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उमर खालिद और शरजील इमाम को लगा झटका, जमानत याचिका हुई खारिज


दिल्ली दंगों की साजिश रचने के मामले में उमर खालिद और शरजील इमाम को शनिवार को एक और झटका लगा। अदालत ने दोनों की जमानत याचिका को खारिज कर दिया। कड़कड़डूमा कोर्ट के अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश समीर बाजपेयी ने दोनों पक्षों की दलाल सुनी और दोनों आरोपियों को राहत देने से इनकार कर दिया।

 

बता दें कि साल 2020 के फरवरी महीने में उत्तर-पूर्वी दिल्ली में दंगे भड़के थे। इसमें 53 लोगों की जान गई थी और 700 से ज्यादा लोग घायल हुए थे। उमर खालिद और शरजील इमाम पर दंगे की साजिश रचने का आरोप है। इन दोनों के अलावा कई अन्य लोगों के खिलाफ यूएपीए और भारतीय दंड संहिता की तमाम धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया था।

 

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‘लगातार जेल में रखना मौलिक अधिकार का उल्लंघन’

अपनी याचिका में उमर खालिद और शरजील इमाम ने कहा कि अभी तक मुकदमा शुरू नहीं हुआ है। उसके बिना जेल में लगातार रखना स्वतंत्रता के मौलिक अधिकार का उल्लंघन है। उमर खालिद ने अपनी याचिका में तर्क दिया कि गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम (UAPA) के तहत भी ‘जमानत ही नियम है’।

‘छह साल से हिरासत में हूं, अभी आरोप तय नहीं हुए’

बता दें कि इसी साल पांच जनवरी को दिल्ली हाई कोर्ट ने यूएपीए मामले में जमानत देने से इनकार कर दिया था। इसके बाद उमर खालिद और शरजील इमाम ने नई याचिकाएं दाखिल कीं। शरजील इमाम ने दलील दी कि हाई कोर्ट से जमानत न मिलने के छह महीने बाद भी इस मामले की कार्यवाही में कोई खास प्रगति नहीं हुई है। लगभग छह साल से हिरासत में हूं। अभी तक मामले में आरोप भी तय नहीं किए गए।

 

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उमर खालिद ने कहा- मेरी याचिका सुनवाई योग्य है

उमर खालिद ने 18 मई को की गई हाईकोर्ट की एक टिप्पणी का उल्लेख किया। बताया गया कि दो न्यायाधीशों की पीठ ने कहा था कि आतंकवाद-रोधी कानून का इस्तेमाल अनिश्चित काल तक हिरासत में रखने के लिए नहीं किया जाना चाहिए। उमर खालिद ने तर्क दिया कि भले ही हाई कोर्ट से पिछली जमानत याचिका खारिज कर दी गई। लेकिन बाद में हुई न्यायिक घटनाओं से ‘हालात में बदलाव’ आया है। इस वजह से उनकी मौजूदा जमानत याचिका सुनवाई योग्य है।

दिनभर फोन देखता है बच्चा? मां-बाप पहले बदलें ये 7 आदतें


आज के समय में मोबाइल, टैबलेट और टीवी बच्चों की जिंदगी का बड़ा हिस्सा बन चुके हैं। ज्यादातर माता-पिता अपने बच्चों को कम स्क्रीन टाइम देना चाहते हैं, लेकिन खुद पूरे दिन फोन में व्यस्त रहते हैं। ऐसे में बच्चों से स्क्रीन की आदत छुड़ाना मुश्किल हो जाता है। हाल ही में आई एक रिपोर्ट में कहा गया है कि अगर माता-पिता खुद स्क्रीन टाइम के नियमों का पालन करें, तो बच्चे भी उन्हें आसानी से अपना लेते हैं। 

बच्चों को बार-बार डांटने की बजाय खुद अच्छा उदाहरण बनना सबसे प्रभावी तरीका है।जब पूरा परिवार एक जैसे नियम बनाता है और माता-पिता सोच-समझकर मोबाइल का इस्तेमाल करते हैं तो बच्चे स्वाभाविक रूप से उनकी नकल करने लगते हैं।

छोटी-छोटी आदतों में बदलाव लाकर बच्चों की स्क्रीन लत को काफी हद तक कम किया जा सकता है।इस रिपोर्ट में बताए गए आसान टिप्स की मदद से आप धीरे-धीरे अपने बच्चे का स्क्रीन टाइम कम कर सकते हैं। माता-पिता अगर खुद संतुलित आदतें अपनाएंगे, तो बच्चों को स्वस्थ आदतें सिखाना आसान हो जाएगा।

 

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बच्चे बड़ों को देखकर सीखते हैं

बच्चे वही आदतें जल्दी अपनाते हैं जो वे अपने घर में देखते हैं। अगर माता-पिता हर समय फोन चलाते हैं और बच्चे को मोबाइल से दूर रहने की सलाह देते हैं, तो बच्चा इस बात को गंभीरता से नहीं लेता है। इसलिए सबसे पहले बड़ों को अपनी स्क्रीन की आदतों पर ध्यान देना चाहिए।

घर में स्क्रीन टाइम का नियम बनाएं

पूरे परिवार के लिए एक समय तय करें कि कब मोबाइल या टीवी का इस्तेमाल होगा और कब नहीं। इससे बच्चे भी समझेंगे कि नियम सिर्फ उनके लिए नहीं, बल्कि सभी के लिए हैं।

