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E20 पेट्रोल से क्या-क्या खराब हो रहा है? गाड़ियां बनाने वाले मैकेनिक्स से जानिए


देशभर में पेट्रोल में 20 प्रतिशत एथेनॉल मिश्रण यानी E20 पेट्रोल की आपूर्ति तेजी से बढ़ाई जा रही है। सरकार इसे कच्चे तेल के आयात में कमी, किसानों की आय बढ़ाने और प्रदूषण घटाने की दिशा में बड़ा कदम बता रही है। वहीं दूसरी ओर पुराने वाहन मालिकों की चिंताएं भी बढ़ रही हैं। ऑटो वर्कशॉप पर पहुंचने वाले कई ग्राहक माइलेज कम होने, इंजन की परफॉर्मेंस घटने, स्टार्टिंग में दिक्कत, फ्यूल सिस्टम में खराबी और समय से पहले सर्विस की जरूरत पड़ने जैसी शिकायतें लेकर पहुंच रहे हैं। हालांकि, विशेषज्ञों का कहना है कि सभी वाहनों में ऐसी समस्या नहीं आती और इसका सीधा संबंध वाहन की उम्र, तकनीक, रखरखाव और E20 कम्पैटिबिलिटी से है।

 

लखनऊ के ऑटो मैकेनिक शकील अहमद बताते हैं कि पिछले कुछ महीनों में उनकी वर्कशॉप पर 2018 से पहले की बाइक और स्कूटर लेकर आने वाले ग्राहकों की संख्या बढ़ी है। अधिकांश वाहन चालक माइलेज कम होने, सुबह इंजन स्टार्ट होने में दिक्कत, एक्सीलेरेशन कम मिलने और इंजन के रफ चलने की शिकायत कर रहे हैं। शकील का कहना है कि एथेनॉल मिश्रित ईंधन लंबे समय तक टंकी में रहने पर नमी को अपनी ओर खींच सकता है। अगर वाहन कई दिनों तक खड़ा रहे तो फ्यूल सिस्टम पर इसका असर दिखाई देने लगता है। ऐसे मामलों में फ्यूल फिल्टर, स्पार्क प्लग, थ्रॉटल बॉडी और इंजेक्टर की सफाई पहले की तुलना में अधिक करनी पड़ रही है। उनका कहना है कि समय पर सर्विस नहीं कराने वाले वाहनों में यह समस्या ज्यादा देखने को मिल रही है।
 

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फिल्टर, इंजेक्टर और पंप पर बढ़ रहा दबाव

कानपुर के ऑटो मैकेनिक राजेश वर्मा का कहना है कि E20 पेट्रोल आने के बाद पुरानी कारों में फ्यूल फिल्टर जल्दी चोक होने के मामले बढ़े हैं। कई ग्राहकों की गाड़ियों में इंजेक्टर की सफाई सामान्य से पहले करनी पड़ रही है, जबकि कुछ मामलों में फ्यूल लाइन और रबर सील भी बदलनी पड़ी है। राजेश बताते हैं कि पहले जहां कई वाहन 20 से 25 हजार किलोमीटर तक बिना किसी बड़ी दिक्कत के चलते थे, वहीं अब कुछ पुरानी गाड़ियों में 10 से 15 हजार किलोमीटर के भीतर ही फ्यूल सिस्टम की जांच और सफाई की जरूरत पड़ रही है। उनका कहना है कि यदि समय पर सर्विस न कराई जाए तो फ्यूल पंप और इंजेक्टर खराब होने का खतरा बढ़ जाता है, जिससे वाहन मालिक का खर्च भी बढ़ सकता है।

 

फर्रुखाबाद के टू-व्हीलर वर्कशॉप संचालक विनीत झा का कहना है कि E20 पेट्रोल के इस्तेमाल के बाद पुरानी गाड़ियों का औसत (माइलेज) पहले की तुलना में कम हुआ है। इसके कारण वाहन मालिकों को पहले से जल्दी-जल्दी सर्विस करानी पड़ रही है। उन्होंने बताया कि नई गाड़ियों में भी कुछ मामलों में इंजेक्टर में कचरा फंसने की शिकायतें सामने आई हैं। उनके अनुसार पेट्रोल और एथेनॉल के गुण अलग-अलग होने के कारण फ्यूल सिस्टम में जमा अशुद्धियां पंप और इंजेक्टर तक पहुंचकर परेशानी पैदा कर सकती हैं।

 

विनीत झा ने बताया कि हाल ही में बरेली से आई एक रॉयल एनफील्ड बुलेट की पेट्रोल टंकी में एथेनॉल चाशनी जैसी परत बनकर जम गया था। इसके चलते फ्यूल पंप खराब हो गया और इंजेक्टर तक पेट्रोल की सप्लाई बंद हो गई। पूरी टंकी, फ्यूल लाइन और इंजेक्टर की सफाई के बाद ही बाइक दोबारा चल सकी।

 

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टू-व्हीलर चालकों की सबसे बड़ी शिकायत- माइलेज और पिकअप

वर्कशॉप संचालकों के अनुसार सबसे ज्यादा शिकायतें बाइक और स्कूटर मालिकों से मिल रही हैं। कई लोगों का कहना है कि E20 पेट्रोल भराने के बाद माइलेज में कमी आई है, जबकि कुछ वाहन चालकों ने पिकअप कमजोर होने और इंजन के पहले जैसा रिस्पॉन्स नहीं मिलने की बात कही है। हालांकि, यह समस्या हर वाहन में नहीं देखी गई है।


कारों में क्या दिक्कतें आ रही हैं?

मैकेनिकों के अनुसार E20 के लिए तैयार नहीं की गई पुरानी कारों में समय के साथ फ्यूल पाइप, रबर सील, फ्यूल पंप और इंजेक्टर पर असर पड़ सकता है। यदि समय पर सर्विस और जांच नहीं कराई जाए तो मरम्मत का खर्च बढ़ सकता है। वहीं नई E20-रेडी कारों में ऐसी शिकायतें अपेक्षाकृत कम देखने को मिल रही हैं।

 

क्यों घट जाता है माइलेज?

