सुजीत कुमार | बलरामपुर4 घंटे पहले
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बलरामपुर – भारत-नेपाल अंतरराष्ट्रीय सीमा की सुरक्षा में किसी भी तरह की चूक बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सीमा पार आने-जाने वाले हर व्यक्ति, वाहन और मालवाहक की सघन जांच सुनिश्चित की जाए तथा अवैध गतिविधियों पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए पुलिस और सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) आपसी समन्वय के साथ सतर्कता बढ़ाएं। रविवार कोयलाबास बॉर्डर के आकस्मिक निरीक्षण के दौरान अपर पुलिस महानिदेशक (एडीजी), गोरखपुर जोन राम कुमार ने संबंधित अधिकारियों को ये सख्त निर्देश दिए।
दोपहर करीब 2:30 बजे थाना कोतवाली जरवा क्षेत्र के अंतर्गत भारत-नेपाल सीमा स्थित कोयलाबास बॉर्डर पर पहुंचे एडीजी के अचानक निरीक्षण से सीमा सुरक्षा व्यवस्था की सक्रियता परखने का अवसर मिला। उन्होंने सीमा पर तैनात एसएसबी के अधिकारियों के साथ सुरक्षा इंतजामों का बारीकी से जायजा लिया।

बैरियर और चेकिंग प्वाइंट की व्यवस्था देखने के साथ ही आवागमन रजिस्टर तथा निगरानी के लिए लगाए गए सीसीटीवी कैमरों की भी जांच की। निरीक्षण के दौरान उन्होंने सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत बनाने तथा हर स्तर पर सतर्कता बरतने पर जोर दिया।
सीमा सुरक्षा को लेकर एडीजी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि भारत-नेपाल सीमा से गुजरने वाले प्रत्येक व्यक्ति, वाहन और मालवाहक की शत-प्रतिशत चेकिंग की जाए। वैध पहचान पत्र के बिना किसी को सीमा पार न करने दिया जाए।जांच प्रक्रिया में लापरवाही की कोई गुंजाइश न रहे और संदिग्ध गतिविधियों पर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।

सीमा क्षेत्र से मादक पदार्थों,वन्यजीवों,लकड़ी,खाद्यान्न और अन्य प्रतिबंधित सामग्रियों की तस्करी रोकने के लिए एडीजी ने पुलिस और एसएसबी को संयुक्त पेट्रोलिंग बढ़ाने के निर्देश दिए।उन्होंने सीमा के संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखने और अवैध गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण के लिए दोनों सुरक्षा एजेंसियों के बीच बेहतर तालमेल बनाए रखने पर जोर दिया।
सीमा सुरक्षा को केवल बैरियर और चेकिंग तक सीमित न रखते हुए एडीजी ने सीमावर्ती गांवों में भी निगरानी तंत्र मजबूत करने के निर्देश दिए।इसके लिए ग्राम प्रधानों,चौकीदारों और ग्राम सुरक्षा समितियों से नियमित समन्वय स्थापित करने को कहा गया।किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या गतिविधि की जानकारी मिलते ही स्थानीय पुलिस को तत्काल सूचना देने की व्यवस्था प्रभावी बनाने पर जोर दिया गया,ताकि समय रहते आवश्यक कदम उठाए जा सकें।

रात्रिकालीन सुरक्षा व्यवस्था को महत्वपूर्ण बताते हुए एडीजी ने पुलिस और एसएसबी की संयुक्त गश्त बढ़ाने के निर्देश दिए। विशेष रूप से सीमा क्षेत्र की पगडंडियों और उन रास्तों पर सतर्क निगरानी रखने को कहा गया, जिनका इस्तेमाल अवैध गतिविधियों के लिए किए जाने की आशंका हो सकती है। निरीक्षण के दौरान एडीजी ने ड्यूटी पर तैनात पुलिस और एसएसबी के जवानों से बातचीत कर उनका उत्साहवर्धन किया। उन्होंने जवानों को पूरी मुस्तैदी, अनुशासन और सतर्कता के साथ अपने कर्तव्यों का निर्वहन करने के लिए प्रेरित किया। साथ ही सीमा की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए आपसी समन्वय के साथ काम करने पर बल दिया। इस अवसर पर क्षेत्राधिकारी तुलसीपुर अभय प्रताप मल्ल, प्रभारी थाना कोतवाली जरवा योगेश प्रताप सिंह सहित पुलिस एवं एसएसबी के अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
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