खाना खाते समय मोबाइल से दूरी रखें

खाने की टेबल पर फोन या टीवी का इस्तेमाल न करें। इस दौरान परिवार के साथ बातचीत करें। इससे बच्चों का ध्यान स्क्रीन से हटेगा और परिवार के साथ समय भी अच्छा बीतेगा।

 

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सोने से पहले स्क्रीन बंद करें

सोने से कम से कम एक घंटा पहले मोबाइल, टैबलेट और टीवी बंद कर दें। इससे बच्चों की नींद बेहतर हो सकती है और सुबह वे तरोताजा महसूस कर सकते हैं।

बच्चों को दूसरे कामों में व्यस्त रखें

अगर बच्चा बार-बार मोबाइल मांगता है, तो उसे ड्रॉइंग, कहानी की किताब, पजल, ब्लॉक्स या आउटडोर गेम खेलने के लिए प्रेरित करें। इससे उसका ध्यान स्क्रीन से हट सकता है।

खुद भी फोन कम चलाएं

अगर माता-पिता खाली समय में हर बार मोबाइल उठाने की बजाय बच्चों के साथ खेलें, बातें करें या कोई एक्टिविटी करें, तो बच्चे भी धीरे-धीरे फोन पर कम समय बिताने लगते हैं।

स्क्रीन टाइम के लिए प्यार से समझाएं

बच्चे से फोन अचानक छीनने की बजाय उसे प्यार से समझाएं कि ज्यादा स्क्रीन देखने से आंखों, नींद और पढ़ाई पर असर पड़ सकता है। जब बच्चे वजह समझते हैं, तो नियम मानना उनके लिए आसान हो जाता है।

किन बातों का रखें ध्यान?

  • 2 साल से छोटे बच्चों को स्क्रीन से जितना हो सके दूर रखें।
  • बड़े बच्चों के लिए स्क्रीन टाइम की समय सीमा तय करें।
  • पढ़ाई के अलावा मस्ती के लिए मोबाइल का समय सीमित रखें।
  • छुट्टी के दिन परिवार के साथ आउटिंग या खेलकूद की योजना बनाएं।

4 जुलाई का राशिफल, राहु और शनि का प्रभाव किन राशियों के लिए लाएगा अच्छे दिन?


आज का दिन सभी 12 राशियों के जीवन में मिलाजुला प्रभाव लेकर आ रहा है। पंचांग के अनुसार आज आषाढ़ मास के कृष्ण पक्ष की पंचमी तिथि है। अंक ज्योतिष के नजरिए से देखें तो आज का मूलांक 4 है, जो राहु का अंक माना जाता है। आज ग्रहों की स्थिति में शनिदेव अपनी स्वराशि में मजबूत स्थिति में हैं, जबकि चंद्रमा कुंभ राशि में प्रवेश कर रहे हैं। राहु और केतु का प्रभाव भी आज के दिन की ऊर्जा को थोड़ा रहस्यमयी और अचानक बदलाव लाने वाला बना रहा है। आज का दिन कर्मप्रधान और अनुशासन की मांग करने वाला रहेगा, जहां शॉर्टकट के बजाय की गई कड़ी मेहनत ही सफलता दिलाएगी।

 

शनिवार का दिन होने और मूलांक 4 के प्रभाव के कारण आज तकनीकी कार्यों और रणनीतिक योजनाओं में सफलता मिल सकती है। हालांकि, जुबान पर संयम रखना और जल्दबाजी में कोई भी निर्णय लेने से बचना आज के दिन का मूल मंत्र होना चाहिए। आइए जानते हैं कि मेष से लेकर मीन राशि तक के जातकों के लिए आज का दिन कैसा रहने वाला है।

 

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राशिफल

 

1. मेष राशि

 

करियर में नए अवसर मिलेंगे। सहकर्मियों का सहयोग मिलेगा और व्यापार में नई डील्स फाइनल हो सकती हैं। धन लाभ के योग हैं। जीवनसाथी के साथ तालमेल अच्छा रहेगा। शाम का समय परिवार के साथ सुखद बीतेगा।

आज क्या करें: हनुमान चालीसा का पाठ करें।

आज क्या न करें: किसी को उधार देने से बचें।

 

2. वृषभ राशि

 

नौकरी में सीनियर्स आपके काम की तारीफ करेंगे। कारोबार बढ़ाने के लिए बनाई गई योजनाएं सफल होंगी। आर्थिक स्थिति मजबूत रहेगी। पुराने निवेश से अच्छा रिटर्न मिलने की संभावना है। लव लाइफ में नया उत्साह देखने को मिलेगा।

आज क्या करें: किसी जरूरतमंद को काले तिल का दान करें।

आज क्या न करें: आज आलस्य को खुद पर हावी न होने दें।

 

3. मिथुन राशि

 

ऑफिस में काम का दबाव अधिक रह सकता है। व्यापारियों को किसी भी कागजी कार्रवाई में सावधानी बरतनी होगी। रुपयों की फिजूलखर्ची से बचें। किसी पुरानी बात को लेकर जीवनसाथी से बहस हो सकती है।

आज क्या करें: पक्षियों को दाना डालें।

आज क्या न करें: आज किसी भी अजनबी पर आंख मूंदकर भरोसा न करें।

 

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4. कर्क राशि

 

नौकरी में आपकी मेहनत का फल मिलेगा। धन की स्थिति सामान्य रहेगी। प्रॉपर्टी से जुड़े मामलों में सावधानी से कदम बढ़ाएं। परिवार में किसी मांगलिक कार्य की रूपरेखा बन सकती है। पार्टनर के साथ रिश्ते और गहरे होंगे।

