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मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने किया विकास की गाथा अभ्युदय सारंगपुर का विमोचन

भोपाल : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मंगलवार को मंत्रालय में कौशल विकास एवं रोजगार राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ. गौतम टेटवाल द्वारा लिखित पुस्तिका 'विकास की गाथा' अभ्युदय सारंगपुर प्रमुख उपलब्धियां एवं विकास कार्य (वर्ष 2024 से 2026) का विमोचन किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने पुस्तिका के लेखक डॉ. टेटवाल को इस नवाचार के लिए बधाई और शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति तथा उपभोक्ता अधिकार संरक्षण मंत्री गोविंद सिंह राजपूत, स्कूल शिक्षा एवं परिवहन मंत्री उदय प्रताप सिंह, नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा मंत्री राकेश शुक्ला, संस्कृति, पर्यटन तथा धार्मिक न्यास एवं धर्मस्व राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) धर्मेन्द्र सिंह लोधी तथा नगरीय विकास एवं आवास राज्यमंत्री श्रीमती प्रतिमा बागरी भी उपस्थित थीं।

उल्लेखनीय है कि इस विकास पुस्तिका में बीते ढाई सालों में राजगढ़ जिले की विधानसभा क्षेत्र क्रमांक-164 सारंगपुर में सभी क्षेत्रों में हुए विकास कार्यों को क्रमबद्ध रूप से आकर्षक चित्रावली के साथ समाहित किया गया है।

गौरवशाली-प्राचीन स्थापत्य आज भी नये प्रयोग की प्रेरणा देती है : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

भोपाल : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि देश की गौरवशाली प्राचीन स्थापत्य विरासत आज भी तकनीक के साथ नये प्रयोग की प्रेरणा देती है। अभियंता अपनी प्रतिभा, तकनीकी ज्ञान और नवाचार से विकास की संभावनाओं को धरातल पर साकार करते हैं। किसी नए मार्ग का निर्माण केवल आवागमन की सुविधा नहीं देता, बल्कि वह उस पूरे क्षेत्र के आर्थिक और सामाजिक विकास का नया द्वार खोलता है। अभियंताओं द्वारा तैयार की जाने वाली प्रत्येक परियोजना और डिजाइन में प्रदेश के भविष्य की आर्थिक संरचना की परिकल्पना निहित होती है। सर विश्वेश्वरैया ने अपनी दूरदृष्टि, तकनीकी दक्षता और राष्ट्र सेवा के भाव से जल प्रबंधन, सिंचाई, औद्योगिक विकास तथा संस्थागत निर्माण के क्षेत्र में ऐसे कार्य किए, जिनका लाभ देश को आज भी मिल रहा है। उनका जीवन इस बात का प्रमाण है कि एक व्यक्ति का विजन और संकल्प पूरे देश के विकास को नई दिशा दे सकता है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने महान सिविल इंजीनियर भारत रत्न से सम्मानित सर मोक्षगुंडम विश्वेश्वरैया की जयंती पर प्रदेश के सभी अभियंताओं को बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव सोमवार को भोपाल के कुशाभाऊ ठाकरे अंतर्राष्ट्रीय कन्वेंशन सेंटर में आयोजित अभियंता दिवस समारोह को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दीप प्रज्जवलित कर राज्य स्तरीय समारोह का शुभारंभ किया। समारोह वंदे मातरम् के सामूहिक गान के साथ आरंभ हुआ। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सर विश्वेश्वरैया के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित की।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने लोक निर्माण विभाग सर्कुलर्स के संकलन का किया विमोचन

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने समारोह में उत्कृष्ट कार्य करने वाले अभियंताओं, अधिकारियों, संयुक्त दलों और निर्माण एजेंसियों को 5 श्रेणियों में पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया। इस अवसर पर प्रदेश के लोक निर्माण विभाग और सीएसआईआर-एम्प्री भोपाल के बीच टिकाऊ अधोसंरचना निर्माण के लिए एमओयू का आदान-प्रदान भी हुआ। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने लोक निर्माण विभाग के गत 10 वर्ष के सर्कुलर्स के संकलन के कम्पेडियम का विमोचन भी किया।

