
कौशाम्बी। जिले के पिपरी थाना क्षेत्र के महमूदपुर मनौरी में पटाखा गोदाम में हुए भीषण विस्फोट के मामले में पुलिस ने मंगलवार भोर वांछित आरोपित नौशाद को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के मुताबिक, काजीपुर मोड़ के पास घेराबंदी किए जाने पर आरोपित ने पुलिस टीम पर दो राउंड फायरिंग कर दी। आत्मरक्षा में की गई जवाबी कार्रवाई में उसके पैर में गोली लगी। घायल नौशाद को उपचार के लिए जिला अस्पताल मंझनपुर भेजा गया है। उसके कब्जे से देशी तमंचा, एक जिंदा कारतूस और दो खोखा कारतूस बरामद किए गए हैं। चार टीमों को लगाया गया था गिरफ्तारी में 31 अगस्त को महमूदपुर मनौरी में पटाखा गोदाम में हुए विस्फोट के बाद मीरपुर निवासी गया प्रसाद पुत्र अमृतलाल साहू ने पिपरी थाने में तहरीर दी थी। तहरीर में आरोप लगाया गया कि पड़ोस के मकान में बड़ी मात्रा में अवैध पटाखों का निर्माण और भंडारण किया जा रहा था। सुरक्षा मानकों की अनदेखी के कारण हुए विस्फोट में आसपास के मकान क्षतिग्रस्त हो गए और कई लोगों की जान चली गई।तहरीर के आधार पर पिपरी थाने में मुकदमा दर्ज किया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक सत्यनारायण ने वांछित आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए चार टीमों का गठन किया था। पुलिस टीमें लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही थीं। मुखबिर की सूचना पर घेराबंदी मंगलवार भोर पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि मुकदमे में वांछित नौशाद सैयद सरावां-तेरहमील मार्ग पर काजीपुर मोड़ के पास मौजूद है और वहां से फरार होने की फिराक में है। सूचना मिलते ही चरवा थाना पुलिस और एसओजी टीम मौके पर पहुंची और घेराबंदी कर दी।पुलिस के अनुसार, टीम को देखते ही नौशाद पास में स्थित बंद पड़े ईंट-भट्ठे की ओर भागने लगा। पुलिसकर्मियों ने उसे रुककर आत्मसमर्पण करने की चेतावनी दी। आरोप है कि इसके बाद नौशाद ने पुलिस टीम पर जान से मारने की नीयत से दो राउंड फायरिंग कर दी। पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी फायरिंग की, जिसमें उसके पैर में गोली लग गई। घायल होकर गिरने के बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया।पूछताछ में गोदाम में पटाखे बनाने की बात कही पुलिस के मुताबिक, पूछताछ में नौशाद पुत्र निजामुद्दीन, निवासी महमूदपुर मनौरी, ने बताया कि वह अपने साथियों के साथ आर्थिक लाभ के लिए महमूदपुर मनौरी पावर हाउस के पास स्थित गोदाम में अवैध पटाखे और विस्फोटक सामग्री तैयार करने तथा उनका भंडारण करने का काम करता था।पुलिस का कहना है कि नौशाद ने पूछताछ में बताया कि 31 अगस्त को करीब 11 बजे गोदाम में रखे पटाखों और बारूद में विस्फोट हो गया था। हादसे में कई लोगों की जान चली गई और आसपास के मकान क्षतिग्रस्त हो गए। घटना के बाद वह पुलिस से बचने के लिए फरार हो गया था। अन्य आरोपितों की तलाश जारी पुलिस ने घायल आरोपित को उपचार के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया है। बरामद तमंचे और कारतूस को कब्जे में लेकर पुलिस ने मुठभेड़ से संबंधित विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है। वहीं, पटाखा गोदाम में हुए विस्फोट के मामले में शामिल अन्य आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमें लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं।


























