इकौना में कजरी तीज के मौके पर रविवार को बड़ी संख्या में कांवड़ियों ने ऐतिहासिक सीताद्वार झील से पवित्र जल भरा। भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक करने के लिए सुबह से ही कांवड़ियों का आना शुरू हो गया था। श्रद्धालुओं ने पूजा-पाठ के बाद अपने पात्रों में जल भरा। ढोल-मंजीरों की धुन और ‘बम-बम भोले’ के जयकारों के साथ कांवड़िए उत्साह से जल लेकर निकले। कांवड़ियों का यह जत्था सोमवार को गोंडा जिले के खरगूपुर में स्थित प्रसिद्ध पृथ्वीनाथ महादेव मंदिर पहुंचेगा। यहां कजरी तीज पर भगवान शिव का जलाभिषेक किया जाएगा। सीताद्वार मंदिर के पुजारी संतोष दास तिवारी ने बताया कि हर साल करीब एक हजार श्रद्धालु सीताद्वार झील से कांवड़ के लिए जल भरकर ले जाते हैं। इस परंपरा को लेकर श्रद्धालुओं में काफी उत्साह रहता है। कांवड़ियों की भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए थे। झील परिसर में पुलिसकर्मी तैनात किए गए थे, जो श्रद्धालुओं के आने-जाने और सुरक्षा पर नजर रख रहे थे। पूरे इलाके में धार्मिक उत्साह का माहौल बना रहा।
कजरी तीज पर राप्ती नदी से जल भरकर निकले कांवड़िए:श्रावस्ती में...
कजरी तीज के मौके पर श्रावस्ती जिला शिवभक्ति में डूब गया है। सुहाग और श्रृंगार के इस पर्व पर जिले के मंदिरों में सुबह...







