भारत की स्थापत्य परंपरा प्राचीन काल से ही रही है समृद्ध

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि अभियंता उपलब्ध संसाधनों, ज्ञान और अपनी योग्यता का समन्वय कर उनकी क्षमता को कई गुना बढ़ा देते हैं। प्रकृति के पंचतत्वों और आधुनिक तकनीक के संतुलित उपयोग से वे समाज के लिए ऐसी स्थायी संरचनाओं का निर्माण करते हैं, जो पीढ़ियों तक उपयोगी रहती हैं। भारत की स्थापत्य परंपरा प्राचीन काल से ही समृद्ध रही है। एलोरा का कैलाश मंदिर, मंदसौर का धर्मराजेश्वर मंदिर, प्राचीन जल संरचनाएं तथा जीवंत प्रतीत होने वाली शिल्पकृतियां तत्कालीन अभियंताओं और शिल्पकारों की असाधारण तकनीकी दक्षता का परिचय देती हैं। मध्यप्रदेश की प्राचीन स्थापत्य विरासत ने देश के लोकतांत्रिक भवनों की वास्तुकला को भी प्रेरणा दी है। यह गौरवशाली विरासत आज के अभियंताओं को आधुनिक तकनीक के साथ नए प्रयोग करने की प्रेरणा देती है।

महापुरुषों के नाम पर पुरस्कार विभाग की अभिनव पहल

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने अभियंताओं को 5 श्रेणियों में पुरस्कार प्रदान करने की अभिनव पहल के लिए लोक निर्माण विभाग को बधाई दी। उन्होंने कहा कि मोक्षगुंडम विश्वेश्वरैया पुरस्कार, विश्वकर्मा पुरस्कार, विक्रमादित्य पुरस्कार, रानी दुर्गावती पर्यावरण हितैषी पुरस्कार और राजा भोज पुरस्कार के माध्यम से विभाग ने भारत की ऐतिहासिक विभूतियों के योगदान को आधुनिक निर्माण व्यवस्था से जोड़ा है। उन्होंने कहा कि ये पुरस्कार निर्माण गुणवत्ता, तकनीकी नवाचार, सुशासन, पर्यावरण संरक्षण और जनहित के प्रति अभियंताओं की प्रतिबद्धता को प्रोत्साहित करेंगे। वरिष्ठ एवं सेवानिवृत्त अभियंताओं का सम्मान विभाग की गौरवशाली परंपरा और उनके दीर्घकालीन योगदान के प्रति आदर का प्रतीक है।

नवाचार करने वाले अभियंताओं के साथ है सरकार

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सीमेंटरहित कंक्रीट सहित पर्यावरण अनुकूल निर्माण सामग्री और आधुनिक तकनीकों पर किए जा रहे प्रयोगों की सराहना की। उन्होंने कहा कि लोक निर्माण विभाग नई तकनीक, अनुसंधान और नवाचारों को अपनाकर देश के अग्रणी विभागों में अपनी पहचान बना रहा है। विभाग की उपलब्धियां पूरी टीम की मेहनत और प्रतिबद्धता का परिणाम हैं। मुख्यमंत्री ने अभियंताओं का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि वे निर्भय होकर जनहित में नवाचार करें, राज्य सरकार हर सकारात्मक पहल में उनके साथ खड़ी है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भारत का आत्मविश्वास और वैश्विक प्रतिष्ठा निरंतर बढ़ रही है। विकसित भारत और विकसित मध्यप्रदेश के निर्माण में अभियंताओं की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है।

अनुसंधान अनुशासन और परफेक्शन’ बने लोक निर्माण की कार्य-संस्कृति – मंत्री सिंह

लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह ने कहा है कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मध्यप्रदेश के विकास को नई गति, दिशा और पहचान प्रदान की है। अभियंता केवल शासकीय कर्मचारी नहीं, बल्कि मध्यप्रदेश की विकास यात्रा के निर्माता हैं। लोक निर्माण विभाग के प्रत्येक कार्य का अंतिम उद्देश्य ‘लोक निर्माण से लोक कल्याण’ होना चाहिए। “निर्माण हमारी जिम्मेदारी है, लोक कल्याण हमारा लक्ष्य है, गुणवत्ता हमारी पहचान है, नवाचार हमारी शक्ति है, तकनीक हमारा भविष्य है और विकसित मध्यप्रदेश हमारा संकल्प है।” उन्होंने कहा कि लोक निर्माण विभाग में वार्षिक पुरस्कारों की शुरुआत सकारात्मक प्रतिस्पर्धा को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से की गई थी। भास्कराचार्य संस्थान सहित विभिन्न विशेषज्ञ संस्थाओं के सहयोग से विभाग ने अनेक डिजिटल समाधान विकसित किए हैं।

