Tuesday, March 3, 2026
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सैटेलाइट से फसल की निगरानी : मक्का-आलू किसानों का सैटेलाइट बीमा, एप से तुरंत मिलेंगे फसल सुरक्षा उत्पाद

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सैटेलाइट से फसलों की निगरानी के साथ-साथ किसानों को एप सुरक्षा उपायों के लिए अलर्ट भी मिलेगा। – फोटो : AI

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कृषि उत्पाद निर्माता कंपनी बायर ने यूनाइटेड इंडिया इंश्योरेंस के साथ मिलकर एक नया डिजिटल फसल बीमा लॉन्च किया है जिसका नाम अलिवियो है। स्पेनिश भाषा में इसका मतलब राहत से जोड़कर देखा जाता है और मक्का आलू जैसी फसलों के लिए पेश किया गया है। पुराने बीमा उत्पादों से अलग फसल बीमा का यह नया रूप है, जो हाई रेजोल्यूशन सैटेलाइट डेटा और एडवांस क्रॉप मॉडलिंग का इस्तेमाल करता है। इससे फसल की हर ग्रोथ स्टेज पर प्लॉट के हिसाब से और लोकल मौसम के हिसाब से सुरक्षा मिलती है। कंपनी ने बताया कि यह मोबाइल एप के जरिए काम करता है और किसानों को प्लॉट की सारी जानकारी देता है।  

खतरे पर तुरंत मदद, पास के स्टोर से सामान

जब प्लॉट के पैरामीटर से कोई खतरा दिखता है तो अलिवियो तुरंत ट्रिगर करता है। किसान इसे मोबाइल एप पर रिडीम करके पास के बायर चैनल पार्टनर से अच्छे बीज या क्रॉप प्रोटेक्शन प्रोडक्ट ले सकते हैं। इससे फसल चक्र में कोई रुकावट नहीं आती। असल में अलिवियो फसलों में लोकल खतरों – जैसे फूल आने पर लंबे समय तक सूखा या दाने भरते वक्त यह ज्यादा गर्मी को पहचान सकता है और उसी हिसाब से कवरेज देता है। इससे मदद सही समय पर और सही जगह पहुंचती है।

कर्नाटक-महाराष्ट्र में शुरुआत, सूखे से बचाव

पहले चरण में यह बारिश पर निर्भर मक्का किसानों के लिए दावणगेरे कर्नाटक और छत्रपति संभाजीनगर महाराष्ट्र में शुरू हुआ है। इन इलाकों में बार-बार सूखे से पैदावार कम होती है। अलिवियो प्लॉट की कंडीशन पर नजर रखता है और क्रिटिकल स्टेज पर मिट्टी में पानी कम होने पर फायदा देता है। किसान एप पर नोटिफिकेशन पाते हैं और पास के स्टोर से फसल सुरक्षा उत्पाद लेते हैं। साथ ही, उन्हें मिट्टी की नमी का पूर्वानुमान स्प्रे प्लानिंग और क्रॉप स्काउटिंग की सलाह भी मिलती है।  

किसानों को सशक्त बनाने का वादा

बायर के क्रॉप साइंस डिवीजन हेड साइमन विबुश ने कहा कि अलिवियो डिजिटल इनोवेशन को छोटे किसानों तक पहुंचाने में सहायक है। यह एग्रोनॉमिक इंटेलिजेंस, अपने आसान डिजाइन और लोकल नेटवर्क से अनिश्चितता को जानकारी में बदल देता है। एडमे इंश्योरेंस ब्रोकर्स के सीईओ संजय राधाकृष्णन ने कहा कि अब तक फसल बीमा में किसान अकेले संघर्ष करते थे, लेकिन अलिवियो सैटेलाइट प्लॉट से जुड़ी गहन जानकारियां और पार्टनरशिप से असली जरूरत को पूरी करता है।  

