुआत में अपनी किसी समस्या को लेकर चाइल्ड हेल्पलाइन सेवा से संपर्क किया था। हेल्पलाइन से इस मामले को आगे की कार्रवाई के लिए इंस्पेक्टर विकास डेकर को सौंपा गया था।
किशोरी का आरोप है कि रिबंदर स्थित क्राइम ब्रांच दफ्तर के अंदर इंस्पेक्टर ने 25 जुलाई और 27 अक्टूबर को उसके साथ यौन उत्पीड़न किया।
इस दौरान आरोपी महिला रंजिनी पाल्येकर ने कथित तौर पर इस अपराध को अंजाम देने में इंस्पेक्टर का सहयोग किया। बाद में पीड़िता ने हिम्मत जुटाकर थाने में औपचारिक शिकायत दर्ज कराई।
ओल्ड गोवा थाने में जांच ट्रांसफर
आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 75 (यौन उत्पीड़न), धारा 127 (बंधक बनाना) और पॉक्सो एक्ट की धारा 10 (गंभीर यौन हमला) व 12 (यौन उत्पीड़न) के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है।