विभाग के नवाचारों को अन्य राज्यों ने भी अपनाया

मध्यप्रदेश में प्रारंभ किए गए कई नवाचारों को अन्य राज्यों ने भी अपनाया है। केवल नौ माह में विभाग के 85 प्रतिशत से अधिक अभियंताओं को देश के चार प्रमुख इंजीनियरिंग प्रशिक्षण संस्थानों में प्रशिक्षण दिया गया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव द्वारा घोषित इंजीनियरिंग ट्रेनिंग एंड रिसर्च इंस्टीट्यूट की रूपरेखा तैयार कर ली गई है। यह संस्थान मध्यप्रदेश में इंजीनियरिंग रिसर्च, नवाचार और प्रशिक्षण के प्रमुख केंद्र के रूप में विकसित किया जाएगा। सीएसआईआर, एम्प्री के साथ लोक निर्माण विभाग के एमओयू से हमें सीमेंट के बिना कांक्रीट की सड़क बनाने की तकनीक मिलेगी। मध्यप्रदेश में बनने वाले सरकारी भवन अब ग्रीन बिल्डिंग टेक्नोलॉजी पर बनेंगे। लोक निर्माण विभाग ने अपने कामकाज के तरीके से अपनी छवि बदली है और एमपीआरडीसी अगले एक साल में लगभग 2 लाख करोड़ रुपए लागत के कार्य करेगा।

ब्लैक स्पॉट से होने वाली दुर्घटनाओं में आई कमी

प्रमुख सचिव लोक निर्माण, सुखवीर सिंह ने कहा कि हमारी सड़कें किसानों को बाजार, युवाओं को स्कूल और नारी को रोजगार तक ले जाने में अहम भूमिका निभाती है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव के नेतृत्व में सरकार अधोसंरचनात्मक विकास पर विशेष जोर दे रही है। मध्यप्रदेश में प्रधानमंत्री मोदी के विकसित भारत के विजन के अनुरूप अधोसंरचनात्कम विकास का रोडमैप तैयार किया गया है। सड़क निर्माण में रोड सेफ्टी सहित आधुनिक निर्माण से जुड़े विशेषज्ञों के सुझाव लिए जा रहे हैं। पिछले 9 महीने में तुलनात्मक रूप से ब्लैक स्पॉट के कारण होने वाली दुर्घटनाओं में कमी आई है। लोक निर्माण विभाग (भोपाल परिक्षेत्र) के प्रमुख अभियंता आरएल वर्मा ने सर मोक्षगुंडम विश्वेसरैया का जीवन परिचय दिया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव का उन्होंने लोक निर्माण विभाग में अधिकारियों-कर्मचारियों की पदोन्नति के लिए आभार व्यक्त किया।

अभियंता दिवस पर उत्कृष्ट अभियंताओं एवं निर्माण एजेंसियों का हुआ सम्मान

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने अभियंता दिवस पर अधोसंरचना निर्माण के क्षेत्र में गुणवत्ता, समयबद्धता, तकनीकी नवाचार और पर्यावरण संरक्षण के लिए उत्कृष्ट कार्य करने वाले अधिकारियों, अभियंताओं, संयुक्त दलों एवं निर्माण एजेंसियों को विभिन्न पुरस्कारों से सम्मानित किया। मोक्षगुंडम विश्वेश्वरैया पुरस्कार से मध्यप्रदेश सड़क विकास निगम, भोपाल के संभागीय प्रबंधक ईश्वर सिंह चंदेली, मध्यप्रदेश भवन विकास निगम, जबलपुर के उप महाप्रबंधक मानवेंद्र सिंह सेंगर, लोक निर्माण विभाग, जबलपुर के कार्यपालन यंत्री (भवन) मनीष कुमार शर्मा तथा पीडब्ल्यूडी संधारण संभाग क्रमांक-2, भोपाल के प्रभारी अनुविभागीय अधिकारी एच.एन. त्रिपाठी को सम्मानित किया गया।

