
महदेइया बाजार क्षेत्र में मिलाद का आयोजन अकीदत और उल्लास के साथ किया गया। इस कार्यक्रम में लोगों ने बड़ी संख्या में शिरकत की, जिसकी शुरुआत तिलावते कलाम पाक से हुई। इसके बाद नात-ए-पाक पेश की गई। वक्ताओं ने पैगंबर हजरत मुहम्मद की सीरत, उनके जीवन, आदर्शों और इंसानियत के प्रति उनके संदेश पर विस्तार से प्रकाश डाला। कार्यक्रम में मौलाना मुस्तकीम ने कहा कि पैगंबर हजरत मुहम्मद की जिंदगी पूरी इंसानियत के लिए रहमत, मोहब्बत, भाईचारे और नेक रास्ते की मिसाल है। उन्होंने जोर दिया कि हमें उनकी बताई हुई शिक्षाओं को अपनी जिंदगी में अपनाना चाहिए और समाज में आपसी प्रेम, सद्भाव व भाईचारे को मजबूत करना चाहिए। मौलाना ने लोगों से जरूरतमंदों की मदद करने, गरीबों और बेसहारा लोगों का ख्याल रखने तथा किसी के साथ भेदभाव न करने की अपील की। उन्होंने यह भी कहा कि सच्चा मिलाद वही है, जिसमें पैगंबर की सीरत को समझकर उनके बताए रास्ते पर चलने का संकल्प लिया जाए। कार्यक्रम के दौरान लोगों ने शांति और सौहार्द बनाए रखने का संदेश दिया। अंत में देश, प्रदेश और क्षेत्र में अमन-चैन, खुशहाली और भाईचारे के लिए विशेष दुआ की गई। स्थानीय लोगों और आयोजकों ने कार्यक्रम की व्यवस्था में सक्रिय सहयोग किया।



























