PM Fasal Bima Yojana 2026-27: रबी सीजन 2026-27 की बुवाई शुरू हो चुकी है, और अब किसानों के सामने फसल बीमा कराने का सवाल है। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना (PMFBY) सूखा, बाढ़, ओलावृष्टि, कीट-रोग और कुछ दूसरे निर्धारित जोखिमों से फसल को हुए नुकसान पर बीमा सुरक्षा देती है। किसान को सिर्फ प्रीमियम का एक छोटा हिस्सा देना होता है, बाकी हिस्सा केंद्र और राज्य सरकार देती हैं।
कुछ वेबसाइटों पर लिखा है कि रबी 2026-27 का आवेदन 15 नवंबर 2026 से शुरू होकर 15 जनवरी 2027 तक चलेगा। मुझे इन तारीखों की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं मिली। कई रिपोर्टों में रबी की सामान्य अंतिम तारीख 31 दिसंबर बताई गई है, पर यह राज्य, जिले और फसल के हिसाब से बदलती है। इसलिए 15 जनवरी को आधार मानकर चलना जोखिम भरा हो सकता है।
इस साल खरीफ 2026 से कुछ नए नियम भी जुड़े हैं, जैसे जंगली जानवरों से नुकसान का कवर और नुकसान की सूचना के लिए 72 घंटे की सीमा। इन्हें समझना जरूरी है।
सीधा जवाब
रबी 2026-27 के लिए कोई एक राष्ट्रीय आधिकारिक तारीख मुझे नहीं मिली। रिपोर्टों के अनुसार आमतौर पर रबी का नामांकन अक्टूबर-नवंबर में शुरू होता है और 31 दिसंबर के आसपास बंद होता है, लेकिन असली तारीख आपके राज्य की अधिसूचना में होगी। किसान का प्रीमियम रबी की खाद्यान्न और तिलहन फसलों पर अधिकतम 1.5% है।
सबसे पहले जांचें
PMFBY में हर फसल और हर गांव अपने आप शामिल नहीं होता। आपका गांव या बीमा इकाई और आपकी फसल, दोनों उस सीजन की राज्य अधिसूचना में होनी चाहिए। वरना प्रीमियम देने के बाद भी क्लेम नहीं मिलेगा। अधिसूचना pmfby.gov.in, राज्य के कृषि विभाग, बैंक या CSC से देखी जा सकती है।
कितना प्रीमियम देना होगा
| सीजन | फसल की श्रेणी | किसान का अधिकतम प्रीमियम |
|---|---|---|
| खरीफ | खाद्यान्न और तिलहन | 2% |
| रबी | खाद्यान्न और तिलहन | 1.5% |
| खरीफ/रबी | वार्षिक वाणिज्यिक और बागवानी | 5% |
उदाहरण (सिर्फ गणना समझाने के लिए): अगर किसी जिले में गेहूं की बीमित राशि ₹50,000 प्रति हेक्टेयर तय हो, तो 1.5% के हिसाब से किसान को ₹750 प्रति हेक्टेयर प्रीमियम देना होगा। यह कोई सरकारी आंकड़ा नहीं है। वास्तविक बीमित राशि राज्य और जिले की अधिसूचना से तय होती है, और पोर्टल का प्रीमियम कैलकुलेटर इसे दिखाता है।
2026 में क्या बदला
18 नवंबर 2025 को कृषि मंत्रालय ने बताया कि खरीफ 2026 से जंगली जानवरों के हमले से फसल नुकसान को स्थानीय जोखिमों में पांचवें ऐड-ऑन कवर के रूप में शामिल किया जाएगा, और धान के जलमग्न होने (inundation) का कवर फिर से शुरू होगा। राज्य सरकारें तय करेंगी कि कौन से जानवर और कौन से जिले इसमें आएंगे। इसका मतलब है कि यह कवर हर जगह लागू नहीं होगा। धान का कवर मुख्य रूप से धान उगाने वाले किसानों के लिए है, इसलिए रबी में इसका असर सीमित रहेगा।
सबसे जरूरी बदलाव यह है कि इन नुकसानों की सूचना किसानों को 72 घंटे के भीतर क्रॉप इंश्योरेंस ऐप पर जियो-टैग फोटो के साथ देनी होगी।
योजना की मौजूदा स्थिति
केंद्रीय कैबिनेट ने 1 जनवरी 2025 को PMFBY को 2025-26 तक जारी रखने और ₹69,515.71 करोड़ के कुल खर्च को मंजूरी दी थी। 2026-27 के बाद की अवधि के लिए मुझे केंद्र की कोई अलग मंजूरी नहीं मिली। खरीफ 2026 में नामांकन चला और नए नियम भी इसी सीजन से लागू हुए, इसलिए योजना चल रही है। फिर भी रबी 2026-27 की शर्तें राज्य की अधिसूचना से पुष्ट करें।
राज्यों के अंतर: एक उदाहरण