आज क्या करें: शिवलिंग पर जल अर्पित करें।

आज क्या न करें: यात्रा के दौरान जल्दबाजी या लापरवाही न बरतें।

 

5. सिंह राशि

 

करियर में तरक्की के नए रास्ते खुलेंगे। मैनेजमेंट और लीडरशिप से जुड़े लोगों को कोई बड़ी जिम्मेदारी मिल सकती है। आर्थिक रूप से दिन लाभकारी है। रुका हुआ धन वापस मिलने से राहत महसूस होगी।

आज क्या करें: उगते सूर्य को अर्घ्य दें।

आज क्या न करें: अहंकार को अपने रिश्तों पर हावी न होने दें।

 

6. कन्या राशि

 

नौकरीपेशा लोगों के लिए दिन सामान्य है। आय और धन खर्च में संतुलन बना रहेगा। शेयर मार्केट में निवेश के लिए दिन बहुत अच्छा नहीं है। दोस्तों का सहयोग मिलेगा। पारिवारिक माहौल शांतिपूर्ण रहेगा।

आज क्या करें: हरी मूंग की दाल का दान करें।

आज क्या न करें: आज खुद को विवादों और गॉसिप से दूर रखें।

 

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7. तुला राशि

 

कला, मीडिया और रचनात्मक क्षेत्र से जुड़े लोगों को बड़ी सफलता मिलेगी। सुख-सुविधा की वस्तुओं पर खर्च होगा। प्रेम संबंधों के लिए दिन रोमांटिक रहेगा। जीवनसाथी के साथ डिनर का प्लान बन सकता है।

आज क्या करें: मंदिर में घी का दीपक जलाएं।

आज क्या न करें: किसी भी काम को कल पर न टालें।

 

8. वृश्चिक राशि

 

ऑफिस में राजनीति का शिकार होने से बचें। अपने काम पर ध्यान केंद्रित करें। विरोधी शांत रहेंगे। पैसों के लेन-देन में बेहद सतर्क रहें। कोई भी बड़ा निवेश आज टाल देना ही बेहतर होगा। घरेलू मामलों को लेकर मन थोड़ा उदास रह सकता है।

आज क्या करें: सुंदरकांड का पाठ करें या सुनें।

आज क्या न करें: आज गाड़ी चलाते समय मोबाइल का प्रयोग बिल्कुल न करें।

 

9. धनु राशि

 

नौकरी में प्रमोशन या सैलरी बढ़ने के संकेत मिल सकते हैं। आज धन के निवेश के लिए दिन बहुत अच्छा है। पैतृक संपत्ति से भी लाभ मिलने के योग बन रहे हैं। परिवार के साथ किसी धार्मिक यात्रा पर जाने का मन बना सकते हैं।

आज क्या करें: माथे पर हल्दी का तिलक लगाएं।

आज क्या न करें: बड़ों की बातों की अनदेखी न करें।

 

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10. मकर राशि

 

शनिदेव की कृपा से आपके अटके हुए काम पूरे होंगे। आज लोन या कर्ज चुकाने की दिशा में कदम आगे बढ़ेंगे। जीवनसाथी का हर मोड़ पर सहयोग मिलेगा। कड़वाहट खत्म होगी और रिश्तों में नजदीकियां आएंगी।

आज क्या करें: शनि चालीसा का पाठ करें।

आज क्या न करें: आज किसी के प्रति मन में कड़वाहट या हीन भावना न रखें।

 

11. कुंभ राशि

 

चंद्रमा आपकी ही राशि में हैं, जिससे आपकी निर्णय क्षमता मजबूत होगी। आर्थिक स्थिति में सुधार होगा। किसी नई योजना में पूंजी निवेश करना फायदेमंद साबित हो सकता है। लव लाइफ में समझदारी से रिश्ते मजबूत होंगे।

आज क्या करें: बहते पानी में नारियल प्रवाहित करें।

आज क्या न करें: किसी भी काम में जल्दबाजी दिखाने से बचें।

 

12. मीन राशि

 

काम के सिलसिले में अनचाही यात्रा करनी पड़ सकती है। नौकरीपेशा लोगों को आज अधिक मेहनत करनी होगी। खर्चों की अधिकता रहेगी, जिससे मन थोड़ा चिंतित हो सकता है। हाथ थोड़ा खींचकर चलें। 

आज क्या करें: भगवान विष्णु की आराधना करें।

आज क्या न करें: आज किसी भी तरह के कानूनी विवाद में न उलझें।

 

 

नोट: यह राशिफल ज्योतिषीय मान्यताओं और गणनाओं पर आधारित है। इसकी पुष्टि हम नहीं करते हैं।

अचानक सिंधु जल समझौते की इतनी चर्चा क्यों, क्या पाकिस्तान सेना ने रची कोई साजिश?


पाकिस्तान कई मोर्चों पर सिंधु जल विवाद को उठा रहा है। हर न्यूज चैनल पर सिंधु जल समझौते पर बातचीत हो रही है। भारत को धमकियां दी जा रही हैं। यह भी बताया जा रहा है कि पाकिस्तान की सीमा क्या है। यहां तक कि भारत के बांधों पर हमले का प्लान मीडिया प्लेटफॉर्म पर समझाया और बताया जा रहा है। अंतरराष्ट्रीय मीडिया पर भी इस मुद्दे पर व्यापक बहस छिड़ चुकी है। अचानक से सिंधु जल समझौते पर बहस का इतना तेज होना क्या संयोग है या पाकिस्तान की कोई छिपी हुई रणनीति?