ऑटो विशेषज्ञों के अनुसार, एथेनॉल की ऊर्जा क्षमता सामान्य पेट्रोल की तुलना में कम होती है। इसी वजह से कई वाहनों में 3 से 8 प्रतिशत तक माइलेज कम महसूस हो सकता है। वास्तविक अंतर वाहन की तकनीक, इंजन ट्यूनिंग और ड्राइविंग स्टाइल पर निर्भर करता है।ऑटो विशेषज्ञों का कहना है कि यदि वाहन निर्माता कंपनी ने आपकी कार या बाइक को E20 कम्पैटिबल घोषित किया है तो सामान्य परिस्थितियों में घबराने की जरूरत नहीं है लेकिन पुराने वाहनों में समय-समय पर फ्यूल फिल्टर, इंजेक्टर, फ्यूल लाइन और फ्यूल पंप की जांच कराना जरूरी है। लंबे समय तक वाहन बिना चलाए खड़ा रखने से भी बचना चाहिए।

बच्चों का फोन यूज़ कैसे कंट्रोल करें? जानें आसान और असरदार तरीके


आजकल छोटे बच्चे भी मोबाइल फोन का खूब इस्तेमाल करने लगे हैं। पढ़ाई से लेकर गेम खेलने और वीडियो देखने तक ज्यादातर उनकी नजर मोबाइल स्क्रीन पर ही रहती है। ऐसे में सभी लोगों के मन में बस यही सवाल आता है कि बच्चों को मोबाईल फोन से कैसे दूर करा जाए। बच्चों का फोन इस्तेमाल पूरी तरह बंद करना जरूरी नहीं है बल्कि उसे सही तरीके से कंट्रोल करना ज्यादा जरूरी है। अगर शुरुआत से ही कुछ आसान नियम बनाए जाएं और परिवार भी उनका पालन करे तो बच्चे धीरे-धीरे मोबाइल का इस्तेमाल कम करना सीख जाएंगे।

 

जरूरत से ज्यादा फोन इस्तेमाल करने की वजह से बच्चों की पढ़ाई, नींद और आखों की सेहत पर भी असर पड़ सकता है। अगर आपका बच्चा भी घंटों फोन चलाता है और बार-बार मोबाइल मांगता है तो परेशान होने की जरूरत नहीं है। कुछ आसान आदतें अपनाकर और फोन की सही सेटिंग्स का इस्तेमाल करके आप बच्चों का स्क्रीन टाइम कम कर सकते हैं।

 

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फोन इस्तेमाल करने का समय तय करें

सबसे पहले बच्चे के लिए रोजाना मोबाइल इस्तेमाल करने का एक तय समय बनाएं। जैसे पढ़ाई पूरी होने के बाद 30 मिनट या 1 घंटा ही फोन दें। इससे बच्चे को भी पता रहेगा कि कब फोन इस्तेमाल करना है और कब नहीं।

फोन में पेरेंटल कंट्रोल चालू करें

अगर बच्चा एंड्रॉइड या आई फोन इस्तेमाल करता है तो उसमें मिलने वाले पेरेंटल कंट्रोल फीचर को ऑन करें। इससे आप यह तय कर सकते हैं कि बच्चा कौन-से ऐप इस्तेमाल करेगा, कितना समय फोन चलाएगा और कौन-सा कंटेंट देख पाएगा।

 

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खाने और सोने के समय फोन न दें

खाना खाते समय या सोने से पहले बच्चों को मोबाइल देने से बचें। इससे उनकी नींद खराब हो सकती है और फोन की आदत भी बढ़ सकती है। कोशिश करें कि सोने से कम से कम एक घंटा पहले फोन बंद करवा दें।

खुद भी फोन कम इस्तेमाल करें

बच्चे वही सीखते हैं जो घर में देखते हैं। अगर माता-पिता हर समय फोन में लगे रहेंगे तो बच्चे भी वैसा ही करेंगे। इसलिए बच्चों के सामने खुद भी मोबाइल का इस्तेमाल कम करें।

फोन की जगह दूसरी एक्टिविटी कराएं

बच्चों को आउटडोर गेम, किताबें पढ़ने, ड्राइंग, पेंटिंग, पहेलियां या परिवार के साथ समय बिताने जैसी गतिविधियों में शामिल करें। इससे उनका ध्यान मोबाइल से हटेगा।

बच्चों से बात करें

बच्चे का फोन अचानक छीनने के बजाय उसे प्यार से समझाएं कि ज्यादा मोबाइल चलाने से क्या नुकसान हो सकते हैं। जब बच्चा वजह समझेगा तो नियम मानने की संभावना भी बढ़ेगी।

जरूरत पड़ने पर फैमिली या स्क्रीन टाइम फीचर का इस्तेमाल करें

एंड्रॉइड में गूगल फैमिली और आईफोन में स्क्रीन टाइम जैसे फीचर उपलब्ध हैं। इनकी मदद से आप ऐप की समय सीमा तय कर सकते हैं, नए ऐप डाउनलोड करने की अनुमति नियंत्रित कर सकते हैं और बच्चे की स्क्रीन टाइम रिपोर्ट भी देख सकते हैं।

 

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कौन-से ऐप्स बच्चों के लिए सुरक्षित हैं?

  • गूगल फैमिली लिंक (Google Family Link)
  • यू-ट्यूब किड्स (YouTube Kids)
  • किड्स मोड (Kids Mode)
  • एप्पल स्क्रीन टाइम (Apple Screen Time)

ज्यादा मोबाइल चलाने से क्या नुकसान हो सकते हैं?

  • आंखों पर असर पड़ सकता है।
  • नींद खराब हो सकती है।
  • पढ़ाई में ध्यान कम लग सकता है।
  • शारीरिक गतिविधियां कम हो सकती हैं।
  • चिड़चिड़ापन बढ़ सकता है।

किन लोगों को मिलेगा लक्ष्मी मां का आशीर्वाद और होगा आर्थिक लाभ?