दूसरी फसलों में विस्तार, 2030 तक 10 करोड़ किसान

आने वाले महीनों में अलिवियो की तैयारी प्याज, मिर्च, आलू, अंगूर, टमाटर और कुछ फलों को कवर करने की है। यह बायर के ग्लोबल लक्ष्य का हिस्सा है कि वर्ष 2030 तक 10 करोड़ छोटे किसानों तक डिजिटल इनोवेशन पहुंचाकर खेती को लचीला और टिकाऊ बनाया जाए।  

सिद्धार्थनगर पुलिस लाइन में तैयार हुआ नया मॉडर्न सभागार, एडीजी ने किया उद्घाटन

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सिद्धार्थनगर पुलिस लाइन में बुधवार को एक ऐसा बदलाव देखने को मिला, जिसने पुलिस प्रशासन की कार्यशैली को और व्यवस्थित बनाने की दिशा में नई शुरुआत कर दी। गोरखपुर जोन के अपर पुलिस महानिदेशक मुथा अशोक जैन ने पुलिस अधीक्षक डॉ. अभिषेक महाजन के साथ नवीनीकृत सभागार कक्ष को अधिकारियों को समर्पित किया। कई सप्ताह से चल रहे सौंदर्यीकरण और सुधार कार्य के बाद यह हॉल अब पूरी तरह आधुनिक ढांचे में बदल चुका है।

इसलिए खास है नया सभागार

नए सभागार में ध्वनि प्रणाली, रोशनी, बैठक व्यवस्था और इंटीरियर को पूरी तरह अपडेट किया गया है, ताकि विभागीय ट्रेनिंग और महत्वपूर्ण बैठकों को पहले से बेहतर वातावरण में संचालित किया जा सके।

उद्घाटन के दौरान एडीजी मुथा अशोक जैन ने कहा कि पुलिस लाइन में इस तरह की सुविधाएं तैयार होना केवल सौंदर्य का मामला नहीं, बल्कि कार्य क्षमता को बढ़ाने का हिस्सा है। उन्होंने कहा कि पुलिस बल को एक सुव्यवस्थित और प्रोफेशनल माहौल उपलब्ध कराना समय की आवश्यकता है।

एसपी डॉ. अभिषेक महाजन ने बताया कि इस परियोजना को विशेष ध्यान के साथ पूरा किया गया है। उनका कहना था कि जिले में पुलिसकर्मियों के प्रशिक्षण और प्रशासनिक गतिविधियों के लिए अब एक अत्याधुनिक स्थान उपलब्ध हो गया है, जो पूरे विभाग को लंबे समय तक लाभ पहुंचाएगा।

कई अफसर रहे मौजूद 

लोकार्पण के दौरान अपर पुलिस अधीक्षक, क्षेत्राधिकारी और लाइन स्टाफ सहित कई अधिकारी मौजूद रहे। नए रूप में तैयार सभागार को देखकर अधिकारियों ने इसे जिले की पुलिसिंग व्यवस्था को और मजबूत बनाने वाला कदम बताया।

 

वसई-विरार में मामूली से विवाद पर पड़ोसी ने एक शख़्स पर छिड़का मच्छर मरने की दावा, शख्स की मौत

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पानी को लेकर हुए विवाद में एक महिला ने अपनी पड़ोसी की हत्या कर दी। घटना मंगलवार रात करीब 11:30 बजे विरार के जे.पी. नगर में हुई। अर्नाला सागरी पुलिस ने आरोपी महिला को गिरफ्तार कर लिया है।

लंबे समय से चल रहा था विवाद

उमेश पवार (57) विरार पश्चिम के जे.पी. नगर स्थित बिल्डिंग नंबर 15 में रहते थे। उनका अपने पड़ोसी कुंदा तुपेकर (46) से पानी के इस्तेमाल को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा था।

चेहरे पर मच्छर मारने वाली दवा छिड़की 

मंगलवार रात दोनों के बीच फिर से झगड़ा हुआ। इसी बीच, गुस्से में कुंदा तुपेकर ने उमेश पवार के चेहरे पर मच्छर मारने वाली दवा छिड़क दी। जिससे वह बेहोश हो गए। उन्हें इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया। लेकिन दुर्भाग्य से उनकी मौत हो गई।