 

पूरे मामले में अब खुलासा हो रहा है कि पाकिस्तान की सेना ही भारत के खिलाफ सिंधु जल समझौते पर एक कोऑर्डिनेटेड मीडिया अभियान चला रही है। पाकिस्तान के कुछ न्यूज चैनलों पर एंकर और मेहमान भी खुलकर कह चुके हैं कि हमें ग्लोबल मीडिया पर भारत के खिलाफ अभियान चलाना होगा। अन्य मंचों पर भी इस मुद्दे को उठाना होगा। इसका सबसे बड़ा उदाहरण हाल ही में पाकिस्तान में सिंधु जल के मुद्दे पर आयोजित अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन है। जहां से खुलकर भारत को धमकियां दी गईं।

 

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कैसे समन्वित अभियान की तैयारी?

न्यूज18 की रिपोर्ट के मुताबिक पाकिस्तान सेना की अंतर-सेवा जनसंपर्क महानिदेशालय (डीजी आईएसपीआर) ने समन्वित मीडिया अभियान की तैयारी की। इसमें मीडिया से जम्मू-कश्मीर में कथित अत्याचार की कवरेज को बढ़ाने और इसे ब्लॉग व टॉक शो में शामिल करने का आह्वान किया गया। पाकिस्तान सेना ने भारत में अल्पसंख्यकों की चिंताओं और मोदी सरकार की आलोचना पर फोकस करने की अपील की।

 

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पाकिस्तान सेना ने की एंकरों के साथ बैठक

लीक दिशानिर्देशों के मुताबिक डीजी आईएसपीआर लेफ्टिनेंट जनरल अहमद शरीफ ने रावलपिंडी में मेनस्ट्रीम मीडिया के एंकरों और शीर्ष व्लॉगरों के साथ बैठक की। इसमें चैनलों के कार्यक्रम में हिस्सा लेने वाले प्रतिभागियों को भारत के खिलाफ और प्रमुख भू-राजनीतिक तनाव वाले बिंदुओं पर फोकस करने को कहा गया। मीडिया कर्मियों को खालिस्तान समर्थनक और कथित जनमत संग्रह पर भी ध्यान केंद्रित करने व भारत के अंदर गरीबी और सुरक्षा से जुड़ी चुनौतियों को अधिक महत्व देने पर जोर दिया गया।

कब हुई थी सिंधु जल संधि?

बता दें कि भारत और पाकिस्तान के बीच सिंधु जल संधि 19 सितंबर 1960 को कराची में हुई थी। विश्व बैंक की मध्यस्थता से यह समझौता हुआ था। इसमें सिंधु नदी बेसिन की छह नदियों के पानी को दोनों देशों में बांटा गया था। समझौते पर तत्कालीन प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू और पाकिस्तान के राष्ट्रपति अयूब खान ने साइन हैं। 22 अप्रैल 2025 को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में आतंकियों ने 26 निर्दोष पर्यटकों को धर्म के आधार पर मारा। इसके बाद भारत ने सिंधु जल संधि को स्थगित कर दिया। भारत ने स्पष्ट कहा कि खून और पानी एक साथ नहीं बहेगा।

‘आस्था को गहरी चोट…’, राम मंदिर चोरी मामले पर पहली बार बोला RSS


अयोध्या में राम मंदिर के चढ़ावे की चोरी मामले में पहली बार राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) की प्रतिक्रिया सामने आई है। आरएसएस के सरकार्यवाह यानी महासचिव दत्तात्रेय होसबाले ने शुक्रवार को कहा कि अयोध्या के राम मंदिर में चढ़ावे की कथित चोरी की घटना ने पूरे समाज की भावनाओं और आस्था को गहरी ठेस पहुंचाई है। संघ ने राम मंदिर की दान पेटियों से चोरी को दुर्भाग्यपूर्ण घटना बताया। साथ ही उसका कहना है कि वह इस चोरी से बहुत दुखी और आक्रोशित है।

 

दत्तात्रेय होसबाले ने कहा कि जांच में जो भी दोषी पाया जाए, उसे कड़ी से कड़ी सजा मिलनी चाहिए। उन्होंने दावा किया कि हिंदू विरोधी और राष्ट्रविरोधी ताकतें इस दुर्भाग्यपूर्ण घटना का फायदा उठाकर हिंदू धर्म को बदनाम करने की कोशिश कर रही हैं। उन्होंने पूरे हिंदू समाज से भी अपील की कि वह इस कठिन समय में धैर्य और संयम बनाए रखें जिससे कि इस तरह की सभी साजिशों को नाकाम किया जा सके।

 

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कमियों को दूर करने के लिए प्रभावी कदम उठाए

होसबाले ने एक बयान में कहा, ‘अयोध्या स्थित श्रीराम लला मंदिर में रखे दानपात्रों से चोरी की दुर्भाग्यपूर्ण घटना ने पूरे समाज और रामभक्तों की भावनाओं तथा आस्था को गहरी ठेस पहुंचाई है। इस घटना से हम सभी बहुत दुखी और आक्रोशित हैं।’ होसबाले ने कहा कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ समेत पूरे हिंदू समाज की न्यास से स्वाभाविक ही अपेक्षा है कि वह इस अत्यंत निंदनीय घटना को असाधारण मामला मानते हुए मंदिर के प्रबंधन और संचालन में मौजूद सभी कमियों को दूर करने के लिए प्रभावी कदम उठाए।