आज के दिन कुछ लोगों पर माता लक्ष्मी की विशेष कृपा रहेगी। साथ ही लोगों पर शुक्र देव का प्रभाव भी पड़ेगा। हिंदू पंचांग के मुताबिक आज आषाढ़ महीने के शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि है। आज का मूलांक 8 है, जो शनि देव के प्रभाव को दर्शाता है। इससे कर्म, न्याय और भौतिक सुखों के बीच एक सुंदर संतुलन देखने को मिलेगा। चंद्रमा आज सिंह राशि में विराजमान रहेंगे, जिससे सिंह राशि के लोगों में लीडरशिप क्वालिटी उभरकर सामने आएगी। सूर्य और बुध मिथुन राशि में रहेंगे, जिससे बुधादित्य योग बनेगा। इसके अलावा शुक्र ग्रह कर्क राशि में होंगे। आज का दिन बौद्धिक और आर्थिक रूप से बेहद फलदायी रहेगा।


आज की ऊर्जा हमें अनुशासन के साथ अपने लक्ष्यों को पूरा करने की प्रेरणा देती है। जहां एक ओर मूलांक 8 का प्रभाव हमें कड़ी मेहनत करने के लिए प्रेरित करेगा, वहीं दूसरी तरफ शुक्रवार होने की वजह से प्रेम, सौंदर्य और भौतिक सुख-सुविधाओं की ओर लोगों का झुकाव बढ़ेगा। आज का दिन निवेश, नए व्यापार और पारिवारिक संबंधों को मजबूत करने के लिए शानदार है। हालांकि लोगों को अपने ऊपर संयम रखने की जरूरत है। आइए जानते हैं मेष से लेकर मीन राशि तक सभी राशियों के लिए आज का दिन कैसा रहने वाला है।

 

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राशिफल


मेष


ऑफिस में आज आपको ज्यादा काम करना होगा, जिसमें सहकर्मियों का पूरा सहयोग मिलेगा। आज धन लाभ के अच्छे योग हैं, लेकिन फिजूलखर्ची करने से बचना होगा। जीवनसाथी के साथ रिश्ते बेहतर होंगे। शाम को परिवार के साथ अच्छा समय बीतेगा।
आज क्या करें: माता लक्ष्मी को लाल गुलाब अर्पित करें।
आज क्या न करें: नए काम में जल्दबाजी में धन निवेश करने से बचें।


वृषभ


व्यापार में नए सौदे मिल सकते हैं। नौकरीपेशा लोगों को प्रमोशन या नई जिम्मेदारी मिल सकती है। पैतृक संपत्ति से लाभ होने के संकेत हैं। आर्थिक स्थिति मजबूत रहेगी। प्रेम जीवन में रोमांस बढ़ेगा।
आज क्या करें: किसी कन्या को सफेद मिठाई खिलाएं।
आज क्या न करें: आज किसी से उधार लेने और देने से बचें।


मिथुन


लेखन, कला और क्रिएटिव काम करने वाले लोगों का आज का दिन बेहद शानदार रहेगा। पुराने कर्ज को चुकाने में धन खर्च हो सकता है। परिवार में भाई-बहनों से बहस हो सकती है। शांत रहकर बातचीत से मामला सुलझाएं।
आज क्या करें: पक्षियों के लिए पीने के पानी की व्यवस्था करें।
आज क्या न करें: किसी भी व्यक्ति की बुराई न करें।

 

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कर्क


नौकरी बदलने के सकारात्मक योग बन रहे हैं। कारोबारी यात्राएं सफल और लाभदायक रहेंगी। भौतिक सुख-साधनों और विलासिता की वस्तुओं पर धन खर्च होगा। जीवनसाथी की सलाह आज आपके बहुत काम आएगी।
आज क्या करें: शिवलिंग पर दूध और जल का अभिषेक करें।
आज क्या न करें: आज गुस्से में आकर कोई भी पारिवारिक फैसला न लें।


सिंह


चंद्रमा आपकी ही राशि में रहेंगे, जिससे आपका प्रभाव बढ़ेगा। आज अटके हुए सरकारी काम पूरे होंगे। आर्थिक रूप से आज का दिन बेहद मुनाफे वाला रहेगा। दोस्तों के साथ घूमने का प्लान बन सकता है।
आज क्या करें: सूर्य देव को तांबे के लोटे से जल अर्पित करें।
आज क्या न करें:  अहंकार को अपने रिश्तों के बीच न आने दें।


कन्या


ऑफिस में काम का दबाव अधिक रहेगा। दुश्मनों और विरोधियों से सावधान रहने की जरूरत है। आज लेन-देन के मामलों में सावधानी बरतें। परिवार के किसी सदस्य की सेहत को लेकर चिंता रह सकती है। पार्टनर को समय दें।
आज क्या करें: जरूरतमंदों में हरी मूंग की दाल का दान करें।
आज क्या न करें: आज किसी भी तरह के कानूनी पचड़े में न पड़ें।

 

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तुला


नौकरीपेशा लोगों को बड़ी उपलब्धि हासिल हो सकती है। फंसा हुआ पैसा वापस मिलेगा, जिससे आर्थिक स्थिति मजबूत होगी। जीवनसाथी के साथ तालमेल बना रहेगा। आपकी सेहत बिल्कुल दुरुस्त रहेगी।
आज क्या करें: छोटी कन्याओं का आशीर्वाद लें।

आज क्या न करें: ज्यादा आत्मविश्वास में आकर किसी का अनादर न करें।


वृश्चिक


मेहनत का पूरा फल मिलेगा। बॉस आपके काम की तारीफ करेंगे। नया स्टार्टअप शुरू करने के लिए समय अच्छा है। अचानक धन लाभ के योग हैं, लेकिन सुख-सुविधाओं पर खर्च भी बढ़ सकता है। घर में शांति रहेगी।
आज क्या करें: हनुमान जी को सिंदूर चढ़ाएं।
आज क्या न करें: आलस और टालमटोल की आदत से बचें।


धनु


भाग्य का पूरा साथ मिलेगा। धार्मिक या सामाजिक कामों में रुचि बढ़ेगी। आर्थिक स्थिति सामान्य से बेहतर रहेगी। परिवार के साथ किसी धार्मिक यात्रा पर जाने का योग बन रहा है। घर का माहौल खुशनुमा रहेगा।
आज क्या करें: माथे पर केसर या हल्दी का तिलक लगाएं।
आज क्या न करें: अपने गुरु या बड़ों के विचारों का अनादर न करें।

 

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मकर


ऑफिस में थोड़ी चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है। सहकर्मियों के साथ तालमेल बिठाने में दिक्कत आ सकती है। आज का दिन बजट बनाकर चलने का है। अचानक बड़े खर्च सामने आ सकते हैं।
आज क्या करें: शनि मंदिर में सरसों के तेल का दीपक जलाएं।
आज क्या न करें: गाड़ी चलाते समय लापरवाही बिल्कुल न बरतें।