आरोपी गिरफ्तार 

अर्नाला सागरी पुलिस स्टेशन के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक विजय पवार ने बताया, “हमने हत्या के अपराध में मामला दर्ज कर आरोपी महिला कुंदा तुपेकर को गिरफ्तार कर लिया है।”

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यूपी में सुरक्षा सख्त: सभी मदरसों के स्टाफ और छात्रों का डेटा अब सीधे ATS जांच में

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देश में पेशेवर अपराधियों और शिक्षित आतंकी नेटवर्क के बढ़ते संकेतों के बीच उत्तर प्रदेश में सुरक्षा तंत्र को लेकर बड़ा बदलाव शुरू हो गया है। दिल्ली में हाल ही में हुए धमाके में कुछ डॉक्टरों के शामिल होने का संदेह सामने आने के बाद यूपी पुलिस ने अपने स्तर पर खास निगरानी सिस्टम चालू कर दिया है। राज्य में डॉ. शाहीन सहित कई संदिग्धों की गिरफ्तारी के बाद शासन ने मदरसों की गतिविधियों का व्यापक सुरक्षा ऑडिट अनिवार्य कर दिया है।

हर किसी का रिकॉर्ड रखना होगा

नए आदेश के तहत प्रदेश के हर मदरसे—चाहे वह पंजीकृत हो या अनपंजीकृत—को वहां पढ़ाने वाले मौलवियों, शिक्षकों और सहयोगियों का पूरा विवरण एटीएस के पास जमा कराना होगा। छात्रों की पृष्ठभूमि संबंधी जानकारी भी अब सीधे सुरक्षा एजेंसियों को भेजनी होगी। इसमें पहचान पत्र, स्थाई पता, मोबाइल नंबर से लेकर व्यक्तिगत प्रोफाइल तक शामिल होगा।

सूत्र बताते हैं कि यह प्रक्रिया सिर्फ सामान्य जांच नहीं है, बल्कि एक ऐसा सुरक्षा स्कैन है जिसके जरिये उन व्यक्तियों का पता लगाया जा सकेगा जो शिक्षण संस्थानों में आकर छुपने या नेटवर्क फैलाने की कोशिश करते हैं। हाल के महीनों में कुछ मदरसों में बाहरी राज्यों के युवाओं के अचानक बढ़ते संपर्कों ने एजेंसियों को सचेत किया था, जिसके बाद यह व्यवस्था तेज़ी से लागू की जा रही है।

लखनऊ की एक यूनिवर्सिटी भी जांच के घेरे में 

दिल्ली धमाका इस निर्णय का टर्निंग पॉइंट साबित हुआ। जांच में उच्च शिक्षित संदिग्धों की मौजूदगी ने केंद्र और राज्यों दोनों को अपने सुरक्षा प्रोटोकॉल कड़े करने पर मजबूर किया। लखनऊ की इंटीग्रल यूनिवर्सिटी भी जांच के घेरे में है, क्योंकि वहां के एक शिक्षक परवेज अंसारी का नाम दिल्ली मामले के दौरान सामने आया था।

सरकारी अधिकारियों का कहना है कि यह कदम भविष्य में किसी भी तरह की नाजुक चूक रोकने के लिए उठाया गया है, ताकि संवेदनशील संस्थानों तक पहुंचने वाले हर व्यक्ति की जानकारी पहले से सुरक्षा एजेंसियों के पास मौजूद रहे।

 

 

चुनाव के लिए मुंबई लाई जाएंगी 45 हजार EVM

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जहाँ एक ओर विपक्षी दल मतदाता सूची और वोटिंग मशीनों (EVM) को लेकर चुनाव आयोग पर निशाना साध रहे हैं, वहीं दूसरी ओर BMC चुनावों के लिए चुनावी मशीनरी तेज़ी से काम करने लगी है। मुंबई नगर निगम चुनावों के लिए मशीनों की तैयारियाँ शुरू हो गई हैं। हैदराबाद से भेल कंपनी की ‘EVM’ आगामी नगर निगम चुनावों में इस्तेमाल की जाएँगी।(45 thousand EVMs will be brought to Mumbai for elections)

