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महराजगंज में नाली निर्माण में घटिया सामग्री का आरोप:पीडब्ल्यूडी करा रहा काम, ग्रामीणों ने शिकायत कर जांच की मांग की

महराजगंज में नाली निर्माण में घटिया सामग्री का आरोप:पीडब्ल्यूडी करा रहा काम, ग्रामीणों ने शिकायत कर जांच की मांग की

महराजगंज में शहर से सटे रामपुर बुजुर्ग गांव में पीडब्ल्यूडी प्रांतीय खंड विभाग की ओर से कराए जा रहे नाली निर्माण में मानकों की अनदेखी का आरोप लगा है। ग्रामीणों का कहना है कि करीब तीन किलोमीटर लंबी नाली के निर्माण में घटिया सामग्री का इस्तेमाल किया जा रहा है। इससे निर्माण की गुणवत्ता और नाली की मजबूती पर सवाल खड़े हो रहे हैं। कथित अनियमितताओं को लेकर ग्रामीणों में आक्रोश है। जानकारी के अनुसार, गांव में पिछले करीब 15 दिनों से नाली का निर्माण कराया जा रहा है। ग्रामीणों का आरोप है कि शुरुआत में उन्हें उम्मीद थी कि निर्माण बेहतर तरीके से होगा, लेकिन काम शुरू होने के बाद ही गुणवत्ता को लेकर सवाल उठने लगे। ग्रामीणों ने निर्माण करा रहे ठेकेदार से शिकायत की, लेकिन उनका कहना है कि समस्याओं का समाधान करने के बजाय उन्हें नियम-कानून का हवाला देकर चुप करा दिया गया। घटिया रेत और कम सीमेंट इस्तेमाल करने का आरोप गांव के मकसूद अली ने आरोप लगाया कि नाली निर्माण में खराब गुणवत्ता वाली रेत का इस्तेमाल किया जा रहा है। सीमेंट की मात्रा भी बेहद कम रखी जा रही है। इससे नाली की मजबूती प्रभावित होने की आशंका है। इंद्रजीत मौर्य ने कहा कि मनमाने तरीके से बनाई जा रही नाली कितने दिनों तक टिकेगी, इसकी कोई गारंटी नहीं है। उनका आरोप है कि जहां दीवार का सहारा है, वहां भी निर्माण में जरूरी मजबूती का ध्यान नहीं रखा जा रहा है। सरिया की गुणवत्ता पर भी उठाए सवाल ग्रामीण नसरूल ने नाली निर्माण में अनियमितता का आरोप लगाते हुए सरकारी धन के दुरुपयोग की आशंका जताई। उन्होंने नाली में इस्तेमाल की जा रही सरिया की गुणवत्ता पर भी सवाल उठाए। ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि निर्माण कार्य में निर्धारित मानकों का पालन नहीं किया गया तो वे आंदोलन करने के लिए मजबूर होंगे। एक्सईएन से संपर्क करने पर नहीं मिला जवाब इस संबंध में पीडब्ल्यूडी के एक्सईएन राजकुमार मिश्रा से जानकारी लेने का प्रयास किया गया, लेकिन उनकी ओर से कोई जवाब नहीं मिला। हालांकि, जवाब नहीं मिलने से निर्माण में अनियमितता साबित नहीं होती। ग्रामीणों के आरोपों की पुष्टि के लिए निर्माण कार्य की गुणवत्ता और इस्तेमाल की जा रही सामग्री की जांच जरूरी है।

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