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बस्ती में सोशल ऑडिट कर्मचारियों ने सौंपा ज्ञापन:20 दिन में मांगें पूरी न होने पर आंदोलन की चेतावनी, 12 अक्टूबर से काली पट्टी बांधकर कर रहे काम

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बस्ती में सोशल ऑडिट कर्मचारियों ने सौंपा ज्ञापन:20 दिन में मांगें पूरी न होने पर आंदोलन की चेतावनी, 12 अक्टूबर से काली पट्टी बांधकर कर रहे काम

बस्ती में सोशल ऑडिट वेलफेयर एसोसिएशन के कर्मचारियों ने गुरुवार को जिला विकास अधिकारी को ज्ञापन सौंपकर अपनी समस्याओं के समाधान की मांग की। कर्मचारियों ने चेतावनी दी कि 20 दिन के भीतर मांगें पूरी नहीं हुईं तो शांतिपूर्ण धरना, घेराव और रैली के माध्यम से आंदोलन किया जाएगा। कर्मचारियों का कहना है कि वे कई वर्षों से कम मानदेय पर काम कर रहे हैं, लेकिन उनकी समस्याओं पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। एसोसिएशन के संयोजक राम प्रकाश ने बताया कि कर्मचारी लंबे समय से अपनी मांगों को लेकर आवाज उठा रहे हैं। इसके बावजूद सरकार और अधिकारियों की ओर से समस्याओं का समाधान नहीं किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि 12 अक्टूबर से कर्मचारी काली पट्टी बांधकर काम कर रहे हैं। अब ज्ञापन देकर मांगों के निस्तारण के लिए 20 दिन का समय दिया गया है। रुका मानदेय और अन्य भुगतान जल्द जारी करने की मांग ज्ञापन में जिला और ब्लॉक सोशल ऑडिट कोऑर्डिनेटरों के रुके हुए मानदेय, व्यावसायिक शुल्क और अन्य लंबित भुगतानों का तत्काल निस्तारण करने की मांग की गई। संगठन ने जिला सोशल ऑडिट कोऑर्डिनेटर का मानदेय 50 हजार रुपये और ब्लॉक कोऑर्डिनेटर का मानदेय 40 हजार रुपये प्रतिमाह करने की मांग रखी। इसके अलावा बीआरपी और वीआरपी के मानदेय में भी बढ़ोतरी की मांग की गई। 16 साल से काम कर रहे कर्मचारियों के मानदेय में बढ़ोतरी की मांग एसोसिएशन के वरिष्ठ मंत्री श्रवण कुमार दूबे और कोषाध्यक्ष दिनेश लाल श्रीवास्तव ने कहा कि कर्मचारी करीब 16 वर्षों से काम कर रहे हैं। महंगाई को देखते हुए उनके मानदेय में बढ़ोतरी की जानी चाहिए। उन्होंने ग्रामीण क्षेत्रों में फील्ड कार्य की जरूरतों को देखते हुए यात्रा भत्ता और दैनिक भत्ता बढ़ाने की मांग भी की। लैपटॉप, इंटरनेट और अन्य संसाधन उपलब्ध कराने की मांग कर्मचारियों ने कार्य को सुचारु रूप से संचालित करने के लिए लैपटॉप, एंड्रॉयड डिवाइस, इंटरनेट और मिनी लाउडस्पीकर उपलब्ध कराने की मांग की। उनका कहना है कि इन संसाधनों से ग्रामीण क्षेत्रों में सोशल ऑडिट का काम करने में सुविधा मिलेगी और कार्य की गुणवत्ता बेहतर होगी। ज्ञापन सौंपने के दौरान मौजूद रहे कर्मचारी इस दौरान श्रीकान्त तिवारी, मधुबाला, सुधारानी, कुन्तेश वर्मा, वंदना शुक्ला, प्रेम प्रकाश, दिनेश कुमार, राजकुमार, त्रिलोकीनाथ, अमरनाथ, सुन्दरी, फूल कुमारी, विद्या वर्मा और विजय मिश्र सहित कई कर्मचारी मौजूद रहे। संगठन ने स्पष्ट किया कि निर्धारित समय में मांगों पर कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को आगे बढ़ाया जाएगा।

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