 

 

 

भ्रम की स्थिति समाप्त होनी चाहिए

उन्होंने कहा कि यह सुनिश्चित किया जाना जरूरी है कि जांच में जो भी दोषी पाया जाए, उसे कड़ी से कड़ी सजा मिले। उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि मौजूदा भ्रम और अनिश्चितता की स्थिति समाप्त होनी चाहिए। होसबाले ने कहा, ‘इस संबंध में हमें अपेक्षा है कि मंदिर प्रबंधन और सरकार द्वारा गठित विशेष जांच दल (एसआईटी) सभी जरूरी कदम उठाएंगे।’

 

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श्रद्धा, आस्था और भक्ति का केंद्र है मंदिर

उन्होंने कहा कि श्रीराम जन्मभूमि पर निर्मित भव्य मंदिर पीढ़ियों के संघर्ष तथा करोड़ों रामभक्तों के समर्पण, त्याग और बलिदान के कारण पूरे हिंदू समाज की श्रद्धा, आस्था और भक्ति का केंद्र है। उन्होंने कहा, ‘हमारा यह विश्वास है कि समुचित वित्तीय प्रबंधन, सुचारू संचालन के लिए पारदर्शी व्यवस्थाओं एवं शुद्धता और शुचिता से परिपूर्ण धार्मिकता से ओतप्रोत वातावरण के द्वारा श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र न्यास हिन्दू समाज की आस्था एवं विश्वास को सुदृढ़ बनाए रखेगा।’

मानसून में चटपटा खाने का कर रहा है मन? शेफ रणवीर ने बताई पालक चाट की रेसिपी


मानसून का मौसम शुरू होते ही लोगों को कुछ अच्छा और मसालेदार खाने की इच्छा होने लगती है। इस सुहाने मौसम को ध्यान में रखते हुए मशहूर मास्टरशेफ रणवीर बराड़ ने टेस्टी पालक पत्ता चाट की आसान रेसिपी शेयर की है। इस डिश को बनाने में कोई झंझट नहीं है। अगर आप मानसून में पकोड़ों से हटकर कुछ नया और स्वादिष्ट खाना चाहते हैं तो रणवीर बराड़ की यह पालक पत्ता चाट जरूर ट्राई करें। 

मानसून आते ही हर तरफ स्पेशल डिशेस बनने लगती हैं। ज्यादातर लोग इस मौसम में चाय और पकोड़े खाने के बारे में सोचते हैं। लेकिन कुछ अलग ट्राई करने वाले लोगों के लिए शेफ रणवीर बराड़ लाए हैं कुरकुरे पालक पत्ता चाट की रेसिपी। यह डिश मानसून के नाश्ते या स्नैक्स की सारी क्रेविंग पूरी कर देती है। इसमें कुरकुरापन, तीखा स्वाद और मीठा फ्लेवर दोनों का मजा मिलता है। रणवीर बराड़ की इस आसान रेसिपी को घर पर बनाकर मानसून का आनंद दोगुना करें।

 

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पालक पत्ता चाट की सामग्री

  • 8-10 बड़े पालक के पत्ते
  • 1 कप बेसन
  • ½ कप चावल का आटा
  • 4-5 लहसुन की कलियां
  • 2 हरी मिर्च
  • 1 छोटा चम्मच अदरक-लहसुन का पेस्ट
  • ½ छोटा चम्मच हल्दी
  • ½ छोटा चम्मच अजवाइन
  • 1 छोटा चम्मच दरदरा धनिया
  • नमक स्वादानुसार
  • ½ छोटा चम्मच बेकिंग सोडा
  • तलने के लिए तेल

टॉपिंग के लिए

  • फेंटा हुआ मीठा दही
  • इमली या अमचूर की मीठी चटनी
  • अनार के दाने
  • बारीक सेव
  • तली हुई स्वीट कॉर्न और हरी मिर्च (ऑप्शनल)
  • थोड़ा चाट मसाला और लाल मिर्च पाउडर

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बनाने की विधि

स्टेप 1: सबसे पहले पालक के पत्तों को अच्छी तरह धोकर सुखा लें।
स्टेप 2: बेसन, चावल का आटा, लहसुन, हरी मिर्च, अदरक-लहसुन पेस्ट, हल्दी, नमक और थोड़ा-सा पानी डालकर मिक्सर में पीस लें। इससे चिकना घोल तैयार होगा। अब इसमें अजवाइन, दरदरा धनिया और बेकिंग सोडा मिलाकर दोबारा फेंट लें। ध्यान रहे घोल न ज्यादा पतला हो और न ज्यादा गाढ़ा।
स्टेप 3: कढ़ाही में तेल गर्म करें। पालक के पत्तों को तैयार घोल में अच्छी तरह डुबोकर सुनहरा और कुरकुरा होने तक तल लें। अगर आप चाहें तो स्वीट कॉर्न और हरी मिर्च को भी घोल में लपेटकर तल सकते हैं।
स्टेप 4: अब एक प्लेट में सबसे पहले तले हुए पालक के पत्ते रखें। इनके ऊपर मीठा दही डालें और फिर अमचूर या इमली की चटनी डालें।
स्टेप 5: आखिर में अनार के दाने, बारीक सेव, तली हुई स्वीट कॉर्न, थोड़ा चाट मसाला और लाल मिर्च पाउडर छिड़कें।

