
बलरामपुर में कोतवाली जरवा पुलिस की साइबर हेल्पडेस्क टीम ने साइबर ठगी के एक पीड़ित को राहत दी है। साइबर ठगों ने पीड़ित के खाते से 8000 रुपये निकाल लिए थे, जिसे पुलिस ने तकनीकी जांच के बाद वापस उसके खाते में ट्रांसफर करा दिया। यह मामला बघेलखंड गांव का है। पीड़ित विश्वनाथ यादव ने पुलिस को बताया कि 14 अगस्त 2025 को एक अज्ञात साइबर ठग ने धोखाधड़ी कर उनके स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के खाते से 8000 रुपये निकाल लिए थे। घटना के तुरंत बाद पीड़ित ने साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल किया और नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल पर ऑनलाइन शिकायत दर्ज कराई। शिकायत की एकनॉलेजमेंट संख्या 33108250095064 है। शिकायत मिलते ही कोतवाली जरवा की साइबर हेल्पडेस्क टीम तुरंत हरकत में आई। टीम ने तकनीकी जांच शुरू की और ठगों के खातों का पता लगाया। जांच में सामने आया कि पीड़ित के खाते से निकाली गई पूरी रकम अभी भी आरोपी के खातों में ही थी। इस पर पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए 8000 रुपये की पूरी रकम को होल्ड करा दिया। इसके बाद पुलिस ने MRM के जरिए संबंधित बैंक के नोडल अधिकारी से संपर्क किया और कानूनी प्रक्रिया पूरी की। प्रक्रिया पूरी होते ही होल्ड की गई 8,000 रुपये की रकम पीड़ित विश्वनाथ यादव के खाते में वापस ट्रांसफर कर दी गई। रकम वापस मिलने पर पीड़ित ने पुलिस का धन्यवाद किया। इस कार्रवाई में थानाध्यक्ष योगेश प्रताप सिंह के नेतृत्व में उप निरीक्षक महेंद्र नाथ सिंह, कांस्टेबल मुकेश यादव, कांस्टेबल अखिलेश कुमार और महिला कांस्टेबल सूबी पटेल का अहम योगदान रहा। बलरामपुर पुलिस ने लोगों से अपील की है कि किसी भी साइबर धोखाधड़ी का शिकार होने पर घबराएं नहीं। तुरंत 1930 हेल्पलाइन पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज कराएं, ताकि समय रहते रकम को होल्ड कर वापस कराया जा सके।
