मध्य प्रदेश कैबिनेट ने 20 मई 2026 को 2026-27 से 2030-31 तक PMFBY जारी रखने के लिए ₹11,608.47 करोड़ मंजूर किए। साथ ही राज्य ने तय किया कि किसी सीजन में पात्र किसान का क्लेम ₹1,000 से कम बने तो राज्य सरकार बाकी राशि देकर न्यूनतम ₹1,000 सुनिश्चित करेगी। यह मध्य प्रदेश का नियम है, बाकी राज्यों पर लागू नहीं होता।
पात्रता
- जिस फसल का बीमा कराना है, उस जमीन और फसल से किसान का बीमा योग्य हित होना चाहिए
- पात्र किरायेदार और बटाईदार किसान भी वैध प्रमाण के साथ शामिल हो सकते हैं
- फसल और क्षेत्र उस सीजन में अधिसूचित हों
- आवेदन में नाम, जमीन, फसल, क्षेत्रफल और बैंक की जानकारी सही हो
रिपोर्टों के अनुसार 2020 से PMFBY में भागीदारी सभी किसानों के लिए स्वैच्छिक है। केसीसी (KCC) लोन वाले किसानों का प्रीमियम बैंक काटता है। अगर आप बीमा नहीं चाहते तो कट-ऑफ तारीख से पहले बैंक को लिखित जानकारी देनी होती है। इसकी समय-सीमा बैंक से पूछ लें।
जरूरी दस्तावेज
- आधार या पहचान का विवरण
- मोबाइल नंबर
- बैंक पासबुक और IFSC
- जमीन के कागज (खसरा, खतौनी आदि) या किरायेदारी का प्रमाण
- बोई गई फसल और क्षेत्रफल की जानकारी, कुछ राज्यों में बुवाई प्रमाण पत्र
राज्य के हिसाब से अन्य दस्तावेज मांगे जा सकते हैं। हरियाणा जैसे कुछ राज्यों में रजिस्ट्रेशन का प्रमाण (मेरी फसल मेरा ब्योरा) भी लिया जाता है।
ऑनलाइन आवेदन कैसे करें
- pmfby.gov.in खोलें और “Farmer Corner” में जाएं।
- नए किसान हैं तो रजिस्ट्रेशन पूरा करें।
- मोबाइल, राज्य, जिला, तहसील और गांव की जानकारी दर्ज करें।
- बैंक खाता और IFSC सावधानी से भरें।
- जमीन, फसल और क्षेत्रफल की जानकारी भरें, और जिस फसल का बीमा कराना है उसे चुनें।
- प्रीमियम की रकम देखें और जमा करें।
- आवेदन सबमिट करके रसीद या आवेदन संख्या सुरक्षित रखें।
आप बैंक शाखा, CSC या बीमा कंपनी के अधिकृत प्रतिनिधि के जरिए भी आवेदन कर सकते हैं। कुछ राज्यों में नामांकन की प्रक्रिया राज्य के अपने पोर्टल से भी होती है।
फसल खराब हो तो क्या करें
- नुकसान होते ही 72 घंटे के भीतर सूचना दें, खासकर स्थानीय आपदाओं (ओलावृष्टि, जलभराव, जंगली जानवर आदि) के मामले में। ऐप से जियो-टैग फोटो के साथ सूचना देना आधिकारिक तरीका बताया गया है।
- अपनी पॉलिसी या आवेदन संख्या हाथ में रखें।
- ऐप न चले तो बैंक, कृषि विभाग या बीमा कंपनी के हेल्पलाइन पर तुरंत संपर्क करें। पोर्टल पर PMFBY की हेल्पलाइन 14447 बताई जाती है। इसे पोर्टल पर ही मिला लें।
- नुकसान के आकलन के बाद क्लेम की प्रक्रिया चलती है। क्लेम की कोई एक तय तारीख सब किसानों के लिए नहीं होती।
आवेदन का स्टेटस कैसे देखें
PMFBY में परीक्षा की तरह रिजल्ट नहीं आता। पोर्टल पर “Application Status” से आवेदन की स्थिति देखी जा सकती है। इसके लिए आवेदन संख्या या मांगी गई जानकारी तैयार रखें। समस्या हो तो बैंक, CSC या कृषि विभाग से संपर्क करें।
आम गलतियां
- अधिसूचना देखे बिना आवेदन करना, जबकि गांव या फसल अधिसूचित न हो
- नाम, खसरा, क्षेत्रफल या बैंक खाते में गलती करना
- असली बोई फसल से अलग फसल दर्ज करना
- अंतिम तारीख के आखिरी दिनों में आवेदन करना
- नुकसान होने पर 72 घंटे की सूचना की समय-सीमा चूक जाना
- 15 जनवरी जैसी अपुष्ट तारीख पर भरोसा करना
अभी क्या करें
- राज्य कृषि विभाग या pmfby.gov.in पर रबी 2026-27 की अधिसूचना देखें।
- अपनी फसल की अंतिम तारीख नोट करें और उससे पहले आवेदन करें।
- जमीन के कागज, बैंक पासबुक और आधार तैयार रखें।
- फोन में क्रॉप इंश्योरेंस ऐप पहले से डाउनलोड कर लें।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
1. रबी 2026-27 की अंतिम तारीख क्या है?