शेफ रणवीर बरार की खास टिप

इस रेसिपी का सबसे अहम हिस्सा घोल है। इसे हाथ से फेंटने की बजाय मिक्सर में तैयार करें ताकि यह बिल्कुल स्मूद बने। साथ ही घोल की कंसिस्टेंसी मीडियम रखें न बहुत पतली और न बहुत गाढ़ी। इससे पालक के पत्ते ज्यादा कुरकुरे बनेंगे।

परिवार नहीं दे रहा लव मैरिज  की मंजूरी? तो लाल किताब में बताए ये उपाय अजामाए


आज के दौर में युवा पीढ़ी अपनी मर्जी के हिसाब से जीना पसंद करते हैं। वे अपने जीवन के हर फैसले खुद लेना चाहते हैं। इसी वजह से आज के समय में लोग अपनी पसंद के साथी से शादी करना पसंद करते हैं। वे अरेंज मैरिज के बजाय लव मैरिज को बेहतर समझते हैं। हालांकि, कई लोगों के परिवार लव मैरिज की मंजूरी नहीं देते हैं, जिससे प्रेम विवाह में देरी होती है। इस चुनौती का समाधान ज्योतिष शास्त्र के प्रसिद्ध ग्रंथ लाल किताब में बताया गया है। मान्यता है कि इसके उपाय अपनाकर व्यक्ति अपने माता-पिता की सहमति और आशीर्वाद लेकर प्रेम विवाह कर सकता है।

 

लाल किताब एक ऐसा ग्रंथ है, जिसमें ज्योतिष से जुड़ी कई जानकारियां दी गई हैं। इस किताब में कुंडली से जुड़ी कई बाते लिखी है। लाल किताब के अनुसार हर व्यक्ति की कुंडली में ग्रहों का एक विशेष योग बनता है। इन्हीं ग्रह योगों के आधार पर माना जाता है कि व्यक्ति का लव मैरिज होगा या अरेंज मैरिज। लाल किताब के अनुसार, जिन लोगों की कुंडली में शुक्र, शनि या मंगल ग्रह शुभ भाव में नहीं होते है, उन्हें विशेष रूप से लव मैरिज में बाधाओं का सामना करना पड़ सकता है। ऐसे में इन ग्रहों के नकारात्मक प्रभाव को कम करने के लिए कुछ उपाय बताए गए हैं, जिनके प्रभाव से विवाह में आ रही रुकावटें दूर हो सकती हैं।

 

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लव मैरिज की मंजूरी के लिए उपाय


चांदी की अंगूठी पहनें


लाल किताब के अनुसार, जब व्यक्ति की कुंडली में शुक्र ग्रह कमजोर होता है, तो शादी में बाधाएं आ सकती हैं। इसलिए शुक्र ग्रह को मजबूत करने के लिए हाथ की सबसे छोटी उंगली में चांदी की अंगूठी पहनने की सलाह दी जाती है। अंगूठी पहनने से पहले उसे दूध में धो लें। इसके बाद ‘ॐ शुक्राय नमः’ मंत्र का जाप करते हुए उसे सबसे छोटी उंगली में धारण करें। चांदी की अंगूठी केवल शुक्रवार के दिन ही पहनें।


लाल किताब के अनुसार शुक्र ग्रह आकर्षण, प्रेम और विवाह का कारक ग्रह माना जाता है। इसलिए जिन लोगों की शादी में रुकावटें आ रही हैं, उन्हें शुक्रवार के दिन मिठाई का दान करना चाहिए। ऐसी मान्यता है कि इससे विवाह के योग जल्द बन सकते हैं।

 

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शिवलिंग पर जल चढ़ाएं


सनातन धर्म में माना जाता है कि भगवान शिव अपने भक्तों की मनोकामनाएं पूरी करते हैं। इसलिए लव मैरिज की इच्छा रखने वाले लोगों को हर सोमवार शिव मंदिर जाना चाहिए। वहां श्रद्धा और विश्वास के साथ शिवलिंग पर जल चढ़ाना चाहिए और भगवान शिव से प्रेम विवाह की मनोकामना करनी चाहिए।


नीले रंग के कपड़े न पहनें


लाल किताब के अनुसार, शनिवार के दिन प्रेमी जोड़ों को नीले रंग के कपड़े नहीं पहनने चाहिए। नीला रंग शनि ग्रह का रंग माना जाता है। मान्यता है कि शनिवार को नीले रंग के कपड़े पहनने से शनि का प्रभाव बढ़ सकता है। ऐसी स्थिति में प्रेम संबंधों में तनाव या दूरी आने की आशंका रहती है। इसलिए शनिवार को नीले रंग के कपड़ों से परहेज करने की सलाह दी जाती है।

 

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घर में सकारात्मक ऊर्जा रखें


लाल किताब में बताया गया है कि प्रेमी जोड़ों को अक्सर लोगों की बुरी नजर लग जाती है, जिसके कारण उनके विवाह में बाधाएं आने लगती हैं और दोनों परिवार शादी के लिए आसानी से राजी नहीं होते। इसलिए लाल किताब के अनुसार, लड़का और लड़की को अपने परिवार से लव मैरिज की बात करने से पहले घर में गुलाबजल का छिड़काव करना चाहिए, ताकि घर की नकारात्मक ऊर्जा दूर हो सके। ऐसी मान्यता है कि इससे परिवार के लोग शादी के लिए मान सकते हैं।


नोट: यह लेख ज्योतिषीय मान्यताओं और ग्रंथों पर आधारित है। इसकी पुष्टि हम नहीं करते हैं।