कुंभ


बिजनेस में बड़ा मुनाफा होने की उम्मीद है। नए लोगों से संपर्क व्यापार को नई दिशा देगा। आज आपकी सैलरी बढ़ सकती है। जीवनसाथी के साथ चल रहा मनमुटाव खत्म होगा और आपसी प्रेम गहरा होगा।
आज क्या करें: गरीबों को अन्न दान करें।
आज क्या न करें:  किसी पर भरोसा न करें।


मीन


नौकरी में आपके काम की सराहना होगी, लेकिन काम का बोझ थोड़ा अधिक रह सकता है। संयम से काम लें। रुका हुआ पैसा मिलने की उम्मीद है, लेकिन लेन-देन के मामलों में लिखित दस्तावेज जरूर रखें।
आज क्या करें: केले के पेड़ की पूजा करें।
आज क्या न करें: आज अपनी योजनाएं किसी को न बताएं।

 

नोट: यह राशिफल ज्योतिषीय मान्यताओं और गणनाओं पर आधारित है। इसकी पुष्टि हम नहीं करते हैं।

इराक से पाकिस्तान बॉर्डर तक, अमेरिका ने ईरान में की भीषण बमबारी


अमेरिका और ईरान के बीच जंग अन्य क्षेत्रों तक फैलने लगी है। दक्षिणी ईरान में अमेरिकी सेना ने इराक से पाकिस्तान सीमा तक फैले ईरानी क्षेत्र में भीषण बमबारी की। ईरानी अधिकारियों के मुताबिक अमेरिका हमलों में 35 से ज्यादा लोगों की जान गई और 300 से अधिक लोग घायल हुए है। 

 

गुरुवार तड़के अमेरिका सेना ने अपने हमलों का विस्तार किया और राजधानी तेहरान के आसपास सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया। जवाब में आईआरजीसी ने अमेरिका के सहोयीगी खाड़ी देशों पर बैलेस्टिक मिसाइल और ड्रोन से हमला किया।

 

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अमेरिका ने कहां-कहां पर किया हमला?

ईरान ने आखिरी तक प्रतिरोध दिखाने की कसम खाई। अमेरिकी सेना ने हमदान, होर्मोजगान, खुजेस्तान, लोरेस्तान, मरकजी, सिस्तान और बलूचिस्तान प्रांतों पर भीषण बमबारी की। ईरान के बैलेस्टिक मिसाइल और अंतरिक्ष कार्यक्रम के गढ़ उत्तरी सेमनान प्रांत में भी हमलों की खबर है। 

 

बुधवार की रात फारस की खाड़ी पर स्थित चाबहार शहर में भी बमबारी हुई। अमेरिकी सेना ने ईरान की नाकेबंदी भी शुरू कर दी है। इस बीच खार्ग द्वीप जाने वाले एक तेल टैंकर भी मिसाइल से हमला किया गया। अमेरिका सेना का कहना है कि कई चेतावनियों को नजरअंदाज करने के बाद जहाज पर अटैक किया गया है। ईरान के सबसे बड़े बंदरगाह शहर बंदर अब्बास में आईआरजीसी और उसकी नौसेना सुविधाओं को भी निशाना बनाया गया है।

होर्मुज हमारी लक्ष्मण रेखा: ईरानी सेना

ईरान की सेना ने स्पष्ट कर दिया है कि वह किसी भी हाल में स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में अमेरिका का नियंत्रण स्थापित नहीं होने देगी। बयान में कहा, ‘हम किसी भी परिस्थिति में अमेरिका को होर्मुज जलडमरूमध्य में दखल देने की अनुमति नहीं देंगे। यह ईरान की अभेद्य लक्ष्मण रेखा है।’ 

 

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खाड़ी देशों को ईरान की धमकी

ईरान हर अमेरिकी हमले का जवाब खाड़ी देशों पर पलटवार करके दे रहा है। गुरुवार तड़के ईरान ने कुवैत, जॉर्डन और बहरीन पर ड्रोन और मिसाइल से हमला किया। धमकी भी दी कि हमलों की संख्या बढ़ भी सकती है। एक बयान में ईरान की सेना ने कहा, ‘हमारे पड़ोसियों को यह पता होना चाहिए कि अमेरिकियों को अड्डा मुहैया कराना और उन्हें ईरानी धरती पर गोलीबारी करने की अनुमति देना अस्वीकार्य है और इसका जवाब जरूर दिया जाएगा।’

 

ईरानी सेना के खातम अल-अनबिया केंद्रीय मुख्यालय के ब्रिगेडियर जनरल मोहम्मद अकरमिनिया ने धमकी दी कि अगर ट्रंप ने ईरानी बुनियादी ढांचे पर हमला किया तो इस क्षेत्र का सारा बुनियादी ढांचा ईरान के शक्तिशाली सशस्त्र बलों के कठोर हमलों से तबाह हो जाएगा।

100 से ज्यादा वैज्ञानिकों ने छोड़ा ISRO, सरकार ने सख्त किए इस्तीफे के नियम


भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) के गगनयान और दूसरे अहम मिशन से जुड़े  100 से अधिक वैज्ञानिकों ने पिछले एक साल में इस्तीफा दे दिया है। नतीजा यह हुआ कि इसरो के डिपार्टमेंट ऑफ स्पेस को स्वैच्छिक रिटायरमेंट और इस्तीफा से जुड़े नियमों को सख्त करना पड़ा है। अब इस्तीफा और स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति के मामले में मुख्यालय से अनुमति लेनी होगी। इसरो के चेयरमैन वी. नारायणन ने भी लोगों के जाने की बात मानी है। उन्होंने कहा कि, ‘बहुत से लोग जाते हैं, लेकिन यह हर संगठन का हिस्सा है।

 

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक 14 जुलाई को जारी इंटरनल मेमोरैंडम में केंद्र सरकार ने इसरो केंद्रों को निर्देश दिया है कि वे गगनयान और अन्य प्रमुख मिशनों से जुड़े ग्रुप ‘A’ के ​​वैज्ञानिक और तकनीकी कर्मियों से इस्तीफे या स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति के अनुरोध को स्वीकार न करें। इस्तीफा और सेवानिवृत्ति के सभी अनुरोध अब अंतरिक्ष विभाग को भेजे जाएंगे। दस्तावेज में कहा गया कि हाल ही में लोगों के छोड़ने की बढ़ती संख्या ने राष्ट्रीय महत्व के प्रोजेक्ट्स पर बुरा असर डाला है।