एक गोदाम में रखा जाएगा EVM 

इन ‘ईवीएम’ को मुंबई के गोदामों में रखा जाएगा। वहाँ राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि नियुक्त किए जाएँगे। मुंबई नगर निगम के सूत्रों द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, 19 नवंबर से 26 नवंबर तक चरणों में ‘EVM’ मुंबई में प्रवेश करेंगी।

पहले ही दिन पाँच वाहनों में 8,400 ईवीएम मुंबई में प्रवेश करेंगी

पहले ही दिन पाँच वाहनों में 8,400 ईवीएम मुंबई में प्रवेश करेंगी। दूसरे दिन 8,100 ‘ईवीएम’ लाई जाएँगी। इन ‘ईवीएम’ के साथ 20 हज़ार ‘बैलेट यूनिट’ और 25 हज़ार ‘कंट्रोल यूनिट’ भी होंगी।सूत्रों के अनुसार, 20 नवंबर को 4,800 ईवीएम, 21 नवंबर को 3,000, 22 नवंबर को 5,100, 24 नवंबर को 4,800, 25 नवंबर को 3,000 और 26 नवंबर को 6,000 ईवीएम मुंबई के लिए रवाना होंगी।

कांदिवली और विक्रोली गोदाम में रखी जाएगी EVM 

मुंबई आने वाली EVM  विक्रोली और कांदिवली के गोदामों में रखी जाएँगी। यह स्टॉक विक्रोली के पार्क साइट और कांदिवली के संस्कृति कॉम्प्लेक्स स्थित गोदामों में रखा जाएगा।इन दोनों गोदामों के पास भारी पुलिस सुरक्षा तैनात रहेगी। मुंबई नगर निगम द्वारा दोनों गोदामों में समन्वय अधिकारी नियुक्त किए गए हैं।

विक्रोली स्थित गोदाम की ज़िम्मेदारी उमाकांत वैष्णव को सौंपी गई है, जबकि कांदिवली स्थित गोदाम की ज़िम्मेदारी रमेश लश्करे को दी गई है।

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वकोला से बीकेसी एलिवेटेड रोड का काम 80 प्रतिशत पूरा

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सांताक्रूज़-चेंबूर लिंक रोड के एक महत्वपूर्ण हिस्से, वकोला से बीकेसी एलिवेटेड रोड का काम अब गति पकड़ चुका है। वर्तमान में, निर्माण लगभग 80 प्रतिशत पूरा हो चुका है और इसे वेस्टर्न एक्सप्रेस हाईवे से जोड़ने वाले गर्डर खड़े कर दिए गए हैं। इससे बाकी काम में भी तेज़ी आ गई है।

सांताक्रूज़ से बीकेसी की दूरी केवल 5 मिनट में

पहले, केबल-स्टेड ब्रिज के निर्माण के कारण कुछ हिस्सों में काम धीमा पड़ गया था। हालाँकि, अब जब यह परियोजना अपने अंतिम चरण में पहुँच गई है, तो इससे मुंबई में यातायात की भीड़भाड़ कम होने की संभावना है। इस सड़क के बनने से सांताक्रूज़ से बीकेसी की दूरी केवल 5 मिनट में तय की जा सकेगी।

परियोजना की विशेषताएँ

अनुमानित लागत: 645 करोड़

कुल लंबाई: 1.2 किमी

लेन व्यवस्था: दोनों दिशाओं में दो लेन

सीधे संपर्क: वकोला जंक्शन, अंबेडकर चौक, यूनिवर्सिटी जंक्शन, बीकेसी जंक्शन

कुर्ला-घाटकोपर के बीच नया फ्लाईओवर

पूर्वी उपनगरों में भारी यातायात भीड़भाड़ को कम करने के लिए अब मुंबई में एक नया फ्लाईओवर बनाया जा रहा है। 4 किलोमीटर से ज़्यादा लंबा यह नया फ्लाईओवर कुर्ला और घाटकोपर के बीच बनाया जाएगा। नए कुर्ला-घाटकोपर फ्लाईओवर के निर्माण से पूर्वी उपनगरों में यातायात की भीड़भाड़ काफी हद तक कम होने की उम्मीद है। इस पुल की शुरुआत कुर्ला स्थित कल्पना टॉकीज़ से होगी।

नया कुर्ला-घाटकोपर फ्लाईओवर कैसा होगा?

