लखनऊ में संभल जिले के डीएम डॉ. राजेंद्र पेंसिया और एसपी कृष्ण कुमार बिश्नोई ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से भेंट करके जिले से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा की। अधिकारियों ने सीएम को पंचमुखी हनुमान की प्रतिमा भेंट की, जिसे औपचारिक मुलाकात के संकेत से आगे एक संदेशपूर्ण प्रतीक माना जा रहा है।
संवेदनशील समय पर हुई मुलाकात
यह मुलाकात ऐसे समय में हुई है, जब संभल में पिछले वर्ष सुर्खियों में रहे दो बड़े घटनाक्रम—जामा मस्जिद परिसर में मंदिर दावा और उसके कुछ दिनों बाद भड़की हिंसा—की वर्षगांठ नजदीक है। 19 नवंबर को दावा दायर किए जाने की एक वर्ष की अवधि पूरी हो रही है, जबकि 24 नवंबर को उस हिंसा को भी एक साल पूरा होगा, जिसमें चार लोगों की मौत हुई थी।
पिछले वर्ष कोर्ट के आदेश पर जामा मस्जिद का सर्वे कराया गया था, जिसके दौरान माहौल अचानक तनावपूर्ण हो गया था। दूसरे दिन की सर्वे कार्रवाई के दौरान भीड़ ने हिंसक रूप ले लिया था। इसके बाद जिले के डीएम और एसपी ने गंभीर धाराओं में कार्रवाई, असामाजिक तत्वों पर शिकंजा और हालात पर नियंत्रण को लेकर सक्रिय भूमिका निभाई, जिसके कारण वे ज़िले में विशेष तौर पर चर्चा में रहे।
अफसरों ने दी जानकारी
सीएम से मुलाकात के दौरान दोनों अधिकारियों ने संभल में चल रहे विकास और प्रशासनिक सुधारों की विस्तार से जानकारी दी। विशेष तौर पर तीर्थस्थलों, प्राचीन कूपों और धार्मिक-सांस्कृतिक स्थलों के जीर्णोद्धार की प्रगति मुख्यमंत्री को बताई गई। अधिकारी यह भी बताने से नहीं चूके कि हिंसा के बाद अतिक्रमण हटाने, अवैध निर्माणों पर कार्रवाई और सरकारी भूमि को मुक्त कराने में प्रशासन ने तेज़ी से काम किया है।
सूत्रों के अनुसार, आने वाले दिनों में संवेदनशील तारीखों को देखते हुए जिले की सुरक्षा व्यवस्था और कानून-व्यवस्था को लेकर भी रणनीतिक चर्चा हुई। मुलाकात को जिले में स्थिरता, विकास और सुरक्षा के नए रोडमैप से जोड़कर देखा जा रहा है।