 

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यूनिट प्रमुखों से अधिकार लिया वापस

25 नवंबर 2020 को सरकार ने इसरो सेंटर के डायरेक्टर और यूनिट के प्रमुखों को ग्रुप ए के साइंटिफिक और टेक्निकल स्टाफ के स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति और इस्तीफे के अनुरोध स्वीकार करने का अधिकार भी वापस ले लिया है। माना जा रहा है कि सरकार ने यह कदम इस वजह से उठाया है ताकि राष्ट्रीय हित के मिशनों पर कोई असर न पड़े।

कितने लोगों ने छोड़ी नौकरी

उधर, डिपार्टमेंट ऑफ स्पेस ने इस्तीफा देने वाले कर्मचारियों की संख्या का खुलासा नहीं किया है, लेकिन टाइम्स ऑफ इंडिया ने सूत्रों के हवाले से बताया कि पिछले साल 100 से 120 लोगों ने इस्तीफा दिया है। रिपोर्ट में बताया गया कि यूआर राव सैटेलाइट सेंटर के 80 कर्मचारियों और विक्रम साराभाई स्पेस सेंटर के 20 वैज्ञानिकों ने नौकरी छोड़ी है। 

 

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केंद्रीय मंत्री ने क्या कहा?

इसरो छोड़ने वाले वैज्ञानिकों से जुड़े सवाल पर केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने कहा कि इसरो में बहुत बड़ी संख्या में कर्मचारी हैं। जैसे-जैसे लोग छोड़ते हैं, वैसे-वैसे कई लोग जुड़ते भी हैं। कई लोग गए हैं तो कई लोग आए भी हैं।

लंबे समय तक टिकेगी लिपस्टिक, लगाते समय इन बातों का रखें ध्यान


लिपस्टिक एक ऐसा प्रोडक्ट है जो आपकी खूबसूरती में चार चांद लगा देता है। चाहे आप ऑफिस जा रही हो, किसी पार्टी में या फिर दोस्तों के साथ लंच पर। कहीं पर भी जाने से पहले लड़कियां लिपस्टिक लगाना नहीं भूलती हैं। हर लड़की अपने हिसाब से शेड चुनती है। कई बार लिपस्टिक को ठीक तरीके से नहीं लगाया जाए तो फैल जाती है, जिस वजह से आपका लुक खराब हो सकता है।

 

मार्केट में अलग-अलग तरह की कई लिपस्टिक आती हैं। इन सभी को लगाना एक तरीका होता है। अगर आप लिपस्टिक को सही तरीके से लगाते हैं तो होंठ ड्राई नहीं होंगे और लिपस्टिक भी लंबे समय तक चलेगी। आइए लिपस्टिक लगाने का सही तरीका जानते हैं।

 

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लिपस्टिक लगाने का सही तरीका क्या है?

होंठ को हाइड्रेट करें

 

लिपस्टिक लगाने से पहले होंठ का ध्यान रखना बहुत जरूरी है। होंठों को फटने से बचाने के लिए हफ्ते में एक या दो बार लिप स्क्रब करें, इससे डेड स्किन सेल्स हट जाती है। लिप्स को एक्सफोलिएट करने के बाद होंठों पर मॉश्चराइजर लगाएं। लिप बॉम लगाने के तुरंत बाद लिपस्टिक न लगाएं। पहले लिप बॉम को अच्छे से एब्जॉर्ब होने दें। 

 

लिप प्राइमर लगाएं

 

लिप प्राइमर लगाने से लिपस्टिक फैलती नहीं है। यह आपके लिप्स और लिपस्टिके के बीच में बैरियर की तरह काम करता है। इसे लगाने से लिपस्टिक लंबे समय तक टिकी रहती है। अगर आपके लिप प्राइमर नहीं है तो थोड़ा सा फाउंडेशन या कंसीलर होंठ पर लगाएं। आप ट्रांसलूसेंट पाउडर के साथ सेट करके बेस तैयार कर लें।

 

लिप लाइनर लगाएं

 

लिप लाइनर आपके लिप्स को ऊभारता है। अपनी लिपस्टिक से मैच करता या फिर नेचुरल लिप कलर का इस्तेमाल करें। अपने होंठों के कोनों से अच्छे से आउटलाइन करें। आप लिपस्टिक लगाने से पहले लिप लाइन लगाएं। ये आपके होंठ पर बेस लेयर तैयार करेगा और लिपस्टिक को जल्दी हटने नहीं देगा।

 

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सही लिपस्टिक चुनें

 

सभी लिपस्टिक एक जैसा काम नहीं करती है। क्रीमी और ग्लोसी लिपस्टिक कॉर्नर से जल्दी हटने लगती है जबकि मेट और लंबे समय तक टिकने वाली लिपस्टिक ज्यादा टिकती है। अगर आपको ग्लॉसी लुक चाहिए तो होंठ पर पहले मेट लिपस्टिक लगाएं, उसके ऊपर से ग्लॉस को सिर्फ बीच के हिस्से में लगाएं, बाहरी किनारे पर नहीं लगाना है।

 

लिपस्टिक को 2 कोट में लगाएं

 

लिपस्टिक को सीधा न लगाएं। आप इसके लिए लिप ब्रश का इस्तेमाल करें। एक बार पतली लेयर लगाए और हल्का टिशू पेपर से डैब कर लें ताकि ऐक्स्ट्रा लिपस्टिक निकल जाए। इसके बाद फिर दूसरा कोट लगाए। ऐसा करने से लिपस्टिक लंबे समय तक टिकी रहती है।

गुप्त नवरात्रि के दिन किन लोगों पर होगी मां दुर्गा की कृपा?


