
बहराइच के बेहटा भया निवासी 22 वर्षीय जितेंद्र यादव की महाराष्ट्र के सतारा जिले में ट्रेन हादसे में मौत हो गई। जितेंद्र गोवा में चना बेचकर परिवार का गुजारा करते थे। बुधवार शाम करीब 7 बजे तारगांव स्टेशन के पास हुए हादसे में उनका हाथ कटकर अलग हो गया और मौके पर ही मौत हो गई। जितेंद्र के साथ काम करने वाले साथियों ने हादसे की जानकारी फोन पर परिजनों को दी। सतारा अस्पताल में पोस्टमार्टम के बाद गुरुवार सुबह एंबुलेंस से शव बहराइच के लिए रवाना किया गया। एंबुलेंस चालक सचिन और गौरव ने करीब 35 घंटे लगातार गाड़ी चलाकर 1847 किलोमीटर का सफर तय किया। शुक्रवार देर शाम शव रामगांव थाना क्षेत्र के बेहटा भया गांव पहुंचा। शव पहुंचने से पहले ही परिवार ने अंतिम संस्कार की तैयारी पूरी कर ली थी। शव घर पहुंचते ही परिवार में चीख-पुकार मच गई। बेटे का शव देखकर पिता परिक्रमा यादव भावुक हो गए। परिजनों ने उन्हें संभाला। जितेंद्र तीन भाइयों में दूसरे नंबर पर थे। उनकी मौत से परिवार में मातम पसरा है। घटना की जानकारी मिलने पर सपा नेता देवेश चंद्र मिश्र ‘मंजनू’ और विश्व ब्राह्मण कल्याण परिषद के जिलाध्यक्ष पं. पुंडरीक पाण्डेय भी परिवार से मिलने पहुंचे। दोनों ने जितेंद्र के पिता और परिजनों को सांत्वना दी।
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