4-लेन सुविधा

3.92 किलोमीटर – मुख्य सड़क की लंबाई

4 वर्ष – निर्माण अवधि

लागत – 1,635 करोड़

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Haryana: प्रदूषण बढ़ते ही पराली जलाने वालों पर कड़ी कार्रवाई, 35 किसान गिरफ्तार; कई अधिकारी निलंबित

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खेत में जलाई पराली – फोटो : AI Image

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हरियाणा में प्रदूषण स्तर खतरनाक स्थिति में पहुंचने के साथ पराली जलाने पर प्रशासन ने अब तक की सबसे बड़ी सख्ती की है। बीते एक सप्ताह में पराली जलाने के मामलों में तेजी के बाद गुरुवार को जींद में 35 किसानों को गिरफ्तार किया गया, जबकि फतेहाबाद से चार पुलिसकर्मी, हिसार से तीन नोडल अधिकारी, और सिरसा के ऐलनाबाद से पटवारी हिमांशु और ग्राम सचिव प्रदीप कुमार को निलंबित कर दिया गया। फतेहाबाद में 23 पुलिसकर्मियों को कारण बताओ नोटिस भी जारी किए गए हैं।

फतेहाबाद में 50 स्थानों पर जली पराली, 19 FIR, 1.80 लाख जुर्माना
जिला प्रशासन के अनुसार, फतेहाबाद में एक सप्ताह में पराली जलने की 50 घटनाएँ सामने आईं।

  • कुल केस: 75
  • दर्ज एफआईआर: 19
  • अब तक जुर्माना: 1.80 लाख रुपये

जींद जिले में 132 मामले दर्ज हुए जो पूरे प्रदेश में अब तक सबसे अधिक हैं। हालांकि गिरफ्तार किसानों को बाद में जमानत पर छोड़ दिया गया। जिला प्रशासन ने कृषि विभाग, सरपंच, ग्राम सचिव और अन्य कर्मचारियों को ग्रामीण क्षेत्रों में लगातार निगरानी के निर्देश दिए हैं।

कार्रवाई क्यों बढ़ी?
फतेहाबाद के एसपी सिद्धांत जैन ने बताया कि सरकार के सख्त निर्देशों के बावजूद फसल अवशेष जलने से रोकथाम में लापरवाही सामने आई। गांव में पराली जलने पर ग्राम सेवक और सरपंच को तुरंत सूचना देनी होती है। सूचना न देने पर चार पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई हुई। हिसार और ऐलनाबाद में अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचे, इसी कारण निलंबन हुआ।

बहादुरगढ़ देश का सबसे प्रदूषित शहर
गुरुवार को बहादुरगढ़ का एक्यूआई 466 दर्ज हुआ जो इसे पूरे देश का सबसे प्रदूषित शहर बनाता है।

  • रोहतक: 430
  • दिल्ली: 404
  • तीनों शहरों की हवा बेहद गंभीर श्रेणी में है।
  • दिल्ली-NCR में पहले से ही ग्रेप का तीसरा चरण लागू है।
सीएक्यूएम चेयरमैन राजेश वर्मा ने डीसी-एसपी से VC के जरिए समीक्षा की और नोडल अधिकारियों को फील्ड में लगातार पेट्रोलिंग बढ़ाने के निर्देश दिए।

अब तक की कुल कार्रवाई (प्रदेश स्तर पर)

