बस्ती में साइबर क्राइम थाना पुलिस ने एक संदिग्ध बैंक खाते के जरिए बड़े पैमाने पर हुई साइबर ठगी का खुलासा किया है। इस मामले में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। एफआईआर 13 सितंबर 2026 को शाम 5.56 बजे दर्ज हुई थी। इसकी जांच निरीक्षक भगवान सिंह को सौंपी गई है। एफआईआर के मुताबिक, साइबर क्राइम थाने के प्रभारी निरीक्षक विजय नारायण मिश्रा ने संदिग्ध वित्तीय लेनदेन की जांच की। इसमें वाल्टरगंज थाना क्षेत्र के चद्रेश्वरी निवासी आदर्श नारायण गिरी के बैंक खाते की जानकारी जुटाई गई। जांच में पता चला कि इस खाते में कुल 76,52,690 रुपये जमा हुए थे, जबकि 42,38,640 रुपये निकाले गए। इस खाते की जानकारी एफआईयू-इंडिया को 30 नवंबर 2024 को रिपोर्ट की गई थी। पुलिस जांच में सामने आया कि इस खाते से जुड़े लेनदेन में अलग-अलग खातों से रकम आई और दूसरे खातों में भेजी गई। एनसीआरपी पोर्टल पर इस खाते से संबंधित 38 शिकायतें मिली हैं। इनमें दो शिकायतें निवेश के नाम पर लोगों से हुई ठगी से जुड़ी हैं। एफआईआर में पुलिस ने आशंका जताई है कि खाते के संचालन में ऑनलाइन और इंटरनेट बैंकिंग का इस्तेमाल हुआ। इसके जरिए लोगों से साइबर फ्रॉड किया गया। पुलिस अब खाते में रकम भेजने और पाने वाले अन्य लोगों की भूमिका की जांच कर रही है।




















