फाड़ दिए गए कपड़े
पुलिस जैसे ही आरोपियों को हिरासत में लेकर आगे की कार्रवाई कर रही थी, तभी वहां मौजूद उनके साथियों और ग्रामीणों की भीड़ ने पुलिस टीम को चारों ओर से घेर लिया। हालात उस समय और बिगड़ गए जब हमलावरों ने पुलिसकर्मियों के साथ धक्का-मुक्की शुरू कर दी। इस दौरान सिपाही सुनील के साथ मारपीट की गई, उनके कपड़े फाड़ दिए गए और सरकारी पिस्टल छीनने की कोशिश भी की गई। इतना ही नहीं, पुलिस वाहन को भी क्षतिग्रस्त कर दिया गया, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई।
घटना की जानकारी मिलते ही सीओ मवाना भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। अतिरिक्त फोर्स के पहुंचने के बाद स्थिति पर काबू पाया जा सका और फंसे हुए पुलिसकर्मियों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। इसके बाद पुलिस ने तीनों नामजद आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
इस पूरे मामले की जड़ पैसे के लेनदेन से जुड़ा विवाद बताया जा रहा है। आरोप है कि इसी विवाद में ग्राम रामनगर निवासी नितिन पर लाठी, डंडे और सरिए से हमला किया गया था, जिसमें उसका पैर गंभीर रूप से टूट गया था। पुलिस उसी केस में कार्रवाई कर रही थी।
एसएसपी ने दी जानकारी
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी गुलाब उर्फ यासिर के पास से एक अवैध पिस्टल और जिंदा कारतूस बरामद किए गए हैं। उसके खिलाफ पहले से भी आपराधिक इतिहास होने की जानकारी मिली है। पुलिस ने मामले में गंभीर धाराएं बढ़ा दी हैं और अन्य हमलावरों की पहचान कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।












