
घुघली विकासखंड के बरवा चमईनिया गांव में मुख्य मार्ग से दक्षिण दिशा में बसे करीब एक दर्जन परिवारों के लिए बारिश मुसीबत बन गई है। इन परिवारों के आने-जाने का कच्चा रास्ता बारिश के बाद पूरी तरह कीचड़ और दलदल में बदल गया है। जगह-जगह पानी जमा होने से पैदल चलना मुश्किल हो गया है। वहीं दोपहिया वाहन चालकों के फिसलकर गिरने का खतरा बना हुआ है। लंबे समय से रास्ता पक्का कराने की मांग पूरी नहीं होने से नाराज ग्रामीणों ने बुधवार को इसी रास्ते पर प्रदर्शन कर अपना विरोध जताया। बारिश के बाद रास्ते पर जगह-जगह पानी जमा ग्रामीणों के आवागमन का यह कच्चा रास्ता बारिश के बाद बदहाल हो गया है। रास्ते पर कई जगह पानी जमा है और लगातार बारिश के कारण मिट्टी पूरी तरह गीली हो गई है। पानी निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने से रास्ते की स्थिति और खराब हो गई है। ग्रामीणों का कहना है कि बारिश के मौसम में हर साल उन्हें इसी परेशानी से जूझना पड़ता है। कीचड़ और दलदल से पैदल चलना मुश्किल रास्ते पर कीचड़ और दलदल होने के कारण लोगों को पैदल आने-जाने में भी परेशानी हो रही है। ग्रामीणों को पानी और कीचड़ के बीच से होकर गुजरना पड़ रहा है। बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं के लिए परेशानी और बढ़ गई है। जरूरी काम से बाहर निकलने वाले लोगों को भी खराब रास्ते के कारण मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। दोपहिया वाहन चालकों पर मंडरा रहा हादसे का खतरा खराब रास्ते पर दोपहिया वाहन चलाना भी जोखिम भरा हो गया है। कीचड़ के कारण वाहन फिसलने का खतरा बना रहता है। ग्रामीणों का कहना है कि कई जगह रास्ता इतना खराब है कि वाहन निकालना मुश्किल हो जाता है। बारिश के दौरान फिसलन बढ़ने से दुर्घटना की आशंका भी बनी रहती है। मांग पूरी नहीं हुई तो ग्रामीणों ने किया प्रदर्शन रास्ते की बदहाली से नाराज ग्रामीणों ने बुधवार को प्रदर्शन कर अपना विरोध जताया। ग्रामीणों का कहना है कि वे लंबे समय से इस रास्ते को पक्का कराने की मांग कर रहे हैं। कई बार समस्या की जानकारी संबंधित जिम्मेदार लोगों तक पहुंचाई गई, लेकिन अब तक रास्ते को दुरुस्त कराने की दिशा में ठोस कदम नहीं उठाया गया। तत्काल मिट्टी डालकर रास्ता ठीक कराने की मांग ग्रामीणों ने ग्राम पंचायत और संबंधित अधिकारियों से तत्काल रास्ते पर मिट्टी डालकर उसे चलने लायक बनाने की मांग की है। उनका कहना है कि जब तक पक्की सड़क नहीं बनती, तब तक अस्थायी व्यवस्था के तौर पर रास्ते को ऊंचा कर मिट्टी और जरूरी सामग्री डाली जाए। इससे बारिश के दौरान लोगों को आवागमन में कुछ राहत मिल सकेगी। जल्द पक्की सड़क बनाने की मांग ग्रामीणों का कहना है कि हर साल बारिश के मौसम में रास्ते की यही स्थिति हो जाती है। इसलिए स्थायी समाधान के लिए कच्चे रास्ते को पक्की सड़क में बदलना जरूरी है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों से मौके का निरीक्षण कर जल्द सड़क निर्माण कराने की मांग की है। मामले में ग्राम प्रधान से बात करने की कोशिश की गई, लेकिन उनसे संपर्क नहीं हो पाया।































