जज अमन शर्मा मौत मामले में सुप्रीम कोर्ट सख्त, स्वतः संज्ञान लेकर क्राइम ब्रांच से मांगी स्टेटस रिपोर्ट

0
0

पीटीआई, नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को दिल्ली न्यायिक सेवा के अधिकारी अमन शर्मा की मौत के मामले में दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच से जांच की प्रगति पर स्टेटस रिपोर्ट मांगी है। अमन शर्मा दो मई को दक्षिणी दिल्ली स्थित अपने आवास पर मृत पाए गए थे।

प्रधान न्यायाधीश सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली तीन सदस्यीय पीठ ने दिल्ली पुलिस को नोटिस जारी किया। पीठ में जस्टिस जोयमाल्य बागची और जस्टिस वी. मोहना भी शामिल हैं। शीर्ष न्यायालय ने 30 अक्टूबर को इस मामले का स्वतः संज्ञान लिया था।

मामले का शीर्षक न्यायिक अधिकारी (पूर्व जज) अमन शर्मा की संदिग्ध मौत के संबंध में रखा गया है। अमन शर्मा ने 2018 में कानून की पढ़ाई पूरी की थी और 2021 में दिल्ली न्यायिक सेवा में शामिल हुए थे। वह कड़कड़डूमा अदालत में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सचिव के पद पर कार्यरत थे।

उन्होंने अक्टूबर 2025 में यह जिम्मेदारी संभाली थी। अमन शर्मा के परिवार ने आरोप लगाया था कि उनकी पत्नी, जो स्वयं न्यायिक अधिकारी हैं और ससुराल पक्ष के लोग उन्हें लगातार मानसिक रूप से प्रताड़ित कर रहे थे।

परिवार के अनुसार, घटना से करीब दो महीने पहले से वह काफी तनाव में थे। उनके पिता की शिकायत पर दिल्ली पुलिस ने पत्नी के खिलाफ एफआइआर दर्ज की थी। बाद में मामले की जांच दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच को सौंप दी गई।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here