15 जुलाई ग्रह-नक्षत्रों के विशेष संयोग के साथ हमारे जीवन में नई ऊर्जा लेकर आ रहा है। पंचांग के अनुसार, आज आषाढ़ मास के शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि है। इस दिन का मूलांक 6 बनता है, जिसका स्वामी शुक्र ग्रह है। शुक्र का यह प्रभाव आज के दिन को कला, सौंदर्य, प्रेम और भौतिक सुख-सुविधाओं के आकर्षण से भरपूर बनाएगा। अंतरिक्ष में ग्रहों की स्थिति को देखें तो चंद्रमा आज कर्क राशि में प्रवेश करेंगे, जिससे मानसिक संवेदनशीलता और पारिवारिक जुड़ाव बढ़ेगा।


आज का दिन सभी 12 राशियों के लिए मिले-जुले परिणाम लेकर आ रहा है। एक तरफ जहां व्यापार और आर्थिक मामलों में शुक्र और बुध की कृपा से नए अवसर मिलेंगे, वहीं दूसरी तरफ कर्क राशि के चंद्रमा के कारण भावनाओं पर नियंत्रण रखना आज की सबसे बड़ी चुनौती होगी। आज की ऊर्जा हमें व्यावहारिक फैसलों के साथ-साथ अपनों की भावनाओं का सम्मान करने की सीख देती है। आइए जानते हैं कि आज का दिन मेष से लेकर मीन राशि तक के जातकों के लिए करियर, धन, प्रेम और स्वास्थ्य के लिहाज से कैसा रहने वाला है।

 

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राशिफल


मेष राशि


दफ्तर में नई जिम्मेदारियां मिल सकती हैं। सहकर्मियों का सहयोग मिलेगा। आज धन का निवेश करने से बचना समझदारी होगी। जीवनसाथी के साथ तालमेल अच्छा रहेगा। घर में सुख-शांति का माहौल रहेगा।
आज क्या करें: पक्षियों को दाना डालें।
आज क्या न करें: किसी भी काम में जल्दबाजी करने से बचें।


वृषभ राशि


व्यापार में मुनाफे के प्रबल योग हैं। नौकरीपेशा लोगों को उच्च अधिकारियों की सराहना मिलेगी। आर्थिक पक्ष मजबूत रहेगा। रुका हुआ धन वापस मिल सकता है। परिवार के साथ किसी मनोरंजक यात्रा पर जा सकते हैं।
आज क्या करें: माता-पिता के आशीर्वाद लेकर दिन की शुरुआत करें।
आज क्या न करें: आज किसी को उधार देने से बचें।


मिथुन राशि


नई योजनाओं पर काम शुरू कर सकते हैं। आमदनी बढ़ाने के नए स्रोत बनेंगे, लेकिन खर्चों पर नियंत्रण रखना जरूरी होगा। जुबान पर नियंत्रण रखें, वरना परिवार में मतभेद हो सकता है। आज आपको आंखों और पेट से जुड़ी छोटी-मोटी परेशानियां हो सकती हैं।
आज क्या करें: भगवान गणेश की पूजा करें।
आज क्या न करें: आज किसी के साथ वाद-विवाद में न उलझें।

 

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कर्क राशि


नौकरी में बदलाव के विचार आ सकते हैं। व्यापार में नए ग्राहकों से जुड़ने का मौका मिलेगा। सुख-सुविधा की वस्तुओं पर खर्च होगा, जिससे बजट थोड़ा प्रभावित हो सकता है। चंद्रमा के आपकी राशि में होने से भावुकता बढ़ेगी।
आज क्या करें: शिवलिंग पर जल अर्पित करें।
आज क्या न करें: नकारात्मक विचारों को अपने ऊपर हावी न होने दें।


सिंह राशि


ऑफिस में काम का दबाव अधिक रहेगा। दुश्मनों से सावधान रहने की आवश्यकता है। धन हानि के संकेत हैं, इसलिए सोच-समझकर ही कोई वित्तीय निर्णय लें। जीवनसाथी के साथ किसी बात पर अनबन हो सकती है। धैर्य से काम लें।
आज क्या करें: सूर्य देव को अर्घ्य दें।
आज क्या न करें: बिना सोचे-समझे किसी दस्तावेज पर साइन न करें।


कन्या राशि


करियर में बड़ी सफलता मिलने के योग हैं। व्यापार में कोई बड़ी डील फाइनल हो सकती है। अचानक धन लाभ होने से आर्थिक स्थिति बेहद मजबूत होगी। दोस्तों और भाइयों के सहयोग से कोई बड़ा काम पूरा होगा।
आज क्या करें: हरी वस्तुओं का दान करें।
आज क्या न करें: आज अपने अहंकार को रिश्तों के बीच न आने दें।

 

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तुला राशि


ऑफिस में आपके काम की तारीफ होगी। धन लाभ के अच्छे अवसर मिलेंगे। सुख-साधनों में वृद्धि होगी। पारिवारिक जीवन में खुशहाली रहेगी। जीवनसाथी से कोई खूबसूरत उपहार मिल सकता है।
आज क्या करें: मंदिर में कपूर जलाएं या सफेद मिठाई का भोग लगाएं।
आज क्या न करें: किसी भी काम को कल पर न टालें।


वृश्चिक राशि


भाग्य का साथ मिलेगा। अटके हुए सरकारी काम आज पूरे हो सकते हैं। धन निवेश के लिए दिन अच्छा है। भविष्य में बेहतर रिटर्न मिलने की उम्मीद है। धार्मिक कार्यों में परिवार के साथ शामिल होने का अवसर मिलेगा।
आज क्या करें: हनुमान चालीसा का पाठ करें।
आज क्या न करें: आज अनजान लोगों पर आंख मूंदकर भरोसा न करें।


धनु राशि


ऑफिस में कुछ रुकावटें आ सकती हैं। विरोधियों से थोड़ा सतर्क रहें। अनावश्यक खर्च बढ़ सकते हैं। बजट बनाकर चलना ही आज समझदारी होगी। परिवार के सदस्यों के साथ बातचीत करते समय संयम रखें।
आज क्या करें: माथे पर चंदन का तिलक लगाएं।
आज क्या न करें: आज जोखिम भरे कार्यों से पूरी तरह दूर रहें।

 

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मकर राशि


बिजनेस करने वाले लोगों को आज धन लाभ हो सकता है। नौकरी में प्रमोशन के संकेत हैं। आर्थिक स्थिति स्थिर रहेगी। लव लाइफ में खुशहाली बनी रहेगी। अविवाहितों के लिए विवाह के प्रस्ताव आ सकते हैं।
आज क्या करें: शनि चालीसा का पाठ करें।
आज क्या न करें: किसी भी व्यक्ति के प्रति मन में द्वेष न रखें।