रिपोर्टों में आमतौर पर 31 दिसंबर बताई गई है, पर यह राज्य और फसल के हिसाब से अलग हो सकती है। 15 नवंबर से 15 जनवरी वाली तारीखों की मैं आधिकारिक पुष्टि नहीं कर पाया।
2. रबी में किसान को कितना प्रीमियम देना होगा?
खाद्यान्न और तिलहन पर अधिकतम 1.5%, और वार्षिक वाणिज्यिक या बागवानी फसलों पर 5%।
3. क्या बीमा कराना जरूरी है?
रिपोर्टों के अनुसार भागीदारी स्वैच्छिक है। लोन वाले किसान कट-ऑफ से पहले बैंक के माध्यम से बाहर हो सकते हैं।
4. क्या किरायेदार किसान बीमा करा सकते हैं?
हां, वैध प्रमाण के साथ और अधिसूचना की शर्तों के अनुसार।
5. जंगली जानवरों से नुकसान का कवर हर जगह मिलेगा?
नहीं। राज्य सरकारें जानवरों और संवेदनशील जिलों की सूची अधिसूचित करती हैं।
6. नुकसान की सूचना कब तक देनी होती है?
आधिकारिक घोषणा के अनुसार नए जोखिमों के लिए 72 घंटे के भीतर, ऐप पर जियो-टैग फोटो के साथ।
7. क्लेम कब मिलेगा?
कोई एक तय तारीख नहीं है। यह नुकसान के प्रकार, आकलन और सत्यापन पर निर्भर करती है।
रबी 2026-27 के लिए PMFBY में आवेदन की कोई पुष्ट राष्ट्रीय तारीख मुझे नहीं मिली। आम तौर पर 31 दिसंबर अंतिम तारीख बताई जाती है, पर अपने राज्य की अधिसूचना से इसकी पुष्टि जरूर करें। फसल और गांव का अधिसूचित होना, जानकारी का सही भरा होना और नुकसान की सूचना समय पर देना, इन तीन बातों पर आपका क्लेम सबसे ज्यादा निर्भर करता है।
सत्यापन के लिए इस्तेमाल किए गए स्रोत (जांच की तारीख: 1 अक्टूबर 2026)
- PIB, कैबिनेट फैसला: PMFBY और RWBCIS 2025-26 तक जारी (1 जनवरी 2025): https://www.pib.gov.in/PressReleasePage.aspx?PRID=2089249®=48&lang=2
- न्यूज़ ऑन एयर (आकाशवाणी), “Crop loss due to Wild Animal Attacks and Paddy Inundation to be covered” (18 नवंबर 2025): https://www.newsonair.gov.in/wild-animal-attacks-paddy-inundation-to-be-covered-under-pmfby-from-kharif-2026/
- न्यूज़ ऑन एयर, कैबिनेट फैसला (1 जनवरी 2025): https://www.newsonair.gov.in/cabinet-approves-continuation-of-pm-fasal-bima-yojana-weather-crop-insurance-scheme
- ANI, मध्य प्रदेश कैबिनेट का PMFBY फैसला (20 मई 2026): https://aninews.in/news/national/general-news/mp-cabinet-approves-rs-30055-crore-for-development-works-farmers-public-welfare20260520205831/
- रबी की 31 दिसंबर की सामान्य अंतिम तारीख और स्वैच्छिक नामांकन (गैर-सरकारी रिपोर्टें): https://sarkariyojana.com/pradhan-mantri-fasal-bima-yojana/ और https://agribegri.com/blog/pradhan-mantri-fasal-bima-yojana-pmfby
ध्यान दें: मैं pmfby.gov.in के लाइव पेज और रबी 2026-27 की राज्यवार अधिसूचनाएं नहीं देख पाया। प्रीमियम दरें और आवेदन के चरण योजना की सामान्य जानकारी पर आधारित हैं। रबी की अंतिम तारीख के लिए मेरे पास केवल गैर-सरकारी रिपोर्टें हैं, इसलिए उसे अपने राज्य की अधिसूचना से जरूर मिलाएं। हेल्पलाइन नंबर भी पोर्टल पर देख लें।
Disclaimer
यह लेख केवल सामान्य जानकारी के उद्देश्य से है और यह किसी सरकारी वेबसाइट या बीमा कंपनी का हिस्सा नहीं है। इसमें दी गई जानकारी 1 अक्टूबर 2026 तक उपलब्ध सरकारी विज्ञप्तियों और मीडिया रिपोर्टों पर आधारित है। फसल बीमा की अंतिम तारीख, प्रीमियम, अधिसूचित फसलें और क्लेम के नियम राज्य और सीजन के अनुसार बदलते हैं, इसलिए आवेदन से पहले pmfby.gov.in या अपने राज्य के कृषि विभाग से पुष्टि कर लें। बीमा के नाम पर पैसे मांगने वाले किसी एजेंट या अनजान लिंक पर भरोसा न करें, और अपनी जानकारी केवल आधिकारिक पोर्टल, बैंक या CSC पर ही दें।












