विश्वकर्मा पुरस्कार मेसर्स वी.वी.सी.एम.के.एस. प्रोजेक्ट प्राइवेट लिमिटेड, मेसर्स अग्रवाल कंस्ट्रक्शन वर्क्स, मेसर्स एपेक्स स्ट्रक्चर प्राइवेट लिमिटेड तथा मेसर्स गौर रोड टारकोट प्राइवेट लिमिटेड, जबलपुर को प्रदान किया गया। विक्रमादित्य पुरस्कार मध्यप्रदेश सड़क विकास निगम, ग्वालियर के संयुक्त दल को प्रदान किया गया। इस दल में संभागीय प्रबंधक राजेश दायमा, संभागीय प्रबंधक श्रीमती हर्षिता वार्ष्णेय, उप महाप्रबंधक शशांक शर्मा और प्रबंधक दीपक नामदेव शामिल रहे। इसी श्रेणी में लोक निर्माण विभाग, संभाग सागर के संयुक्त दल को भी सम्मानित किया गया, जिसमें कार्यपालन यंत्री साहित्य तिवारी और उपयंत्री अनिल श्रीवास्तव शामिल रहे।

रानी दुर्गावती पर्यावरण हितैषी पुरस्कार लोक निर्माण विभाग, श्योपुर के कार्यपालन यंत्री पुष्कल प्रताप को प्रदान किया गया। राजा भोज पुरस्कार से मध्यप्रदेश भवन विकास निगम के संयुक्त दल को सम्मानित किया गया। इस दल में तत्कालीन उप महाप्रबंधक मोहन किशोर परमार और प्रबंधक महेंद्र डोलिया शामिल रहे। इसी पुरस्कार से लोक निर्माण विभाग के संयुक्त दल को भी सम्मानित किया गया, जिसमें कार्यपालन यंत्री शिवेंद्र सिंह, कार्यपालन यंत्री हृदेश आर्य और उपयंत्री रामसिंह रघुवंशी शामिल रहे।

कार्यक्रम में प्रबंध संचालक मध्यप्रदेश सड़क विकास निगम भरत यादव, प्रबंध संचालक मध्यप्रदेश भवन विकास निगम सिबि चक्रवर्ती एम., निदेशक सीएसआईआर-एम्प्री डॉ. थल्लाडा भास्कर सहित विभाग के वरिष्ठ अधिकारी, अभियंता, सेवानिवृत्त अभियंता, निर्माण एजेंसियों के प्रतिनिधि और गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।

रतनपुर में कृष्णा ज्वेलर्स में सेंधमारी:40 हजार नकद, 450 ग्राम चांदी और 6 ग्राम सोना लेकर चोर फरार

गौर थाना क्षेत्र के रतनपुर खास में कृष्णा ज्वेलर्स की दुकान में चोरी हो गई। अज्ञात चोर दुकान के पीछे का दरवाजा तोड़कर अंदर घुसे। वे दुकान में रखी नकदी और सोने-चांदी के गहने लेकर फरार हो गए। इस घटना का पता मंगलवार सुबह दुकान खोलने पहुंचे मालिक को चला। चोरी की खबर से आसपास के लोगों में हड़कंप मच गया। बेलघाट निवासी कृष्णा ज्वेलर्स के मालिक महेंद्र सोनी (पुत्र किशोरी लाल सोनी) ने गौर पुलिस को शिकायत दी है। उन्होंने बताया कि मंगलवार 15 सितंबर की सुबह करीब 11 बजे वे दुकान खोलने पहुंचे थे। दुकान के पीछे के दरवाजे की कुंडी टूटी हुई थी। अंदर जाकर देखा तो सारा सामान बिखरा पड़ा था और दुकान में चोरी हो चुकी थी। पीड़ित महेंद्र सोनी के अनुसार, चोर दुकान से करीब 40 हजार रुपये नकद, 450 ग्राम चांदी और 6 ग्राम सोना चुरा ले गए। घटना के बाद दुकानदार ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। उन्होंने थाने पहुंचकर अज्ञात चोरों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई और कार्रवाई की मांग की। ज्वेलर्स की दुकान में हुई इस चोरी से इलाके के व्यापारियों में चिंता बढ़ गई है। पीड़ित ने पुलिस से जल्द से जल्द चोरी का खुलासा करने, सामान बरामद करने और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। गौर थाना प्रभारी अतुल कुमार अंजान ने बताया कि पुलिस शिकायत के आधार पर मामले की जांच कर रही है। वे आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालने सहित अन्य पहलुओं पर भी पड़ताल कर रहे हैं।