‘खामेनेई के जनाजे में जिहादियों पर बम मारो…’, ट्रंप की दोस्त लॉरा लूमर की अपील


अमेरिकी दक्षिणपंथी कार्यकर्ता लॉरा लूमर ने एक बार फिर ईरान के खिलाफ इजरायल को भड़काया है। वह चाहती हैं कि ईरान के पूर्व सुप्रीम लीडर आयतुल्ला अली खामनेई की अंतिम यात्रा के दौरान उमड़ी भीड़ पर इजरायली डिफेंस फोर्स (IDF) के जवान हमला बोलें।

लॉरा लूमर ने कहा है कि ईरान के जिहादियों को मार देने की जरूरत है। 9 जुलाई को आयतुल्ला अली खामेनेई की अंतिम यात्रा निकलेगी, इसी दिन लॉरा लूमर चाहती हैं कि बेंजामिन नेतन्याहू अपनी सेना को हमले का आदेश दें। 

लॉरा लूमर, डोनाल्ड ट्रंप की करीबी नेताओं में शुमार हैं। वह पहले भी ईरान के खिलाफ हिंसक कार्रवाई की पक्षधर रही हैं। वह ईरान को दी जाने वाली किसी भी छूट की धुर आलोचक हैं। लॉरा लूमर यह भी नहीं चाहती हैं कि ईरान के साथ कोई शांति वार्ता करे। 

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अब लूमर ने क्या कहा है?

लॉरा लूमर ने गुरुवार को ईरान पर बमबारी का संकेत दिया है। उन्होंने एक पोस्ट का जवाब देते हुए कहा , ‘खामेनेई का अतिम संस्कार? इसे कहते हैं कि बमबारी के लिए तैयार माहौल।’

लॉरा लूमर:-
इजरायली डिफेंस फोर्स के पास यह करने के लिए मजेदार अवसर है। 

 

 

लॉरा लूमर चाहती हैं कि ईरान में जब आयतुल्ला अली खामेनेई के अंतिम संस्कार में लाखों लोग उमड़े हों, तभी इजरायली डिफेंस फोर्स के जवान ईरान पर हमला करें, जिसमें ईरान की आम जनता के साथ-साथ इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC), ईरानी सेना और समर्थक मारे जाएं। 

लॉरा लूमर:-
अगर मुझे अमेरिका या IDF की ओर से कुछ जिहादियों पर बमबारी करते देखने का मौका मिले तो मैं कभी मना नहीं करूंगी। 

 

 

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कौन हैं लॉरा लूमर?

दक्षिणपंथी विचारधारा की मुखर आवाज हैं। इस्लाम की आलोचक हैं। अब वह इस्लाम को जिहाद से जोड़कर देखती हैं। ईरान के खिलाफ अमेरिकी और इजरायली कार्रवाई की आलोचना करने वाले लोगों को भी वह जिहादी बुलाते हैं। वह ईरान के साथ बातचीत की पक्षधर नहीं हैं। 

खामेनेई का जनाजा खास क्यों है?

आयतुल्ला अली खामेनेई अपने जीवनकाल तक ईरान के सुप्रीम लीडर रहे हैं। उन्हें 9 जुलाई को इमाम रजा के मकबरे में 9 जुलाई को दफनाया जाएगा। तेहरान में 6 जुलाई, कोम में 7 जुलाई और मशहद में 9 जुलाई को अंतिम संस्कार समारोह आयोजित किया जा रहा है। 28 फरवरी को अली खामेनई की अमेरिकी हमले में मौत हो गई थी। 4 महीने बाद भी उनका अंतिम संस्कार अब तक नहीं हो पाया है। उनके जनाजे में लाखों की भीड़ उमड़ सकती है।

गुजरात, बिहार और एमपी की इन सीटों पर उपचुनाव, ECI ने किया ऐलान


भारत निर्वाचन आयोग ने तीन राज्यों में तीन विधानसभा सीटों पर उपचुनाव का ऐलान कर दिया है। 30 जुलाई को बिहार, मध्य प्रदेश और गुजरात की तीन सीटों पर वोटिंग होगी। 3 अगस्त को नतीजे आएंगे। बिहार की बांकीपुर, मध्य प्रदेश की दतिया और गुजरात की मांजलपुर विधानसभा सीट पर उपचुनाव होंगे।

 

चुनाव कार्यक्रम के मुताबिक नामांकन दाखिल करने की आखिरी तारीख 13 जुलाई है। 14 जुलाई को नामांकन जांच की अंतिम तारीख है। 16 जुलाई तक प्रत्याशी अपना नामांकन वापस ले सकते हैं। 30 जुलाई को मतदान होगा और 3 अगस्त को मतगणना होगी। 4 जुलाई को चुनाव प्रक्रिया संपन्न हो जाएगी।

 

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तीन सीटों पर क्यों हो रहे चुनाव?

