गौर ब्लॉक में शुक्रवार को आयोजित कार्यक्रम में क्षेत्र की 28 ग्राम पंचायतों को टीबी-मुक्त घोषित किया गया। इस उपलब्धि के लिए संबंधित ग्राम पंचायतों के प्रधानों को सम्मानित किया गया। टीबी उन्मूलन अभियान में बेहतर काम करने वाले प्रधानों को प्रमाणपत्र के साथ कांस्य और रजत प्रतिमाएं देकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में ग्राम स्तर पर टीबी के प्रति जागरूकता बढ़ाने, संभावित मरीजों की पहचान करने और उन्हें जांच व इलाज से जोड़ने के प्रयासों की सराहना की गई। 28 ग्राम पंचायतों को मिली टीबी-मुक्त की पहचान कार्यक्रम में गौर ब्लॉक की 28 ग्राम पंचायतों को टीबी-मुक्त घोषित किए जाने को क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया गया। इस दौरान संबंधित ग्राम प्रधानों को सम्मानित कर उनके प्रयासों की सराहना की गई। वक्ताओं ने कहा कि टीबी के खिलाफ अभियान को गांवों तक प्रभावी तरीके से पहुंचाना जरूरी है। प्रधानों को प्रमाणपत्र और प्रतिमाएं देकर सम्मान टीबी उन्मूलन अभियान में बेहतर भूमिका निभाने वाले ग्राम प्रधानों को प्रमाणपत्र दिए गए। इसके साथ ही उन्हें कांस्य और रजत प्रतिमाएं देकर सम्मानित किया गया। सम्मान मिलने पर प्रधानों ने भी टीबी उन्मूलन के लिए आगे लगातार काम करने का भरोसा दिलाया। गांव में मरीजों की पहचान पर रहा जोर अभियान के तहत ग्राम स्तर पर टीबी के प्रति लोगों को जागरूक करने के साथ संभावित मरीजों की पहचान और उन्हें इलाज से जोड़ने के प्रयास किए गए। कार्यक्रम में कहा गया कि बीमारी की समय पर पहचान और नियमित उपचार से टीबी को नियंत्रित करने में मदद मिलती है। जरूरतमंद लोगों तक जांच और इलाज की सुविधा पहुंचाना अभियान की अहम कड़ी है। स्वास्थ्यकर्मियों और जनप्रतिनिधियों की भूमिका सराही कार्यक्रम में टीबी उन्मूलन अभियान को सफल बनाने में सहयोग करने वाले जनप्रतिनिधियों और स्वास्थ्यकर्मियों की भूमिका की भी सराहना की गई। वक्ताओं ने कहा कि टीबी को खत्म करने की जिम्मेदारी केवल स्वास्थ्य विभाग की नहीं है। ग्राम पंचायतों, जनप्रतिनिधियों और आम लोगों की सक्रिय भागीदारी से ही अभियान को लक्ष्य तक पहुंचाया जा सकता है। जागरूकता अभियान लगातार चलाने का संकल्प कार्यक्रम में मौजूद लोगों ने टीबी-मुक्त समाज बनाने के लिए लगातार जागरूकता अभियान चलाने का संकल्प लिया। लोगों को बीमारी के लक्षणों के प्रति जागरूक करने और जरूरतमंद लोगों को समय पर जांच व उपचार उपलब्ध कराने पर जोर दिया गया। साथ ही गांवों में टीबी को लेकर किसी तरह की लापरवाही न बरतने की अपील की गई। आगे भी जारी रहेगा टीबी उन्मूलन का प्रयास सम्मानित ग्राम प्रधानों और स्वास्थ्यकर्मियों ने टीबी उन्मूलन के लक्ष्य को हासिल करने के लिए आगे भी पूरी लगन से काम करने की बात कही। उन्होंने गांव स्तर पर जागरूकता बढ़ाने और जरूरतमंद मरीजों को उपचार से जोड़ने के प्रयास जारी रखने का भरोसा दिलाया। गौर ब्लॉक की 28 ग्राम पंचायतों का टीबी-मुक्त घोषित होना क्षेत्र के लिए अहम उपलब्धि के रूप में सामने आया।
टीबी मुक्त गांवों के प्रधान और प्रधान प्रतिनिधि सम्मानित:गौर ब्लॉक में...
बस्ती जिले के कप्तानगंज विधानसभा क्षेत्र के गौर ब्लॉक में टीबी मुक्त गांवों के ग्राम प्रधानों और प्रधान प्रतिनिधियों को सम्मानित किया गया। इस...





