खुरुहरी में गणेश चतुर्थी पर भव्य झांकी का आयोजन:भक्तों ने लिया आनंद, गांव के रहने वाले ने किया आयोजन


श्रावस्ती जिले के खुरुहरी गांव में मंगलवार को गणेश चतुर्थी के मौके पर भक्ति और उत्साह का माहौल रहा। यहां एक भव्य झांकी का आयोजन किया गया, जिसका भक्तों ने खूब आनंद लिया। गांव के रहने वाले भगौती प्रसाद गुप्ता ने अपने घर के सामने इस कार्यक्रम को आयोजित किया। मंच को रंग-बिरंगे परदों और गुब्बारों से सजाया गया था, जिससे माहौल और भी आकर्षक लग रहा था। इस आयोजन का मुख्य आकर्षण कलाकारों की सुंदर झांकियां थीं। कलाकारों ने मनमोहक वेशभूषा में धार्मिक झांकियां प्रस्तुत कीं, जिससे वहां मौजूद लोग मंत्रमुग्ध हो गए। यह कार्यक्रम देर रात तक चला, जिसमें बड़ी संख्या में ग्रामीण और भक्त मौजूद रहे और भक्ति का आनंद लिया। इस मौके पर भगौती प्रसाद गुप्ता ने सभी गांव वालों को गणेश चतुर्थी की शुभकामनाएं दीं।

गौर ब्लॉक के सलादीपुर में जल निगम की पाइपलाइन टूटी:बभनान-हरैया मार्ग पर पानी की बर्बादी, ग्रामीणों ने अधिकारियों से शिकायत की

बस्ती जिले के गौर ब्लॉक के सलादीपुर गांव के पास जल निगम की एक पाइपलाइन खराब हो गई है। इससे बभनान-हरैया मार्ग पर लगातार पानी बह रहा है और बर्बाद हो रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि एक तरफ जहां लोग पानी की समस्या से जूझ रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ जल निगम की लापरवाही के कारण हजारों लीटर पानी बर्बाद हो रहा है। गांववालों ने तुरंत जल निगम के अधिकारियों को फोन कर इसकी जानकारी दी। उन्होंने अधिकारियों से जल्द से जल्द पाइपलाइन की मरम्मत कराने की मांग की ताकि पानी की बर्बादी रोकी जा सके। अधिकारियों ने ग्रामीणों को जल्द मरम्मत का आश्वासन दिया है। सलादीपुर गांव के काली प्रसाद, इरफान अली, सुरेंद्र कुमार, मनोज कुमार और सुधीर कुमार ने इस पर चिंता जताई है। उन्होंने अधिकारियों से जल्द से जल्द समस्या को ठीक करने की अपील की है।

कटरा श्रावस्ती में धूमधाम से मनाया गणेश पूजन:पुरानी परंपरा के अनुसार स्थापित की गई गणेश प्रतिमा, भक्तों ने विधि-विधान से पूजा कर कीर्तन-भजन में लिया हिस्सा

श्रावस्ती के इकौना विकासखंड स्थित कटरा श्रावस्ती में गणेश पूजन धूमधाम और श्रद्धा के साथ मनाया गया। इस दौरान लोगों ने शांतिपूर्ण माहौल में भगवान गणेश की पूजा-अर्चना की और सुख-समृद्धि की कामना की। पुरानी परंपरा से जुड़ा है आयोजन स्थानीय लोगों के अनुसार, कटरा श्रावस्ती में गणेश पूजन की परंपरा काफी पुरानी है। हर वर्ष श्रद्धालु गणेश जी की प्रतिमा स्थापित कर पूजा-अर्चना करते हैं। भक्तों का मानना है कि भगवान गणेश से सच्चे मन से मांगी गई मन्नत पूरी होती है। कीर्तन-भजन में शामिल हुए श्रद्धालु पूजन के दौरान बड़ी संख्या में भक्त शामिल हुए। श्रद्धालुओं ने भगवान गणेश के दर्शन कर पूजा की। इसके बाद कीर्तन और भजन का आयोजन हुआ, जिसमें लोगों ने उत्साह के साथ भाग लिया। पूरे आयोजन में श्रद्धा और उल्लास का माहौल रहा।

जमीन बंटवारे के विवाद में 4 लोग हिरासत में:सोनहा के परसाकुतुब गांव में चालान, भेजा कोर्ट

