श्रावस्ती जनपद की इकौना तहसील में सेमगढ़ा चौराहे से गोविंदपुर मार्ग पर बन रहे पुल का अस्थायी बाईपास पूरी तरह पानी में डूब गया है। लगातार बढ़ते जलस्तर और तेज बहाव के कारण बाईपास पर इतना पानी भर गया है कि अब इस रास्ते से आना-जाना पूरी तरह बंद हो गया है। पानी इतना ज्यादा है कि रिक्शा या बड़ी चारपहिया गाड़ियां भी यहां से नहीं निकल सकतीं। इसके बावजूद लोग मजबूरी में अपनी जान जोखिम में डालकर पानी के बीच से निकलने की कोशिश कर रहे हैं। यह रास्ता कई गांवों और कस्बों को जोड़ता है। हर दिन बड़ी संख्या में लोग, स्कूली बच्चे, साइकिल और बाइक सवार इस रास्ते से आते-जाते हैं। बाईपास बंद होने से लोगों की परेशानी काफी बढ़ गई है। स्थानीय ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि जब तक पुल का निर्माण पूरा नहीं होता, तब तक आने-जाने के लिए तुरंत कोई सुरक्षित दूसरा रास्ता बनाया जाए। इससे लोगों को अपनी जान जोखिम में डालकर पानी के बीच से नहीं गुजरना पड़ेगा और रास्ता भी चालू रहेगा।
श्रावस्ती में निर्माणाधीन पुल का बाईपास डूबा:सेमगढ़ा चौराहे से गोविंदपुर मार्ग पर आवागमन ठप, लोग जान जोखिम में डालकर निकल रहे
श्रावस्ती जनपद की इकौना तहसील में सेमगढ़ा चौराहे से गोविंदपुर मार्ग पर बन रहे पुल का अस्थायी बाईपास पूरी तरह पानी में डूब गया है। लगातार बढ़ते जलस्तर और तेज बहाव के कारण बाईपास पर इतना पानी भर गया है कि अब इस रास्ते से आना-जाना पूरी तरह बंद हो गया है। पानी इतना ज्यादा है कि रिक्शा या बड़ी चारपहिया गाड़ियां भी यहां से नहीं निकल सकतीं। इसके बावजूद लोग मजबूरी में अपनी जान जोखिम में डालकर पानी के बीच से निकलने की कोशिश कर रहे हैं। यह रास्ता कई गांवों और कस्बों को जोड़ता है। हर दिन बड़ी संख्या में लोग, स्कूली बच्चे, साइकिल और बाइक सवार इस रास्ते से आते-जाते हैं। बाईपास बंद होने से लोगों की परेशानी काफी बढ़ गई है। स्थानीय ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि जब तक पुल का निर्माण पूरा नहीं होता, तब तक आने-जाने के लिए तुरंत कोई सुरक्षित दूसरा रास्ता बनाया जाए। इससे लोगों को अपनी जान जोखिम में डालकर पानी के बीच से नहीं गुजरना पड़ेगा और रास्ता भी चालू रहेगा।






























