TOP STORY बड़ी खबरें सरकारी योजना
BREAKING NEWS
खबरें लोड हो रही हैं...
Home उत्तर प्रदेश बस्ती छावनी पीएचसी में आरोग्य मेला:दोपहर तक 10 मरीज पहुंचे, जलजमाव और...

बस्ती छावनी पीएचसी में आरोग्य मेला:दोपहर तक 10 मरीज पहुंचे, जलजमाव और दूषित पानी की समस्या

छावनी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) पर रविवार को मुख्यमंत्री आरोग्य मेले का आयोजन किया गया। बदलते मौसम के बीच मेले में खांसी, सर्दी और बुखार से पीड़ित मरीज जांच कराने पहुंचे। मेडिकल ऑफिसर डॉ. अभय चौधरी ने मरीजों की जांच की। दोपहर तक कुल 10 मरीजों को देखा गया। वहीं, पीएचसी परिसर के सामने जलजमाव और हैंडपंप से दूषित पानी आने की समस्या भी बनी हुई है। दोपहर तक 10 मरीजों की हुई जांच आरोग्य मेले के दौरान पीएचसी पर मरीजों की जांच और उपचार किया गया। मेडिकल ऑफिसर डॉ. अभय चौधरी ने दोपहर तक पहुंचे 10 मरीजों की जांच की। मरीजों को उनकी बीमारी के अनुसार चिकित्सकीय परामर्श दिया गया। मौसम बदलने से खांसी-सर्दी के मरीज इन दिनों मौसम में बदलाव के कारण लोग सर्दी, खांसी और बुखार की चपेट में आ रहे हैं। रविवार को आयोजित आरोग्य मेले में भी इन समस्याओं से जुड़े मरीज अधिक पहुंचे। चिकित्सक ने मरीजों की जांच कर स्वास्थ्य संबंधी जरूरी सलाह दी। फार्मासिस्ट समेत स्वास्थ्यकर्मी रहे मौजूद मेले में फार्मासिस्ट शैलेंद्र शांडिल्य, एएनएम संजू सिंह और वार्ड बॉय बहादुर मौजूद रहे। स्वास्थ्यकर्मियों ने मेले के दौरान मरीजों की जांच और उपचार संबंधी व्यवस्थाओं में सहयोग किया। पीएचसी पर उपलब्ध स्वास्थ्य सेवाओं के तहत मरीजों को जरूरी परामर्श दिया गया। पीएचसी के सामने जलजमाव से परेशानी आरोग्य मेले के आयोजन के बीच पीएचसी परिसर के सामने जलजमाव की समस्या भी नजर आई। ग्रामीणों के मुताबिक बारिश के बाद यहां पानी जमा हो जाता है। इससे मरीजों और उनके साथ आने वाले लोगों को स्वास्थ्य केंद्र तक पहुंचने में परेशानी होती है। जल निकासी की व्यवस्था दुरुस्त कराने की जरूरत है। इंडिया मार्का हैंडपंप से आ रहा दूषित पानी ग्रामीणों ने पीएचसी परिसर में लगे इंडिया मार्का हैंडपंप से दूषित पानी आने की समस्या भी बताई। उनका कहना है कि स्वास्थ्य केंद्र में आने वाले मरीजों और तीमारदारों के लिए स्वच्छ पेयजल की व्यवस्था जरूरी है। ऐसे में हैंडपंप की जांच कराकर समस्या दूर कराने की मांग की गई है। प्रचार की कमी से सामान्य दिनों जैसा मेला ग्रामीणों का कहना है कि मुख्यमंत्री आरोग्य मेले का पर्याप्त प्रचार-प्रसार नहीं होने से बड़ी संख्या में लोगों को इसकी जानकारी नहीं मिल पाती। यही वजह है कि रविवार को आयोजित होने वाला आरोग्य मेला भी कई बार सामान्य दिनों की ओपीडी जैसा ही दिखाई देता है। ग्रामीणों ने मेले की जानकारी अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाने के लिए प्रचार-प्रसार बढ़ाने की मांग की है।

संबंधित खबरें
Posts by mntnewsbharat
@mntnewsbharat
Follow @mntnewsbharat