बस्ती के सोनहा थाना क्षेत्र के परसाकुतुब गांव में जमीन बंटवारे को लेकर हुए विवाद में पुलिस ने चार लोगों को हिरासत में लिया है। इन सभी का चालान कर कोर्ट भेज दिया गया है। पुलिस के मुताबिक, 15 सितंबर 2026 को परसाकुतुब गांव में जमीन के बंटवारे को लेकर दो पक्षों के बीच विवाद हो गया था। लड़ाई-झगड़े की सूचना मिलने पर सोनहा पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। शांति बनाए रखने के लिए पुलिस ने चार लोगों को हिरासत में लिया। पुलिस ने सभी के खिलाफ धारा 170, 126 और 135 बीएनएसएस के तहत कार्रवाई की। इसके बाद उन्हें भानपुर तहसील कोर्ट भेजा गया। जिन लोगों का चालान किया गया, उनमें सुशीला देवी (44 वर्ष) पत्नी वालगोविन्द, राधेरमण (56 वर्ष) पुत्र पृथ्वीनाथ, माला देवी (32 वर्ष) पत्नी तिलकराम और शीतल (20 वर्ष) पुत्री राधेरमण शामिल हैं। ये सभी परसाकुतुब गांव, थाना सोनहा, जनपद बस्ती के रहने वाले हैं। यह कार्रवाई बस्ती के पुलिस अधीक्षक डॉ. यशवीर सिंह के आदेश पर हुई। अपर पुलिस अधीक्षक श्यामाकांत सिंह ने इसका पर्यवेक्षण किया। रुधौली के क्षेत्राधिकारी अनिल कुमार के निर्देश और सोनहा थानाध्यक्ष महेश सिंह के नेतृत्व में यह कार्रवाई की गई। कार्रवाई करने वाली पुलिस टीम में उपनिरीक्षक शेखर प्रसाद साहनी, कांस्टेबल मनोज यादव और महिला कांस्टेबल सोनम यादव शामिल थे।

अमोढ़ा में 84 कोसी परिक्रमा मार्ग पर शिकायतों की जांच:कम मुआवजे की शिकायत पर संयुक्त टीम ने मौके पर जाकर की पड़ताल

अमोढ़ा कस्बे में मंगलवार को 84 कोसी परिक्रमा मार्ग से संबंधित शिकायतों की जांच के लिए एक संयुक्त टीम पहुंची। टीम ने अमोढ़ा ग्राम पंचायत के करीब एक दर्जन कास्तकारों और मकान मालिकों द्वारा दिए गए शिकायत पत्रों की मौके पर जाकर जांच की। ज्यादातर शिकायतें मकान मालिकों द्वारा अपने बने मकानों के लिए कम मुआवजा मिलने से संबंधित थीं। टीम ने लोगों के घरों तक जाकर मामले की पड़ताल की। इस संयुक्त टीम में एसएलओए विभाग, एनएच विभाग, चकबंदी विभाग और राजस्व विभाग के अधिकारी शामिल थे। विभागीय जानकारी के अनुसार, ग्राम पंचायत अमोढ़ा में करीब 210 गाटों से 84 कोसी मार्ग बनाया जा रहा है। इस मार्ग के निर्माण में मकान, निजी जमीन, सार्वजनिक स्थल और सरकारी जमीन भी आ रही है।

उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने ‘सेवा संकल्प अभियान’ की तैयारियों की समीक्षा की

रायपुर :  उप मुख्यमंत्री तथा नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री अरुण साव ने आज प्रदेश के सभी नगर निगमों के महापौरों, आयुक्तों, नगर पालिकाओं एवं नगर पंचायतों के अध्यक्षों और मुख्य नगर पालिका अधिकारियों की बैठक लेकर सेवा संकल्प अभियान की तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने नवा रायपुर स्थित विश्राम भवन में आयोजित वर्चुअल बैठक में अभियान के दौरान संचालित की जाने वाली विभिन्न गतिविधियों, विभागीय समन्वय, जनभागीदारी और प्रचार-प्रसार को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। आगामी 17 सितम्बर से 17 अक्टूबर तक देशव्यापी सेवा संकल्प अभियान का आयोजन किया जा रहा है। नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा और सूडा के मुख्य कार्यपालन अधिकारी सुमीत अग्रवाल अहमदाबाद से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से बैठक में जुड़े।

उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने ‘सेवा संकल्प अभियान’ की तैयारियों की समीक्षा की