  • रेड एंट्री: 175 किसान
  • पुलिस केस: 188 किसान
  • कुल जुर्माना: 9.50 लाख रुपये
  • रिकवरी: 7.05 लाख रुपये
  • नोटिस: 118 नोडल अधिकारी एवं सुपरवाइजर
हरियाणा के 16 और शहर भी “खतरनाक” श्रेणी में
  • भिवानी: 345
  • चरखीदादरी: 349
  • फतेहाबाद: 340
  • जींद: 333
  • सोनीपत: 347
  • गुरुग्राम: 300
  • फरीदाबाद: 288
  • हिसार: 255
  • पानीपत: 249

विशेषज्ञों के अनुसार प्रदूषण के मुख्य कारण हैं तापमान में गिरावट, हवा की धीमी गति, स्थानीय प्रदूषण और आगजनी।

रिश्वतखोरी का नया मामला
डबवाली के गांव मांगेआना में एक किसान ने सुपरवाइजर रविन कुमार पर 18,000 रुपये रिश्वत लेकर पराली आगजनी का मामला रफा-दफा करने का आरोप लगाया। कृषि विभाग की जांच के बाद सुपरवाइजर को पद से हटाने के आदेश जारी किए गए। कथित तौर पर वह किसान से 30,000 रुपये के जुर्माने से बचाने के बदले पैसे मांग रहा था।

मेट्रो लाइन 3 पर 23 नवंबर से दिव्यांग यात्रियों को किराए में 25% की छूट

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मुंबई मेट्रो लाइन 3 पर 23 नवंबर से दिव्यांग यात्रियों को 25% की छूट मिलेगी। एक अधिकारी ने बताया कि दिव्यांग यात्रियों के लिए घोषित 25% की छूट अभी अंतिम परीक्षण चरण में है।(Differently Abled Passengers To Receive 25% Fare Concession On Metro Line 3 From Nov 23)

23 नवंबर से पूरे सिस्टम में लागू

उन्होंने आगे कहा, “परीक्षण पूरा होने के बाद, यह छूट रविवार, 23 नवंबर से पूरे सिस्टम में लागू हो जाएगी। इस पहल का उद्देश्य दिव्यांगों सहित सभी यात्रियों को एक अधिक समावेशी यात्रा अनुभव प्रदान करना है।”

मुंबई की पहली पूरी तरह से भूमिगत मेट्रो

मेट्रो लाइन 3, जिसे एक्वा लाइन के नाम से भी जाना जाता है, मुंबई की पहली पूरी तरह से भूमिगत मेट्रो है और अरेरी से कफ परेड तक चलती है। इस लाइन के सभी स्टेशन वातानुकूलित हैं और पूरी प्रणाली दिव्यांगों के अनुकूल और चालक रहित तकनीक से लैस है।

यह छूट मुंबई मेट्रो की समावेशी गतिशीलता रणनीति का हिस्सा है ताकि दिव्यांग यात्रियों के लिए सार्वजनिक परिवहन को अधिक किफायती और सुविधाजनक बनाया जा सके।

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एक्वा लाइन से जुड़ेंगे दो सबवे

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मुंबई (MMRCL) ने मेट्रो लाइन 3 या ‘एक्वा लाइन’ पर पैदल यात्रियों की कनेक्टिविटी को और मज़बूत करने के लिए दो बड़े सबवे बनाने की योजना की घोषणा की है।(Two subways will connect to the Aqua Line

कई महत्वपूर्ण स्थानों को जोड़ेगा ये सबवे

ये सबवे मेट्रो स्टेशनों को महत्वपूर्ण इलाकों, सार्वजनिक स्थानों और आगामी परियोजनाओं से सीधा जोड़ेंगे। इससे मेट्रो 3 की उपयोगिता में काफ़ी वृद्धि होगी। प्रस्तावित दो सबवे में से पहला वर्ली स्थित नेहरू विज्ञान केंद्र मेट्रो स्टेशन से जुड़ेगा। यह सबवे महालक्ष्मी रेसकोर्स, वर्ली प्रोमेनेड और नेहरू तारामंडल तक बनाया जाएगा।

