सोनौली में नेपाल में आई बाढ़ और भूस्खलन के कारण काठमांडू, पोखरा समेत कई मुख्य मार्गों पर यातायात पर असर पड़ा है। इससे भारत-नेपाल सीमा पर मालवाहक वाहनों का दबाव कम हुआ है। शुक्रवार सुबह सोनौली सीमा पर वाहनों की करीब 12 किलोमीटर लंबी कतार घटकर नौ किलोमीटर हो गई। बुधवार रात और गुरुवार रात भैरहवा कस्टम कार्यालय को रात एक बजे तक खोला गया। इससे कुल 516 मालवाहक वाहन नेपाल के लिए रवाना हुए। इस निकासी के कारण ही शुक्रवार को कतार में तीन किलोमीटर की कमी आई है। नेपाल में बाढ़ के चलते त्रिशूली और भोटेकोशी नदी के इलाकों में सड़क और पुल टूट गए हैं। इससे काठमांडू और पोखरा की ओर मालवाहक वाहनों की आवाजाही पर असर पड़ा था। कई दिनों से सीमा पर फंसे चालकों को इससे राहत मिली है। आंकड़ों के मुताबिक, छह सितंबर को 168, सात सितंबर को 246 और आठ सितंबर को 316 मालवाहक वाहन नेपाल पहुंचे थे। कस्टम अधीक्षक संजय मिश्रा ने बताया कि कस्टम कार्यालय के अतिरिक्त समय तक खुले रहने से वाहनों की निकासी में मदद मिली और दबाव कम हुआ है।
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