वाशिंगटन। अमेरिकी जांच एजेंसी फेडरल ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन (एफबीआई) ने भारतीय मूल के कुख्यात अपराधी (गैंगस्टर) सतिंदरजीत सिंह उर्फ गोल्डी बराड़ पर शिकंजा कसा है। एफबीआई ने गोल्डी को अपनी दस सर्वाधिक वांछित भगोड़ों (टॉप 10 मोस्ट वांटेड भगोड़ों) की सूची में शामिल करते हुए 10 करोड़ रुपये (10 लाख डॉलर) का इनाम घोषित किया है।
एफबीआई ने अपनी वेबसाइट के अलावा एक्स हैंडल पर सोमवार को यह जानकारी साझा की। इसमें कहा गया कि उसकी गिरफ्तारी या सुराग देने वाले को इनाम की यह राशि प्रदान की जाएगी। एफबीआई के अनुसार, गोल्डी बराड़ उत्तरी अमेरिका के संगठित अपराधी समूह के सरगना लॉरेंस बिश्नोई के इशारे पर अपराधों को अंजाम देता है।
अमेरिकी जांच एजेंसी के अनुसार, यह गिरोह दक्षिणी कैलिफोर्निया के साथ-साथ पूरे अमेरिका और कनाडा में टारगेटेड किलिंग, राजनीतिक व धार्मिक हस्तियों पर हमलों, गोलीबारी, अपहरण, रंगदारी और मादक पदार्थों तथा हथियारों की तस्करी जैसे कई गंभीर अपराधों में शामिल है। कैलिफोर्निया की सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट संघीय अदालत ने पहली जुलाई को सतिंदरजीत सिंह के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया है।
उल्लेखनीय है कि पंजाब के श्री मुक्तसर साहिब का रहने वाला गोल्डी बराड़ प्रसिद्ध पंजाबी गायक सिद्धू मूसेवाला की हत्या के बाद सबसे ज्यादा चर्चा में रहा है। इस हत्याकांड की वह जिम्मेदारी ले चुका है। गोल्डी पर 2023 में कनाडा में खालिस्तानी आतंकी हरदीप सिंह निज्जर की हत्या कराने का भी आरोप है।
कहा जाता है कि पुलिसकर्मी का बेटा गोल्डी बराड़ अपने चचेरे भाई गुरलाल बराड़ की हत्या का बदला लेने के लिए अपराध की दुनिया में उतरा। इसके बाद उसने गुरलाल की हत्या के आरोपित पहलवान की हत्या करवाई और फिर लॉरेंस बिश्नोई तथा जग्गू भगवानपुरिया के संपर्क में आया। भारत का
गृह मंत्रालय उसे आतंकी घोषित कर चुक है। कहा जाता है कि गोल्डी वर्तमान में कनाडा के ब्रैम्पटन में रहकर बब्बर खालसा जैसे आतंकी संगठनों की मदद से आपराधिक गतिविधियों में लिप्त है।











