कुंभ राशि


आज मेहनत का फल मिलेगा। नौकरीपेशा जातकों को नई जिम्मेदारियां मिल सकती हैं। धन का लेन-देन करते समय सावधानी रखें। जीवनसाथी का हर मोड़ पर सहयोग मिलेगा, जिससे आपका हौसला बढ़ेगा।
आज क्या करें: सुबह उठकर ताजी हवा में वॉक करें।
आज क्या न करें: कर्ज लेने या देने से आज सख्त परहेज करें।


मीन राशि


विद्यार्थियों और कला जगत से जुड़े लोगों के लिए दिन शानदार है। नौकरी में प्रतिभा दिखाने का अवसर मिलेगा। रुका हुआ पैसा मिलने से राहत मिलेगी। आर्थिक नीतियां सफल होंगी। प्रेम जीवन में रोमांस बढ़ेगा।
आज क्या करें: भगवान विष्णु की पूजा करें।
आज क्या न करें: अपनी योजनाओं को किसी के न बताएं।


नोट: यह राशिफल ज्योतिषीय मान्यताओं और गणनाओं पर आधारित है। इसकी पुष्टि हम नहीं करते हैं।

हूती और सऊदी अरब के बीच नई झड़प की वजह क्या, पाकिस्तान कैसे फंस गया?


अमेरिका और ईरान में जारी जंग के बीच एक और युद्ध का खतरा मध्य-पूर्व में गहराने लगा है। कई वर्षों बाद सऊदी अरब और हूती विद्रोही आमने-सामने आ चुके हैं। यमन के सना एयरपोर्ट पर हमले के बाद हूती विद्रोहियों ने सऊदी अरब की घेरेबंदी की धमकी दी है। अगर तनाव बढ़ा तो इसका असर मध्य-पूर्व के दूसरे छोर बाब अल-मंडेब तक देखने को मिल सकता है। 

 

चार साल पहले 2022 में सऊदी अरब और हूती विद्रोहियों ने युद्धविराम का ऐलान किया था। हालांकि सना पर हमले के बाद हूती विद्रोहियों का दावा है कि यह समझौता टूट चुका है। आइये समझते हैं कि सऊदी अरब और हूती विद्रोहियों के बीच ताजा झड़प की वजह क्या है, क्या अब सऊदी अरब जंग में तटस्थ रहने की जगह अमेरिका की तरफ झुक रहा है?

 

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कहां से शुरू हुआ मौजूदा तनाव?

मौजूदा तनाव की शुरुआत 3 जुलाई को हुई। एक ईरानी जहाज यमन की राजधानी सना में उतरा, लेकिन हूती विद्रोहियों ने आरोप लगाया कि सऊदी अरब की वायुसेना ने ईरानी जहाज को उतरने से रोकने का प्रयास किया। यह एक दशक में पहली बार था जब कोई ईरानी जहाज सना तक पहुंचा। इसी जहाज में सवार होकर हूती का प्रतिनिधिमंडल तेहरान पहुंचा। जहां दिवंगत सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई के सुपुर्द-ए-खाक रस्म में हिस्सा लिया। 13 जुलाई को यही प्रतिनिधिमंडल ईरान के विमान से वापस लौटा तो बवाल मच गया।

ईरानी विमान को क्यों नहीं उतरने दिया गया?

सऊदी अरब और यमन की सरकार नहीं चाहते हैं कि सना में ईरान के जहाज उतरे। उनका आरोप है कि इन फ्लाइट की आड़ में ईरान हूती विद्रोहियों को हथियारों की खेप भेज रहा है। संयुक्त राष्ट्र में यमन के राजदूत अब्दुल्ला अल-सादी ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में इन्हीं आरोपों को दोहराया। उनका कहना है कि राजधानी सना में उतरने का प्रयास कर रहा विमान ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर से संबंधित था। उसमें कर्मचारी, सैन्य और दोहरे उपयोग वाले उपकरण थे। 

 

13 जुलाई को ईरान के महान एयर का एक विमान सना एयरपोर्ट पर उतरने वाला था। ऐन वक्त में सना एयरपोर्ट के रनवे पर बमबारी हो गई। विमान को आनन-फानन अपना रास्ता बदलना पड़ा। बाद में यह विमान लाल सागर तट पर स्थित होदेइदाह एयरपोर्ट पर उतारा गया। यमन की अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त सरकार ने सना एयरपोर्ट पर हमले की जिम्मेदारी ली। उसने कहा कि यह कदम ईरानी विमान को सना में उतरने से रोकने की खातिर उठाया गया था।

तो सऊदी अरब को सजा जरूर मिलेगी!

हूती विद्रोहियों ने सना एयरपोर्ट हमले का दोषी सऊदी अरब को ठहराया। जवाब में दक्षिणी सऊदी अरब के आभा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर बैलेस्टिक मिसाइलों से हमला किया। सऊदी अरब ने इन हमलों को रोकने का दावा किया। बाद में हूती विद्रोहियों ने सऊदी अरब की घेरेबंदी का ऐलान किया। आभा एयरपोर्ट हमले के बाद भी हूती के राजनीतिक ब्यूरो के सदस्य मोहम्मद अल-बुखैती ने कहा कि हम मानते हैं कि इन हमलों को सऊदी अरब से अंजाम दिया गया। इसकी सजा जरूर मिलेगी। उनसे इस बयान से साफ है कि आने वाले दिनों में सऊदी अरब और हूती विद्रोहियों के बीच संकट और गहराने वाला है।  

हूती विद्रोहियों ने खींच दी लाल लकीर

हूती विद्रोहियों ने कहा कि सना से तेहरान के बीच उड़ानें जारी रहेंगी। अगर सऊदी अरब बाधा बना तो उसके एयरपोर्ट को ठप्प करने से भी नहीं हिचकेंगे। खतरा यह भी है कि हूती विद्रोही लाल सागर के प्रवेश द्वार बाब अल-मंडेब को बंद कर सकते हैं। अगर ऐसा करेंगे तो सऊदी अरब को बड़ा झटका लगेगा, क्योंकि स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के बंद होने से सऊदी अरब बड़ी मात्रा में कच्चे तेल का निर्यात लाल सागर पर स्थित अपने यानबू बंदरगाह से कर रहा है। गाजा पर इजरायल के हमले के बाद हूती विद्रोहियों ने बाब अल-मंडेब में कई इजरायली और अन्य देशों के जहाजों को निशाना बनाया था।

 

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क्या अब खुलकर सामने आने लगा सऊदी अरब?

