
बहराइच में पंचायत विकास मंच, उत्तर प्रदेश ने नौ सूत्रीय मांगों को लेकर आर-पार के आंदोलन का ऐलान किया है। मंच के संयोजक सूरज शुक्ला के नेतृत्व में आज सुबह 10 बजे से बहराइच जिला मुख्यालय पर अनिश्चितकालीन धरना शुरू हो गया है। यह धरना ग्राम पंचायतों की रुकी हुई समस्याओं और ग्राम प्रधानों व पंचायत प्रतिनिधियों की मांगों को लेकर है। मंच की मुख्य मांगों में 2024 से रुके मनरेगा भुगतान का तुरंत समाधान शामिल है। इसके साथ ही VB-G RAM G की तकनीकी दिक्कतें दूर करने, विकास कार्यों की फाइलों को तय समय में मंजूरी देने और ग्राम पंचायतों को VB-G RAM G में डोंगल का अधिकार देने की मांग की गई है। प्रशासक के कार्यकाल में ग्राम प्रधानों का मानदेय जारी रखने की मांग भी इसमें शामिल है। मंच ने प्रधानों के लिए अच्छा मानदेय, भत्ते और पेंशन की भी मांग की है। पंचायत प्रतिनिधियों और उनके परिवार के सदस्यों को कैशलेस इलाज की सुविधा देने की बात कही गई है। इसके अलावा, योग्य प्रतिनिधियों के शस्त्र लाइसेंस आवेदनों को नियम के हिसाब से जल्दी निपटाने और ग्राम पंचायतों में फालतू की दोहरी जांच व्यवस्था खत्म करने की मांग भी उठाई जाएगी। संयोजक सूरज शुक्ला और सह-संयोजक डॉ. श्याम चौधरी ने बताया कि ग्राम पंचायतें ग्रामीण विकास की पहली सीढ़ी हैं। उन्होंने कहा कि भुगतान और प्रशासनिक कामों में बेवजह की देरी से विकास कार्य रुक रहे हैं। मंच ने सरकार और प्रशासन से सभी मांगों पर तय समय में कार्रवाई करने और पक्का व संतोषजनक लिखित भरोसा देने की मांग की है। मंच ने साफ किया है कि यह आंदोलन पूरी तरह शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक रहेगा। उन्होंने कहा कि जब तक लिखित आश्वासन नहीं मिलता, तब तक धरना खत्म नहीं किया जाएगा।





