उप मुख्यमंत्री साव ने समीक्षा बैठक में सभी नगरीय निकायों को ‘सेवा संकल्प अभियान’ को जनभागीदारी का व्यापक स्वरूप देने के निर्देश दिए। उन्होंने जनसेवा के प्रति आभार एवं जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी प्रत्येक नागरिक तक पहुंचाने और विकसित भारत-2047 के संकल्प को जन-जन से जोड़ने के लिए अभियान की गतिविधियों को प्रभावी ढंग से संचालित करने को कहा। उन्होंने अभियान में समाज के सभी वर्गों की सक्रिय सहभागिता सुनिश्चित करने पर जोर दिया।

साव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी देश के विकास और जनकल्याण के लिए विगत 25 वर्षाे से अनवरत कार्य कर रहे हैं। उनके नेतृत्व में भारत की वैश्विक भूमिका मजबूत हुई है। साव ने कहा कि आज चीन भी भारत के साथ काम करना चाहता है और रूस के साथ भारत की मित्रता और मजबूत हुई है। उन्होंने कहा कि देश की विकास यात्रा को आगे बढ़ाने में जनभागीदारी की महत्वपूर्ण भूमिका है और ‘सेवा संकल्प अभियान’ इसी भावना को जन-जन तक पहुंचाने का माध्यम है।

उप मुख्यमंत्री साव ने अभियान के दौरान किए जाने वाले कार्यों के प्रभावी दस्तावेजीकरण पर विशेष जोर दिया। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि विभिन्न गतिविधियों और जनभागीदारी से जुड़े कार्यों का व्यवस्थित रूप से दस्तावेजीकरण किया जाए। हर आयोजन की फोटो और वीडियो रिकॉर्डिंग कराई जाए तथा उनकी रील तैयार कर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर साझा की जाए, ताकि अभियान की गतिविधियों और उनके प्रभाव की जानकारी अधिक से अधिक लोगों तक पहुंच सके।

उन्होंने कहा कि योजनाओं और अभियानों से नागरिकों के जीवन में आए वास्तविक बदलावों को भी प्रमुखता से सामने लाया जाए। इसके लिए लाभार्थियों की वास्तविक कहानियों, गतिविधियों और उपलब्धियों को रिकॉर्ड कर डिजिटल माध्यमों से प्रसारित करने पर ध्यान दिया जाए। बैठक में अभियान के अंतर्गत प्रस्तावित विभिन्न गतिविधियों की तैयारियों की समीक्षा की गई। इनमें ‘आशीर्वाद का दीया’, ‘25 करोड़ बच्चों के सपनों का भारत’, ‘नमो सेवा गाथा’, ‘आंगन का उत्सव’, ‘सेवा की कहानी’, ‘विकसित भारत संकल्प यात्रा’, ‘सेवा ज्योति यात्रा’, ‘सेवाकृमेरा योगदान’, ‘सेवा सेतु अभियान’, ‘रंगोली राष्ट्र’ और ‘राष्ट्रीय इनोवेशन चौलेंज’ सहित विभिन्न गतिविधियां शामिल हैं। अभियान का समापन 17 अक्टूबर को ‘जनसेवक महाकुंभकृपंचायत से पार्लियामेंट’ के साथ प्रस्तावित है।

साव ने विशेष रूप से ‘सेवा की कहानी’ के तहत वास्तविक लाभार्थियों की प्रेरणादायी कहानियों को सामने लाने और सोशल मीडिया के माध्यम से व्यापक स्तर पर प्रचारित करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि जनकल्याणकारी योजनाओं से लोगों के जीवन में आए वास्तविक बदलावों को सामने लाकर अन्य लोगों को भी प्रेरित किया जाना चाहिए। उन्होंने ‘सेवा सेतु अभियान’ के माध्यम से नागरिकों को विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं से जोड़ने तथा योजनाओं की जानकारी और सुविधाएं एक स्थान पर उपलब्ध कराने की दिशा में प्रभावी कार्य करने के निर्देश दिए।

बैठक में ‘स्वच्छता ही सेवा-2026’ से जुड़ी गतिविधियों को भी जनभागीदारी के साथ संचालित करने पर विशेष जोर दिया गया। साव ने कहा कि स्वच्छता को व्यापक जन आंदोलन का स्वरूप दिया जाए। इसके लिए नगरीय निकायों के जनप्रतिनिधियों को अपनी अगुवाई में नागरिकों, स्वयंसेवी संस्थाओं, विद्यार्थियों, युवाओं, महिलाओं और सामाजिक संगठनों को सक्रिय रूप से जोड़ने का आह्वान किया जाएगा।