हूती विद्रोहियों के खिलाफ हमला करके सऊदी अरब ने स्पष्ट कर दिया है कि वह मध्य पूर्व में अमेरिका और ईरान के बीच छिड़ी जंग में अब एक साइड लेने लगा है। अगर उसके हितों को ईरान खतरे में डालेगा तो सऊदी अरब न केवल हूती, बल्कि ईरान के खिलाफ भी खुलकर सामने आ सकता है। हालांकि अमेरिका के साथ ताजा झड़प में सऊदी अरब ने एक अलग रणनीति अपनाई है। उसने अबकी सऊदी अरब और संयुक्त अरब अमीरात के बजाय कतर, कुवैत, बहरीन, जॉर्डन और ओमान जैसे देशों को अधिक निशाना बना रहा है।

पाकिस्तान के सामने सबसे बड़ा धर्मसंकट

जंग की शुरुआत में ईरान ने सऊदी अरब को निशाना बनाया। रियाद के दबाव के बावजूद पाकिस्तान ने अपनी सेना नहीं भेजी, जबिक दोनों देशों के बीच रक्षा समझौता है। हालांकि तब किसी तरह बातचीत बन गई। युद्धविराम के बीच पाकिस्तान ने प्रतीकात्मक तौर पर कुछ जहाज और सैनिकों को सऊदी अरब में तैनात किया है। मगर सबसे बड़ी परीक्षा यह है कि अगर हूती विद्रोहियों के साथ सऊदी अरब का संघर्ष बढ़ता है तो क्या पाकिस्तान इसमें रियाद का साथ देगा? क्योंकि वह अपने आंतरिक मामले में ही चौतरफा घिरा है।

‘नवनीत सहगल, हिरेन जोशी की जांच हो’, सट्टेबाजी केस में बघेल ने ऐसा क्यों कहा?


महादेव सट्टेबाजी ऐप केस में छत्तीसगढ़ के पूर्व सीएम और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता भूपेश बघेल का नाम भी सामने आया था। प्रवर्तन निदेशालय (ED) और सीबीआई ने आरोप लगाए थे कि ऐप के प्रमोटर्स ने संरक्षण लेने के लिए भूपेश बघेल को 508 करोड़ रुपये दिए। अब इसी केस में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के नेता विकास गर्ग को गिरफ्तार किए जाने के बाद भूपेश बघेल ने कहा है कि इस मामले में हिरेन जोशी और नवनीत सहगल की भी जांच की जानी चाहिए। उन्होंने सवाल उठाए हैं कि बार-बार कहने के बावजूद महादेव ऐप को बंद नहीं किया गया जबकि यह काम केंद्र सरकार को करना था।

 

इस केस में सीबीआई ने जब अपनी चार्जशीट दायर की थी तब भूपेश बघेल का नाम आरोपी के तौर पर शामिल किया गया था। अब भूपेश बघेल ने इसे अपनी छवि खराब करने के लिए किया गया अभियान बताया है। साथ ही, उन्होंने रिटायर हो चुके IAS अधिकारी नवनीत सहगल और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के करीबी रहे हिरेन जोशी का नाम लेकर कहा है कि इन दोनों की भी जांच होनी चाहिए। बता दें कि हिरेन जोशी उस समय से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ काम कर रहे हैं जब वह गुजरात के मुख्यमंत्री हुआ करते थे।   

 

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अब क्या बोले भूपेश बघेल?

विकास गर्ग की गिरफ्तार के बारे में भूपेश बघेल ने कहा है, ‘महादेव ऐप में पहली कार्रवाई छत्तीसगढ़ में हुई। करीब 72 FIR हुई, सैकड़ों लोग गिरफ्तार हुए, हजारों बैंक खाते सीज किए गए। गैजेट्स और लैपटॉप जब्त किए गए और अनेक प्रदेशों में जाकर कार्रवाई की गई। तब केंद्र में बैठी सरकार ने हम पर आरोप लगाए कि महादेव सट्टा ऐप को संरक्षण देने का काम हमने किया। अब खबर आई है कि बीजेपी दिल्ली ईकाई के इकोनॉमिक अफेयर के जो चेयरमैन विकास गर्ग हैं, वह पकड़े गए हैं और 904 करोड़ की संपत्ति जब्त की गई। यह कुछ इशारा करता है क्योंकि हम लोग बार-बार कहते थे कि महादेव ऐप बंद क्यों नहीं हो रहा है? इस ऐप को बंद करने का अधिकार केंद्र सरकार के पास है लेकिन उन्होंने कोई कार्रवाई नहीं की। अब कारण समझ आ रहा है कि उन्हीं के लोग शामिल हैं।’ 

 

उन्होंने आगे कहा है, ‘मैं तो मांग करूंगा कि नवनीत सहगल और हिरेन जोशी, जो कि बहुत ताकतवर अधिकारी हुआ करते थे और उनके वाट्सऐप मैसेज से हेडलाइन तय होती थी, आज कल वे कहां हैं? सरकार उनकी जांच क्यों नहीं करती? उन तक ईडी क्यों नहीं पहुंचती? हम मांग करते हैं कि उनकी भी जांच हो। जब हम छत्तीसगढ़ की सरकार में थे तब हमने मांग की थी कि विदेश में बैठे लोगों के लिए लुकआउट सर्कुलर जारी किया जाए लेकिन आज डबल इंजन की सरकार है और वे लोग आज भी बाहर हैं। क्या बात है कि सरकार इस मामले को दबा रही है? मेरी मांग है कि नवनीत सहगल और हिरेन जोशी की भी जांच होनी चाहिए।’

 

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सट्टेबाजी के मामले पर भूपेश बघेल ने कहा, ‘यह एक सामाजिक बुराई है। इसी वजह से युवा और उनके परिवार बर्बाद हो रहे हैं। हमने इसी के चलते कार्रवाई की थी। तब चुनाव नजदीक था और केंद्र में इनकी सरकार है तो बदनाम करने के लिए इन्होंने मुझ पर सीधा आरोप लगाया कि महादेव को भी नहीं छोड़ा और 508 करोड़ का घपला किया है। मेरे घर में सीबीआई का छापा भी पड़ा। आप आरोप लगाकर निकल तो जाते हैं, किसी की छवि तो खराब कर लेते हैं लेकिन जब तार खुलते हैं तो पता चलता है कि ये उन्हीं का आदमी है।’

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