1.6 किलोमीटर लंबा होगा सबवे

इसके साथ ही, यह मार्ग कोस्टल रोड पर बन रहे नए उद्यान और पूर्व वर्ली डेयरी स्थल पर बन रहे व्यावसायिक केंद्र को भी जोड़ेगा। यह सबवे 1.6 किमी लंबा होगा।दूसरा सबवे बांद्रा-कुर्ला कॉम्प्लेक्स (BKC) स्टेशन से जुड़ेगा। यह 1.4 किमी लंबा होगा। यह सबवे यात्रियों को सीधे मुंबई-अहमदाबाद बुलेट ट्रेन टर्मिनल से जोड़ेगा।

इंटरचेंज हब

यह मार्ग बीकेसी क्षेत्र के प्रमुख स्थानों से भी जुड़ेगा, जिससे यह एक प्रमुख इंटरचेंज हब बन जाएगा। दोनों सबवे की संयुक्त लंबाई 3 किमी से अधिक होगी। MMRCL के  निदेशक आर. रमना ने कहा, “हम जल्द ही इन दोनों पैदल यात्री वेस्टिबुल या सबवे की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) तैयार करने के लिए एक एजेंसी नियुक्त करेंगे, जो कुल 3 किमी की लंबाई में फैले होंगे। यही एजेंसी निर्माण अवधि के दौरान परियोजना प्रबंधन सलाहकार के रूप में भी काम करेगी।”

व्यावसायिक उपयोग के लिए खोल दिया जाएगा वर्ली डेयरी का एक हिस्सा

इस पूरी योजना का एक प्रमुख हिस्सा वर्ली डेयरी का विशाल भूखंड है। सरकार की ओर से संकेत मिल रहे हैं कि अब इस भूखंड को व्यावसायिक उपयोग के लिए खोल दिया जाएगा।अधिकारियों के अनुसार, राज्य शहरी विकास विभाग विकास नियंत्रण एवं संवर्धन विनियमों (DCPR) में आवश्यक बदलाव करेगा। वर्ली डेयरी भूखंड के आरक्षण को व्यावसायिक उपयोग के लिए बदला जाएगा।

मुंबई महानगर क्षेत्र विकास प्राधिकरण (MMRDA) को इस क्षेत्र के लिए योजना प्राधिकरण के रूप में पहले ही नियुक्त किया जा चुका है। इसलिए, इस स्थल का पुनर्विकास कार्य तेजी से होने की उम्मीद है।

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मेट्रो लाइन 3 पर 23 नवंबर से दिव्यांग यात्रियों को किराए में 25% की छूट

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मुंबई मेट्रो लाइन 3 पर 23 नवंबर से दिव्यांग यात्रियों को 25% की छूट मिलेगी। एक अधिकारी ने बताया कि दिव्यांग यात्रियों के लिए घोषित 25% की छूट अभी अंतिम परीक्षण चरण में है।(Differently Abled Passengers To Receive 25% Fare Concession On Metro Line 3 From Nov 23)

23 नवंबर से पूरे सिस्टम में लागू

उन्होंने आगे कहा, “परीक्षण पूरा होने के बाद, यह छूट रविवार, 23 नवंबर से पूरे सिस्टम में लागू हो जाएगी। इस पहल का उद्देश्य दिव्यांगों सहित सभी यात्रियों को एक अधिक समावेशी यात्रा अनुभव प्रदान करना है।”

मुंबई की पहली पूरी तरह से भूमिगत मेट्रो

मेट्रो लाइन 3, जिसे एक्वा लाइन के नाम से भी जाना जाता है, मुंबई की पहली पूरी तरह से भूमिगत मेट्रो है और अरेरी से कफ परेड तक चलती है। इस लाइन के सभी स्टेशन वातानुकूलित हैं और पूरी प्रणाली दिव्यांगों के अनुकूल और चालक रहित तकनीक से लैस है।

यह छूट मुंबई मेट्रो की समावेशी गतिशीलता रणनीति का हिस्सा है ताकि दिव्यांग यात्रियों के लिए सार्वजनिक परिवहन को अधिक किफायती और सुविधाजनक बनाया जा सके।

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