साव ने बैठक में अधिकारियों को निर्देशित किया कि ऐसे स्थानों और क्षेत्रों को चिन्हित कर विशेष स्वच्छता अभियान चलाए जाएं जहां स्वच्छता के क्षेत्र में प्रभावी परिणाम दिखाई दे सकें। उन्होंने अभियान के दौरान किए गए कार्यों की पहले और बाद की स्थिति दर्ज करने के निर्देश भी दिए, ताकि स्वच्छता प्रयासों से हुए वास्तविक बदलावों को सामने लाया जा सके।

उप मुख्यमंत्री ने अभियान की गतिविधियों की नियमित निगरानी, समयबद्ध क्रियान्वयन और बेहतर विभागीय समन्वय सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ‘सेवा संकल्प अभियान’ सेवा की भावना, जनभागीदारी और विकास के संकल्प को जमीनी बदलाव से जोड़ने का माध्यम बने। नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के संचालक नीलेशकुमार क्षीरसागर और अपर संचालक पुलक भट्टाचार्य भी उप मुख्यमंत्री के साथ समीक्षा बैठक में सर्किट हाउस में मौजूद थे।

बिहान योजना ने बदली किस्मत

रायपुर : ​सीमित संसाधनों और आर्थिक तंगी को मात देकर आत्मनिर्भर बनने का सपना देखने वाली महिलाओं के लिए छत्तीसगढ़ के बरमकेला विकासखंड के ग्राम रिसोरा की नीतू साहू एक प्रेरणा बनकर उभरी हैं। 'बिहान योजना' और स्व-सहायता समूह के संबल से उन्होंने न केवल अपनी मेहनत को हुनर में बदला, बल्कि आज वे हर महीने लगभग 80 हजार रुपये की आय अर्जित कर एक सफल 'लखपति दीदी' के रूप में अपनी नई पहचान बना चुकी हैं।

​ऋण का सही उपयोग और बहुआयामी आजीविका

      ​'अन्नपूर्णा स्व-सहायता समूह' और 'सखी संकुल संगठन बुदेली' से जुड़ने के बाद नीतू साहू ने अपनी आर्थिक स्थिति को मजबूत करने का संकल्प लिया। उन्होंने संकुल संगठन से 1.20 लाख रुपये और बिहान योजना के तहत बैंक से 30 हजार रुपये का ऋण प्राप्त किया। इस राशि को किसी एक व्यवसाय में लगाने के बजाय उन्होंने रणनीतिक रूप से कई आजीविका गतिविधियों में निवेश किया।स्थानीय मांग को देखते हुए छोटे स्तर से मशरूम उत्पादन की शुरुआत,गांव के तालाब में मत्स्य पालन और गाय पालन के साथ दूध बिक्री का काम शुरू किया। इसके साथ ही ​मुर्गी पालन कर नियमित आय के स्रोत के रूप में इसे विकसित किया।
      ​इन चार अलग-अलग माध्यमों से मिलने वाली आय ने उनके परिवार को मजबूत आर्थिक आधार प्रदान किया और नीतू दीदी को गांव की अन्य महिलाओं के लिए रोल मॉडल बना दिया।

​सेवा संकल्प अभियान और 'आशीर्वाद का दीया'

      ​अपनी इस अभूतपूर्व सफलता और सरकारी योजनाओं से मिले सहयोग के प्रति आभार व्यक्त करते हुए नीतू साहू 'सेवा संकल्प अभियान' में उत्साहपूर्वक भाग ले रही हैं। उन्होंने बताया कि वे 17 सितंबर को अपने घर में 'आशीर्वाद का दीया' जलाएंगी। उनके लिए यह दीया केवल रोशनी का प्रतीक नहीं, बल्कि उन अवसरों, सहयोग और संकल्प के प्रति कृतज्ञता का भाव है, जिसने उनकी जिंदगी को नई दिशा दी।

     ​नीतू साहू दीदी की यह कहानी साबित करती है कि यदि ग्रामीण महिलाओं को सही मार्गदर्शन और योजनाबद्ध सहायता मिले, तो वे आत्मनिर्भरता की एक नई इबारत लिख सकती हैं।