बांकीपुर विधानसभा सीट बीजेपी अध्यक्ष नितिन नबीन के इस्तीफे के बाद खाली हुई है। वहीं दतिया के विधायक राजेंद्र भारती को अयोग्य ठहराने के बाद यहां चुनाव होंगे। गुजरात की मांजलपुर विधानसभा सीट से विधायक योगेशभाई नारनदास पटेल के निधन के बाद से यह सीट खाली थी। 

 

 

 

 

दतिया विधानसभा सीट पर 2023 में कांग्रेस प्रत्याशी राजेंद्र भारती ने जीत हासिल की थी। इसी साल अप्रैल में कोऑपरेटिव बैंक घोटाला मामले में अदालत ने उन्हें दोषी ठहराया और तीन साल की सजा सुनाई। इसके बाद विधायक को अयोग्य घोषित कर दिया गया।

 

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बांकीपुर में किसका दबदबा

बांकीपुर विधानसभा सीट पर बीजेपी का दबदबा है। 2010 से यहां नितिन नबीन लगातार विधायक रहे। 2010 से पहली बार यहां से चुनाव जीता। 2015 में दूसरी बार और 2020 में तीसरी और हाल ही में पिछले साल चौथी बार विधायक बने। अबकी बार जनसुराज ने भी बांकीपुर सीट से हुंकार भरने का ऐलान किया है। प्रशांत किशोर ने खुद कहा कि अगर जरूरत पड़ी तो वह बांकीपुर सीट से चुनाव लड़ सकते हैं।

 

बच्चों ने खराब कर दिए नए कपड़े? घरेलू नुस्खे जो गायब करेंगे जिद्दी दाग


छोटे बच्चे अक्सर अपने कपड़ों पर खाना गिरा देते हैं। दाल, सब्जी, चॉकलेट, जूस या हल्दी जैसे दाग अगर समय पर साफ न किए जाएं तो उनका हटना मुश्किल हो जाता है। कपड़े पर इस दाग को छुटाना किसी झंझट से कम नहीं है। इसी परेशानी को देखते हुए हम आपके लिए कुछ आसान घरेलू उपाय लेकर आए हैं जिनके इस्तेमाल से कपड़े नए जैसे दिखने लगेंगे। बिना महंगे प्रोडक्ट्स के भी इन जिद्दी दागों को हटाया जा सकता है।

 

बच्चों के कपड़ों पर दाग सिर्फ खाने की वजह से ही नहीं लगते, बल्कि खेलते समय मिट्टी, स्कूल में स्याही, पेंट या दूसरी कई चीजों के कारण भी कपड़े गंदे हो जाते हैं। महंगे डिटर्जेंट इस्तेमाल करने के बाद भी दाग पूरी तरह से कपड़ो से नहीं निकलता है जिससे नए कपड़े भी पुराने की तरह दिखने लगते हैं। हालांकि ऐसी कई असरदार चीजें आपके घर की रसोई में ही मौजूद हैं जिनकी मदद से कपड़ों के दाग काफी हद तक साफ किए जा सकते हैं।

 

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1. ठंडे पानी से तुरंत धोएं

दाग लगते ही कपड़े को ठंडे पानी से धो लें। इससे दाग कपड़े के रेशों में गहराई तक नहीं जाता और बाद में साफ करना आसान हो जाता है। गर्म पानी का इस्तेमाल करने से कुछ दाग और ज्यादा पक्के हो सकते हैं।

2. बेकिंग सोडा का पेस्ट लगाएं

एक चम्मच बेकिंग सोडा में थोड़ा पानी मिलाकर गाढ़ा पेस्ट बना लें। इसे दाग वाली जगह पर 20 मिनट तक लगाकर रखें और फिर हल्के हाथों से रगड़कर धो लें। इससे तेल और खाने के कई तरह के दाग हल्के हो जाते हैं।

3. नींबू का रस और नमक

नींबू के रस में थोड़ा नमक मिलाकर दाग पर लगाएं। 10–15 मिनट बाद कपड़े को धो लें। यह तरीका हल्के रंग के कपड़ों पर ज्यादा असरदार होता है। रंगीन कपड़ों पर पहले किसी छिपी जगह पर टेस्ट जरूर करें।

 

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4. सफेद सिरके का इस्तेमाल करें

एक कप पानी में थोड़ा सफेद सिरका मिलाकर दाग वाली जगह पर लगाएं। 15 मिनट बाद सामान्य डिटर्जेंट से कपड़ा धो लें। इससे कई तरह के खाने और जूस के दाग आसानी से निकल सकते हैं।

5. लिक्विड डिशवॉश से तेल के दाग हटाएं

अगर दाग घी, मक्खन या तैलीय खाने का है, तो उस पर थोड़ा-सा लिक्विड डिशवॉश लगाकर 10 मिनट छोड़ दें। इसके बाद हल्के हाथों से रगड़कर धो लें।

6. दही से हल्दी के दाग कम करें

हल्दी के दाग हटाने के लिए दाग वाली जगह पर थोड़ा दही लगाकर 20–30 मिनट तक छोड़ दें। इसके बाद सामान्य तरीके से धो लें। इससे हल्दी का रंग काफी हद तक हल्का हो सकता है।

7. धूप में सुखाएं

दाग साफ करने के बाद कपड़ों को हल्की धूप में सुखाएं। नेचुरल धूप कई हल्के दागों को फीका करने में मदद करती है। हालांकि रंगीन कपड़ों को तेज धूप में ज्यादा देर तक न रखें।

ध्यान रखने वाली बातें

  • दाग जितनी जल्दी साफ करेंगे उतनी आसानी से निकलेंगे।
  • कपड़ों पर कोई भी घरेलू उपाय अपनाने से पहले एक छोटे हिस्से पर टेस्ट जरूर करें।
  • बच्चों की त्वचा संवेदनशील होती है। इसलिए कपड़े धोने के बाद उन्हें अच्छी तरह पानी से जरूर निकालें ताकि किसी भी चीज का अवशेष न रह जाए।
  • बहुत पुराने या जिद्दी दागों के लिए कपड़े के फैब्रिक के अनुसार उचित क्लीनिंग प्रोडक्ट का इस्तेमाल करें।